सपा सांसद ने नोटिस फाड़कर पुलिस पर फेंका:भड़के रामजी सुमन बोले-पार्टी बंद कर दूं क्या? मथुरा जाने से पहले हाउस अरेस्ट

राणा सांगा को गद्दार कहने वाले सपा सांसद रामजीलाल सुमन ने आगरा पुलिस पर नोटिस फाड़कर फेंक दिया। गुस्से में उन्होंने पुलिस से कहा- पार्टी बंद कर दूं क्या? सरकार हमारी सुरक्षा की चिंता न करे। मैं लिखित में देने को तैयार हूं कि अगर मेरे साथ कोई घटना होती है तो उसकी जिम्मेदारी मेरी होगी। दरअसल, सपा सांसद आगरा से मथुरा जाना चाहते थे। वह मथुरा में उस दलित परिवार से मिलने जाने वाले थे, जिसके बेटे की 22 मई को बारात नहीं चढ़ने दी गई थी। यह जानकारी मिलते ही पुलिस ने उन्हें हाउस अरेस्ट कर लिया। घर के बाहर बैरिकेडिंग कर दी। इसके बाद जब सपा सांसद समर्थकों के साथ घर से बाहर निकले तो पुलिस ने उन्हें वहीं रोक दिया। इस दौरान उनकी पुलिसकर्मियों से तीखी नोकझोंक हुई। पुलिस ने उन्हें घर से बाहर न जाने का नोटिस थमाया, जिससे नाराज होकर सांसद ने नोटिस फाड़कर पुलिस पर फेंक दिया। हालांकि, पुलिस ने उन्हें मथुरा नहीं जाने दिया। काफी समझाने के बाद सांसद वापस घर के अंदर गए। ACP सदर सुकन्या शर्मा ने कहा- सपा सांसद की सुरक्षा के चलते यह फैसला लिया गया। इससे पहले 2 मई को भी सपा सांसद को पुलिस ने हाउस अरेस्ट किया था। पुलिस मुझे हर दिन रोकती है, पार्टी अध्यक्ष को क्या जवाब दूंगा
सपा सांसद ने कहा- पुलिस मुझ पर हमला करने वालों पर कोई कार्रवाई नहीं कर रही, उल्टा रोज-रोज सुरक्षा का हवाला देकर मुझे कहीं जाने से रोका जा रहा है। मैं एक राजनीतिक पार्टी का पदाधिकारी हूं। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने मुझे जिम्मेदारी दी है। ऐसे में मैं उन्हें क्या जवाब दूंगा कि मुझे घर में बैठा दिया गया है? मुझे मेरी सामाजिक जिम्मेदारियों का निर्वहन करने से रोका जा रहा है। हर बार मुझे ही रोक दिया जाता है। सांसद बोले – देखी आपकी सुरक्षा, घर तक असलहा लेकर आए थे
अब समर्थकों के साथ सांसद रामजी लाल सुमन घर के बाहर बैठे हैं। वहां तैनात पुलिस वालों से उन्होंने नाराजगी के साथ कहा- देखी आपकी सुरक्षा? मैंने सब देखा है… एक दिन पहले मेरे घर पर मुझसे मिलने वाले लोग कमर में पिस्तौल लगाकर आ गए थे। उन्हें गेट पर रोका तक नहीं गया। न ही उनकी चेकिंग की गई थी। 3 लोग सरेंडर किए, पुलिस का बस हो गया
उन्होंने कहा कि जब मेरे घर पर हमला हुआ था, उस समय कहा गया था कि 10 टीमें आरोपियों को पकड़ने के लिए लगाई गई हैं। मगर क्या हुआ? किसी पर कार्रवाई तक नहीं हुई। तीन लोगों ने सरेंडर कर दिया…बस हो गया। पुलिस अपराधियों के साथ दोस्तों की तरह रहती है, तो कौन डरेगा। पुलिस ने क्या कोई ऐसा मैसेज दिया कि बदमाश खौफ में आए। 2 मई को हाउस अरेस्ट से नाराज सुमन धरने पर बैठ गए थे आगरा में 2 मई को भी सपा सांसद रामजीलाल सुमन को पुलिस ने हाउस अरेस्ट किया था। उनके घर के बाहर कई थानों की फोर्स और पीएसी तैनात कर दी गई थी। पुलिस ने रामजीलाल सुमन के घर के आसपास सीमेंट के ब्लॉकेज बैरियर लगा दिए थे। इससे आक्रोशित रामजीलाल सुमन अपने घर के सामने धरने पर बैठ गए। उस वक्त रामजीलाल अलीगढ़ में जय भीम बोलने पर पीटे गए युवकों से मिलने जा रहे थे। उस वक्त सुमन ने कहा था- हमें आज अलीगढ़ जाना था, लेकिन बेहद अफसोस के साथ कहना पड़ रहा है कि हमें नजरबंद कर दिया गया। आपको याद है जब हम बुलंदशहर जा रहे थे। तब हम पर हमला हुआ था। यूपी के हालत बद से बदतर है। अब सब कुछ CM ऑफिस में बैठे लोगों के इशारे पर हो रहा है। रामजीलाल सुमन पर 27 अप्रैल को हुआ था हमला
सपा सांसद रामजीलाल सुमन 27 अप्रैल को 20 गाड़ियों के काफिले के साथ आगरा से बुलंदशहर जा रहे थे। अलीगढ़ के खेरेश्वर चौराहे पर क्षत्रिय समाज के कुछ युवा सड़क पर उतर आए। उन्होंने रामजीलाल सुमन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। इस पर काफिले की गाड़ियां तेजी से भागने लगीं। इसके चलते करीब 500 मीटर आगे जाकर काफिले की गाड़ियां आपस में टकरा गईं। अलीगढ़ के गभाना में हाईवे से पहले अचानक रामजीलाल सुमन के काफिले पर युवकों ने टायर फेंकने शुरू कर दिए थे। हमले के बाद सपा सांसद हाईकोर्ट पहुंचे। रामजी लाल सुमन के एडवोकेट इमरान उल्लाह ने कोर्ट में तर्क दिया कि सांसद पर हमले हो रहे हैं। उनकी हत्या भी हो सकती है। जीभ काटने को एक करोड़ की सुपारी दी गई है। फिर भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। इससे पता चलता है कि यूपी में कानून और व्यवस्था ध्वस्त हो चुकी है। कोर्ट ने दोनों पक्षों के तर्कों को सुना। सुनवाई के बाद जस्टिस राजीव गुप्ता और जस्टिस हरवीर सिंह ने की कोर्ट ने यूपी और केंद्र सरकार से जवाब मांगा है। अब मामले की अगली सुनवाई 28 मई को होगी। पढ़िए रामजीलाल सुमन ने राणा सांगा को क्या कहा था सपा सांसद रामजीलाल सुमन ने 21 मार्च को राज्यसभा में कहा था- भाजपा वालों का तकिया कलाम हो गया कि मुसलमानों में बाबर का DNA है। फिर हिंदुओं में किसका DNA है? बाबर को कौन लाया? बाबर को भारत में इब्राहीम लोदी को हराने के लिए राणा सांगा लाया था। मुसलमान बाबर की औलाद हैं तो तुम (हिंदू) गद्दार राणा सांगा की औलाद हो। यह हिंदुस्तान में तय हो जाना चाहिए। बाबर की आलोचना करते हैं, राणा सांगा की नहीं। देश की आजादी की लड़ाई में इन्होंने अंग्रेजों की गुलामी की थी। हिंदुस्तान का मुसलमान बाबर को अपना आदर्श नहीं मानता है। वो मोहम्मद साहब और सूफी परंपरा को आदर्श मानता है। अब जानिए कौन हैं रामजी लाल सुमन ———————- ये खबर भी पढ़ें… कानपुर ACP मोहसिन की पत्नी पहली बार सामने आईं:बोलीं- मेरे शौहर को हनीट्रैप में फंसाया, मुझे IIT छात्रा से पहले ही मिलवाया था ‘IIT स्कॉलर ने मेरे शौहर को हनीट्रैप में फंसाया है। साथ रहने के बहाने उसके मंसूबे क्या थे, यह कोर्ट में हम साबित कर देंगे। हालात कैसे भी हों, मैं अपने शौहर के लिए इंसाफ मिलने तक लड़ती रहूंगी।’ ACP मोहसिन खान की पत्नी सुहैला सैफ के चेहरे पर यह सब कहते हुए गुस्सा झलकने लगता है। ACP के खिलाफ IIT स्कॉलर ने 12 दिसंबर, 2024 को यौन शोषण का केस दर्ज कराया है। वह 19 दिसंबर को हाईकोर्ट से स्टे ले आए। करीब 3 महीने बाद पुलिस मुख्यालय ने ACP को सस्पेंड कर दिया। पढ़ें पूरी खबर…