आगरा में गर्लफ्रेंड को अपने ऑफिस बुलाकर उसका गला रेत दिया। हत्या करने के बाद आरोपी बॉयफ्रेंड ने सिर धड़ से अलग कर दिया। पैरों को भी काट दिए। फिर बॉडी को बोरे में भर दिया। आरोपी ने लाश को गर्लफ्रेंड की ही स्कूटी पर लादा और 2 किमी दूर जाकर यमुना पुल पर फेंक दिया। जबकि सिर झरना नाले में फेंक दिया। पुलिस ने हत्यारोपी को अरेस्ट कर लिया है। रविवार को पूछताछ में आरोपी ने बताया- लड़की उसे धोखा दे रही थी। वह मेरे साथ प्यार का नाटक करती थी। मगर घूमती किसी और के साथ थी। यह मुझे बर्दाश्त नहीं था। कई बार समझाने के बाद भी जब वह नहीं मानी तो 23 जनवरी को अपने ऑफिस बुलाकर उसकी गला रेत कर हत्या कर दी। लड़की घर नहीं पहुंची तो घर वालों ने तलाश की। 24 जनवरी की रात वह बोरा वह बरामद हुआ, जिसमें लड़की की सिर कटी हुई लाश थी। सिर अभी नहीं मिला है। पूरा मामला ट्रांस यमुना थाना क्षेत्र के पार्वती विहार का है। अब सिलसिलेवार पढ़िए पूरी घटना… एक कंपनी में काम करते थे दोनों
ट्रांस यमुना कॉलोनी के सी ब्लॉक निवासी अनार सिंह आवास विकास विभाग में काम करते थे। एक साल पहले वह रिटायर हुए हैं। उनका बेटा विनय राजपूत आगरा में ही कंस्ट्रक्शन से जुड़ी एक एजेंसी में काम करता है। उसी दफ्तर में पार्वती विहार की रहने वाली मिनसी भी काम करती थी। दोनों के बीच पिछले 3-4 साल से अफेयर था। दोनों का घर एक-दूसरे से करीब 7 किलोमीटर की दूरी पर है। विनय दफ्तर के काम से फील्ड पर रहता था। जबकि मिनसी ऑफिस में ही काम करती थी। दोनों मौका निकालकर एक साथ घूमने भी निकलते थे। विनय उससे शादी के लिए कहता, लेकिन वह टाल जाती थी। विनय के घर वाले भी राजी थे। विनय को शक हुआ कि उसका किसी और से अफेयर चल रहा है। इसे लेकर दोनों के बीच हलकी खटपट भी हुई। इस बीच मिनसी के भाई की शादी तय हो गई। शादी 6 फरवरी को होनी है। मिनसी शादी का कार्ड बांट रही थी। शुक्रवार, 23 जनवरी को मिनसी ने विनय को कॉल कर कहा कि शादी की खरीदारी के लिए संजय प्लेस जा रही हूं। इस पर विनय ने उसे जरूरी काम की बात कह कर ऑफिस बुला लिया। वह अपनी शादी के लिए मिनसी से बात करना चाहता था। दूसरे से अफेयर के शक में नाराजगी बढ़ी
पुलिस पूछताछ में विनय ने बताया- हम एक-दूसरे से प्यार करते थे। लेकिन मिनसी किसी दूसरे लड़के के साथ घूमती थी। यह मुझे पसंद नहीं था। मैंने कई बार उसे मना भी किया, लेकिन वह नहीं मानी। हमारे बीच इस बात को लेकर कई बार विवाद भी हुआ। आखिर में परेशान होकर मैंने मिनसी को मारने की प्लानिंग की। 23 जनवरी की शाम जब मिनसी ने कहा कि वह संजय प्लेस जा रही है तो मैंने उसे ऑफिस ही बुला लिया। कहा कि दोनों लोग ऑफिस से ही साथ में चलकर शॉपिंग कर लेंगे। मेरे कहने पर वह मेरे ऑफिस आ गई। मिनसी के आने पर मैंने अपने ऑफिस बॉय को छुट्टी दे दी। ऑफिस में अब कोई नहीं था। चाकू से पहले गला रेता, फिर पैर काटे
मिनसी के आने के बाद मेरा उससे विवाद शुरू हो गया। मैंने उसे दूसरे लड़के संग घूमने से मना किया और शादी की बात की। वह नहीं मानी तो मुझे गुस्सा आ गया। गुस्से में मैंने चाकू से उसका गला रेत दिया। सिर धड़ से अलग कर दिया। इसके बाद सिर को बैग में रख लिया। बाकी हिस्से को बोरे में रखा। आरोपी ने बताया- मैं शव को ठिकाने लगाने के लिए रात का इंतजार करने लगा। जब अंधेरा हुआ तो मैंने मिनसी की ही एक्टिवा पर आगे शव रखा। शव को झरना नाले के जंगल में फेंकने जा रहा था। जवाहर पुल पर अचानक एक वाहन के चलते एक्टिवा का संतुलन बिगड़ा और बोरा गिर गया। मैंने बोरा उठाने का प्रयास किया, लेकिन एक वाहन चालक ने मुझे मुड़कर देखा तो मैं घबरा गया और शव को वहीं छोड़कर चला गया। सिर को उसने झरना नाले में फेंक दिया। हालांकि पुलिस शुरुआत से सिर को काटने की बात छिपाती रही, लेकिन मृतका के परिजनों ने शिकायत में सिर काटने की बात लिखी। एसीपी छत्ता शेषमणि ने इसकी पुष्टि भी की है। उनका कहना है कि सिर की तलाश की जा रही है। 100 CCTV खंगाले, स्कूटी में शव ले जाते दिखा
इस बीच देर रात तक लड़की घर नहीं पहुंची तो उसके घर वालों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने लड़की की तलाश में 4 टीमें लगाईं। जांच के दौरान शनिवार, 24 जनवरी रात करीब 1 बजे बोरे में लड़की की लाश मिली। टीम ने हाईवे पर लगे 100 सीसीटीवी कैमरे खंगाले। इसमें आरोपी स्कूटी पर शव ले जाते हुए दिखाई दिया। पुलिस ने स्कूटी नंबर के जरिए आरोपी का पता किया। घटना के 12 घंटे बाद ही पुलिस ने आरोपी को पकड़ लिया। गुमशुदगी दर्ज कराने थाने भी गया
परिजनों का कहना है कि आरोपी विनय मिंकी की हत्या के बाद गुमराह करता रहा। दोनों एक ही आफिस में थे तो उससे पूछा कि मिंकी के बारे में कुछ पता है तो उसने इनकार कर दिया। इतना ही नहीं, वो मिनसी को तलाशने का नाटक करता रहा। उनके साथ गुमशुदगी दर्ज कराने थाने भी गया था। डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास ने बताया- पुलिस कड़ी से कड़ी जोड़कर आरोपी तक पहुंची। पुलिस ने आरोपी के पास से चाकू और एक्टिवा बरामद कर लिया है। —————– यह खबर भी पढ़ें… विकास दुबे के एनकाउंटर के बाद पत्नी का पहला इंटरव्यू:रिचा बोलीं- खुशी दुबे ने 3 शादियां कीं, अपने नाम के आगे तिवारी, ठाकुर लिखें कानपुर के बिकरू कांड के मुख्य आरोपी गैंगस्टर विकास दुबे की पत्नी पहली बार कैमरे पर खुलकर बोलीं। रिचा दुबे ने कहा कि मैं कभी भी राजनीति में नहीं आना चाहती। अपने बच्चों के साथ जहां भी हूं, खुश हूं। 8 पुलिस वालों के दर्दनाक हत्याकांड के 5 साल बाद रिचा ने अमर दुबे की पत्नी खुशी पर सवाल उठाए। पढ़ें पूरी खबर…
ट्रांस यमुना कॉलोनी के सी ब्लॉक निवासी अनार सिंह आवास विकास विभाग में काम करते थे। एक साल पहले वह रिटायर हुए हैं। उनका बेटा विनय राजपूत आगरा में ही कंस्ट्रक्शन से जुड़ी एक एजेंसी में काम करता है। उसी दफ्तर में पार्वती विहार की रहने वाली मिनसी भी काम करती थी। दोनों के बीच पिछले 3-4 साल से अफेयर था। दोनों का घर एक-दूसरे से करीब 7 किलोमीटर की दूरी पर है। विनय दफ्तर के काम से फील्ड पर रहता था। जबकि मिनसी ऑफिस में ही काम करती थी। दोनों मौका निकालकर एक साथ घूमने भी निकलते थे। विनय उससे शादी के लिए कहता, लेकिन वह टाल जाती थी। विनय के घर वाले भी राजी थे। विनय को शक हुआ कि उसका किसी और से अफेयर चल रहा है। इसे लेकर दोनों के बीच हलकी खटपट भी हुई। इस बीच मिनसी के भाई की शादी तय हो गई। शादी 6 फरवरी को होनी है। मिनसी शादी का कार्ड बांट रही थी। शुक्रवार, 23 जनवरी को मिनसी ने विनय को कॉल कर कहा कि शादी की खरीदारी के लिए संजय प्लेस जा रही हूं। इस पर विनय ने उसे जरूरी काम की बात कह कर ऑफिस बुला लिया। वह अपनी शादी के लिए मिनसी से बात करना चाहता था। दूसरे से अफेयर के शक में नाराजगी बढ़ी
पुलिस पूछताछ में विनय ने बताया- हम एक-दूसरे से प्यार करते थे। लेकिन मिनसी किसी दूसरे लड़के के साथ घूमती थी। यह मुझे पसंद नहीं था। मैंने कई बार उसे मना भी किया, लेकिन वह नहीं मानी। हमारे बीच इस बात को लेकर कई बार विवाद भी हुआ। आखिर में परेशान होकर मैंने मिनसी को मारने की प्लानिंग की। 23 जनवरी की शाम जब मिनसी ने कहा कि वह संजय प्लेस जा रही है तो मैंने उसे ऑफिस ही बुला लिया। कहा कि दोनों लोग ऑफिस से ही साथ में चलकर शॉपिंग कर लेंगे। मेरे कहने पर वह मेरे ऑफिस आ गई। मिनसी के आने पर मैंने अपने ऑफिस बॉय को छुट्टी दे दी। ऑफिस में अब कोई नहीं था। चाकू से पहले गला रेता, फिर पैर काटे
मिनसी के आने के बाद मेरा उससे विवाद शुरू हो गया। मैंने उसे दूसरे लड़के संग घूमने से मना किया और शादी की बात की। वह नहीं मानी तो मुझे गुस्सा आ गया। गुस्से में मैंने चाकू से उसका गला रेत दिया। सिर धड़ से अलग कर दिया। इसके बाद सिर को बैग में रख लिया। बाकी हिस्से को बोरे में रखा। आरोपी ने बताया- मैं शव को ठिकाने लगाने के लिए रात का इंतजार करने लगा। जब अंधेरा हुआ तो मैंने मिनसी की ही एक्टिवा पर आगे शव रखा। शव को झरना नाले के जंगल में फेंकने जा रहा था। जवाहर पुल पर अचानक एक वाहन के चलते एक्टिवा का संतुलन बिगड़ा और बोरा गिर गया। मैंने बोरा उठाने का प्रयास किया, लेकिन एक वाहन चालक ने मुझे मुड़कर देखा तो मैं घबरा गया और शव को वहीं छोड़कर चला गया। सिर को उसने झरना नाले में फेंक दिया। हालांकि पुलिस शुरुआत से सिर को काटने की बात छिपाती रही, लेकिन मृतका के परिजनों ने शिकायत में सिर काटने की बात लिखी। एसीपी छत्ता शेषमणि ने इसकी पुष्टि भी की है। उनका कहना है कि सिर की तलाश की जा रही है। 100 CCTV खंगाले, स्कूटी में शव ले जाते दिखा
इस बीच देर रात तक लड़की घर नहीं पहुंची तो उसके घर वालों ने इसकी सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने लड़की की तलाश में 4 टीमें लगाईं। जांच के दौरान शनिवार, 24 जनवरी रात करीब 1 बजे बोरे में लड़की की लाश मिली। टीम ने हाईवे पर लगे 100 सीसीटीवी कैमरे खंगाले। इसमें आरोपी स्कूटी पर शव ले जाते हुए दिखाई दिया। पुलिस ने स्कूटी नंबर के जरिए आरोपी का पता किया। घटना के 12 घंटे बाद ही पुलिस ने आरोपी को पकड़ लिया। गुमशुदगी दर्ज कराने थाने भी गया
परिजनों का कहना है कि आरोपी विनय मिंकी की हत्या के बाद गुमराह करता रहा। दोनों एक ही आफिस में थे तो उससे पूछा कि मिंकी के बारे में कुछ पता है तो उसने इनकार कर दिया। इतना ही नहीं, वो मिनसी को तलाशने का नाटक करता रहा। उनके साथ गुमशुदगी दर्ज कराने थाने भी गया था। डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास ने बताया- पुलिस कड़ी से कड़ी जोड़कर आरोपी तक पहुंची। पुलिस ने आरोपी के पास से चाकू और एक्टिवा बरामद कर लिया है। —————– यह खबर भी पढ़ें… विकास दुबे के एनकाउंटर के बाद पत्नी का पहला इंटरव्यू:रिचा बोलीं- खुशी दुबे ने 3 शादियां कीं, अपने नाम के आगे तिवारी, ठाकुर लिखें कानपुर के बिकरू कांड के मुख्य आरोपी गैंगस्टर विकास दुबे की पत्नी पहली बार कैमरे पर खुलकर बोलीं। रिचा दुबे ने कहा कि मैं कभी भी राजनीति में नहीं आना चाहती। अपने बच्चों के साथ जहां भी हूं, खुश हूं। 8 पुलिस वालों के दर्दनाक हत्याकांड के 5 साल बाद रिचा ने अमर दुबे की पत्नी खुशी पर सवाल उठाए। पढ़ें पूरी खबर…