आगरा में 8 साल की बच्ची का गला काटा:बॉडी को आटे के कनस्तर में छिपाया, 30 घंटे बाद किराएदार के कमरे से मिली

आगरा में जूता कारोबारी की 8 साल की बच्ची की किराएदार ने गला काटकर हत्या कर दी। डेडबॉडी को आटा के कनस्तर में बंद कर दिया। फिर ऊपर से आटा भर दिया। घरवालों ने थाने में तहरीर दी तो कमरे में ताला डालकर फरार हो गया। पुलिस ने 30 घंटे बाद उसके कमरे से शव को बरामद किया। बच्ची का शव मिलने पर घरवालों का आक्रोश फूट पड़ा। उन्होंने सड़क पर जाम लगा दिया। सूचना पर डीसीपी समेत कई थानों का फोर्स मौके पर पहुंच गया। परिजनों को समझा बुझाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। चाची ने कहा- जैसे उसने बच्ची के टुकड़े किए हैं, उसके भी टुकड़े हों। बच्ची मंगलवार दोपहर को घर के बाहर से लापता हो गई थी। घटना थाना ताजगंज की है। मंगलवार दोपहर घर के बाहर खेलते समय लापता हुई सिद्धार्थ नगर गोबर चौकी के रहने वाले दिनेश का घर में जूते का कारखाना है। घर के ठीक सामने ही उनका एक और मकान है। इस मकान के ग्राउंड फ्लोर पर उनका सामान रहता है। घर के ऊपर एक कमरा है। इसमें किराएदार सुनील रहता है। उन्होंने बताया कि मंगलवार दोपहर 2:00 बजे बेटी प्रज्ञा घर में मौजूद थी। तभी मोहल्ले के कुछ बच्चे आ गए। वह उनके साथ खेलने लगी। काफी देर तक वह दिखाई नहीं दी। मैंने सोचा कि बेटी ट्यूशन पढ़ने चली गई होगी। लेकिन शाम के 4:30 बज गए। इसके बाद भी प्रज्ञा घर लौटकर नहीं आई। उसकी मां प्रीति को चिंता हुई। फिर हम लोगों ने बेटी को आसपास तलाश किया। ट्यूशन टीचर को फोन कर बेटी के बारे में पूछा, लेकिन उन्होंने बताया कि प्रज्ञा आज नहीं आई है। इसके बाद मैंने पुलिस को सूचना दी। मोहल्ले के लोग और हम लोग आसपास खोजते रहे। पुलिस ने गलियों में लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले। सीसीटीवी में दोपहर 2:00 बजे प्रज्ञा गली के बाहर एक दुकान पर चिप्स का पैकेट लेती नजर आई। फिर वह वहां से वापस आ जाती है। इसके बाद पुलिस ने देर शाम मेरी तहरीर पर अपहरण की प्राथमिकी दर्ज कर ली। पुलिस ने 4 टीमें बनाईं, मोहल्ले के CCTV खंगाले एसीपी ताज सुरक्षा पीयूष कांत राय के नेतृत्व में 4 टीम बनाई गईं। पुलिस की एक टीम घर के आसपास के कैमरे देख रही थी। दूसरी टीम को घरवालों से बात और पड़ोसियों से पूछताछ करने का काम कर रही थी। तीसरी टीम घरों की तलाशी में लग गई। पुलिस ने मोहल्ले के हर घर की तलाशी ली। मगर, मंगलवार बच्ची का कोई सुराग नहीं लगा। इसी बीच दिनेश ने पुलिस को बताया कि किराएदार सुनील बच्ची के लापता होने के बाद से उनके साथ था। वह भी बच्ची को तलाश कर रहा था। वह मेरे साथ गुमशुदगी दर्ज कराने थाने तक गया। जब पुलिस मोहल्ले के घरों को चेक करने लगी तो सुनील दिखाई नहीं दिया। वह अपने कमरे पर ताला डालकर चला गया। फिर मुझे कुछ शक हुआ। मेरे शक जाहिर करने पर पुलिस ने बुधवार रात करीब 8 बजे किराएदार के कमरे का ताला खोला। इसके बाद उसके घर की तलाशी ली। डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास ने बताया कि पुलिस ने जब घर की छानबीन की तो बच्ची का शव कमरे में रखे छोटे से आटे के कनस्तर में बंद मिला। शव किसी को दिखाई न दे, इसके लिए उसके ऊपर आटा डाला गया था। बच्ची का शव मिलते ही मां प्रीति बेहोश होकर गिर पड़ी। लोग सड़क पर आए, लगाया जाम
पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए लेकर जाने लगी तो घरवालों और मोहल्ले के लोगों ने विरोध शुरू कर दिया। लोग बोले- पहले हत्यारोपी की गिरफ्तारी हो, इसके बाद ही शव को ले जाने देंगे। मगर, पुलिस कनस्तर समेत शव को ले गई। इसके बाद लोग सड़क पर आ गए। फतेहाबाद रोड मुगल पुलिया पर जाम लगा दिया। सड़क पर पत्थर भी फेंके। वाहनों में तोड़फोड़ का प्रयास भी किया गया। हंगामे की सूचना पर डीसीपी सिटी अली अब्बास मौके फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। उन्होंने लोगों को समझा बुझाकर शांत कराया। चाची बोली-बच्ची के टुकडे़ किए, उसके भी टुकडे़ चाहिए
बच्ची की हत्या के बाद परिजन बेसुध हो गए। बच्ची की चाची नीलम ने कहा कि पुलिस शव को कनस्तर में बंद करके ले गई। हत्यारे ने बच्ची के टुकडे़ करके उसे कनस्तर में बंद कर दिया। जैसे उसने बच्ची को मारा है, उसको भी ऐसी सजा मिलनी चाहिए। डीसीपी सिटी ने बताया कि बच्ची का गला काटकर हत्या की गई है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही पता चल सकेगा कि और कोई चोट तो नहीं है।
पुलिस ने परिजनों की तहरीर पर आरोपी किराएदार के खिलाफ अपहरण और हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोपी की तलाश के लिए 10 टीमें लगाई गई हैं। पुलिस जल्द ही आरोपी के गिरफ्तार होने की बात कह रही है। गिरफ्तारी के बाद ही हत्या की वजह का पता चल सकेगा। ……………………… ये खबर भी पढ़िए- शंकराचार्य की गिरफ्तारी पर चार्जशीट दाखिल होने तक रोक:बटुकों से यौन शोषण केस में हाईकोर्ट का फैसला, इंटरव्यू देने पर रोक लगाई शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती की जमानत बुधवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मंजूर कर ली। कोर्ट ने कहा कि चार्जशीट दाखिल होने तक शंकराचार्य की गिरफ्तारी नहीं होगी। यह फैसला हाईकोर्ट के जस्टिस जितेंद्र कुमार सिन्हा की बेंच ने दोपहर बाद 3.45 बजे सुनाया। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद को जमानत देते हुए शर्तें भी लगाई हैं। सबसे अहम शर्त यह है कि दोनों पक्ष (शंकराचार्य और आशुतोष) मीडिया में बयानबाजी नहीं करेंगे और इंटरव्यू नहीं देंगे। शंकराचार्य के विदेश जाने पर भी रोक है। पढ़ें पूरी खबर