उत्तराखंड के हरिद्वार में अवैध मजार पर बुलडोजर चला है। यह कार्रवाई सिंचाई विभाग और नगर प्रशासन की टीम ने की है। एसडीएम जितेंद्र सिंह ने बताया कि कार्रवाई करने से पहले 16 अक्टूबर को नोटिस दिया गया था। लेकिन कोई पक्ष और डॉक्यूमेंट सामने नहीं आए, जिसके बाद आज यह कार्रवाई की गई है। आज सिंचाई विभाग और नगर प्रशासन की टीम ने जाकर इसे ध्वस्त कर दिया। उन्होंने कहा कि उनके पास उत्तर प्रदेश सिंचाई विभाग के अधिकारी आए थे, जिन्होंने उनसे इसकी शिकायत की। इसके बाद मामले की जांच की गई तो पाया कि मजार अवैध थी। जानकारी के अनुसार, नोटिस की मियाद पूरी होने के एक हफ्ते बाद भी प्रशासन ने जवाब का इंतजार किया पर कोई सामने नहीं आया। इसके बाद विभाग ने कार्रवाई की। मजार पर बुलडोजर चलने की 5 PHOTOS…. उत्तर प्रदेश सिचाई विभाग बोला- जमीन हमारी घटना हरिद्वार के बहादराबाद के सलेमपुर क्षेत्र में पावर हाउस पथरी क्षेत्र की है, जहां सरकारी सिंचाई विभाग की जमीन पर अवैध मजार बनाई गई थी। डीएम मयूर दीक्षित ने बताया कि सरकारी जमीन पर अवैध रूप से बनी इस संरचना की ध्वस्तीकरण की कार्रवाई के दौरान नीचे कोई अवशेष नहीं मिला। वहीं उत्तर प्रदेश सिचाई विभाग के एसडीओ भारत भूषण ने बताया कि पावर हाउस पथरी क्षेत्र में दो नहरे बहती है, जिसके बीच में यह मजार बनाई गई थी, जो उत्तर प्रदेश सिचाई विभाग की जमीन है। कई बार पहले हमारे कर्मचारियों ने इन लोगों से कहा था कि निमार्ण हटा ले। पर मजार हटाई नहीं गई, जिसके बाद हमने इसकी शिकायत की। एक महीने पहले गिराई थी 3 अवैध मजार इससे पहले 11 सिंतबर को नैनीताल के रामनगर में लूटाबढ़ शिवलापुर रियुनिया और चोरपानी गांव में प्रशासन ने किसानों की निजी भूमि पर बनी तीन अवैध मजारों को ध्वस्त कर दिया था। प्रशासन का कहना था कि ये मजारें अवैध रूप से बनाई गई थीं। उत्तराखंड में धामी सरकार अभी तक 550 से ज्यादा अवैध मजारों को ध्वस्त कर चुकी है।