कानपुर DM ढोल बजा रहा, किसी दिन महिला कपड़े फाड़ेगी:CMO का ऑडियो होने का दावा, डीएम ने हटवाने के लिए लेटर लिखा

यूपी के 75 जिलों में से यही एक ऐसा डीएम है, जो ढोल बजा रहा है। मैंने आज तक ऐसा डीएम देखा ही नहीं। पहले यह मीडिया में रहे हैं। मीडियावालों की आदत होती है कि इतनी-सी बात को बहुत बढ़ा-चढ़ाकर बोलते हैं। बिना वजह बीच-बीच में दुनिया भर की कहानियां, किस्से सुनाते हैं। मीटिंग 20 मिनट की होती है, तो दो घंटे तक खींच देते हैं। किसी भी बात को जरूरत से ज्यादा बढ़ाकर कहते हैं। महिला कर्मचारी भी उनसे परेशान हैं। किसी दिन कोई महिला अपने ब्लाउज फाड़ेगी तब पता लगेगा। कानपुर डीएम की कार्यशैली को लेकर दो ऑडियो सामने आए हैं। दावा किया जा रहा है कि ये दोनों ऑडियो मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. हरिदत्त नेमी के बताए जा रहे हैं। हालांकि, उन्होंने इससे इनकार किया है। कहा- ऑडियो में मेरी आवाज नहीं है। मेरे खिलाफ षड्यंत्र रचा जा रहा है। आजकल AI से कुछ भी किया जा सकता है। इधर, डीएम जितेंद्र कुमार सिंह ने CMO को हटाने की संस्तुति करते हुए प्रमुख सचिव चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण को लेटर लिखा है। ऑडियो के बारे में डीएम ने कहा- इसकी जानकारी मुझे नहीं है। CMO विवादों में, डॉक्टरों ने लगाया उत्पीड़न का आरोप
मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. हरिदत्त नेमी विवादों में हैं। उन पर डॉक्टरों के तबादले, कर्मचारियों से व्यवहार और शासनादेशों की अनदेखी जैसे आरोप लगे हैं। जिले के कई सीनियर चिकित्सकों ने डीएम को लेटर लिखकर बताया- CMO मानसिक रूप से प्रताड़ित कर रहे हैं। कई डॉक्टरों ने आर्थिक उत्पीड़न के आरोप भी लगाए हैं। इन्हीं शिकायतों को आधार बनाकर डीएम ने शासन को रिपोर्ट सौंपी है। DM ने कहा- डॉक्टरों के तबादले कर मानसिक उत्पीड़न किया डीएम ने लेटर में लिखा- राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत रिक्त पदों का विज्ञापन यूपी की ऑफिशियल वेबसाइट पर जारी नहीं किया गया। इसके अलावा, इंटरव्यू के परिणाम भी तय समय सीमा में प्रस्तुत नहीं किए गए। वरिष्ठ वित्त एवं लेखाधिकारी डॉ. वंदना सिंह को उनके पदेन कार्यों से हटाकर गैर-वित्त सेवा कर्मी को नामित कर दिया गया। डॉ. आरएन सिंह, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी समेत अन्य चिकित्सकों के 10 दिनों के भीतर 9 बार तबादले किए गए। यह प्रक्रिया पूरी तरह असामान्य और मानसिक उत्पीड़न की श्रेणी में आती है। डीएम बोले- रिकॉर्ड में हेराफेरी करने की भी शिकायत मिली
डीएम ने कहा- जिले में सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों की स्थिति चिंताजनक है। कई जगह डॉक्टरों की फर्जी हाजिरी दर्ज की गई, रिकॉर्ड में हेराफेरी की गई और गैर-मौजूद व लापरवाह डॉक्टरों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की गई। सीएमओ का प्रशासनिक नियंत्रण शिथिल पाया गया। कई बार निर्देश देने के बावजूद सीएमओ ने कार्यशैली में कोई सुधार नहीं किया। शिकायतों और निरीक्षणों में जो बातें सामने आईं। वे बेहद गंभीर हैं। इसी वजह से शासन को कार्रवाई के लिए पत्र लिखा गया है। CMO बोले- मेरे खिलाफ षड्यंत्र रचा जा रहा CMO का कहना है कि डीएम सर द्वारा जो भी आदेश दिए गए, उनका मैंने पालन किया। पहले भी मुझे डीएम साहब की तरफ से पत्र मिला था, उसका भी मैंने जवाब दिया। ऑडियो में मेरी आवाज नहीं है। मेरे खिलाफ षड्यंत्र रचा जा रहा है। …………………. ये खबर भी पढ़िए- चंद्रशेखर कहते छोड़कर गई तो सुसाइड कर लूंगा:रोते-रोते आंखें सूज जाती; रोहिणी-सांसद की लवस्टोरी ‘चंद्रशेखर से मेरी पहली मुलाकात 25 अक्टूबर, 2021 को दिल्ली में हुई। मैं स्विटजरलैंड से दिल्ली आई थी। दिल्ली में करीब दो-तीन दिन हम लोग साथ रहे। उसके बाद चंद्रशेखर मुझे छोड़ने इंदौर तक गए। फिर मुलाकातों का सिलसिला बढ़ता गया। हम रिलेशनशिप में आ गए। मेरे पास हर चीज का प्रूफ है, कोर्ट मांगेगा तो हर सबूत दूंगी।’ पढ़ें पूरी खबर