गोरखपुर की कैंट पुलिस ने दो शातिर चोरों को गुरुवार को गिरफ्तार किया है। दाउदपुर में रहने वाली रिटायर्ड प्रिंसिपल अपने बेटे के पास बेंगलूरु गई थीं। इस दौरान रेकी कर रात के समय दोनों चोर कटर मशीन लेकर घर में घुस गए। घर की सभी अलमारियों को काट कर करीब 30 लाख का सोने के आभूषण और 2 लाख रुपये नकद उड़ा दिए थे। इस दौरान चोरों ने घर पर शराब पार्टी की। जुआ खेला, इसके बाद माल लेकर फरार हो गए थे। सीसीटीवी कैमरे की मदद से चोरों की पहचान हुई। इसके बाद पुलिस ने रामगढ़ताल क्षेत्र से घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। चोरों की पहचान रामगढ़ताल के भरवलिया बुजुर्ग निवासी मोनू गौड़ उर्फ बाबा नायक और चौरीचौरा के हसन खान के रूप में हुई। इसमें मोनू गौड़ की मां रिटायर्ड प्रिंसिपल प्रो. सरोज श्रीवास्तव के यहां 20 साल से काम करती थी। प्रोफेसर सरोज श्रीवास्तव की तहरीर पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया था। मोनू गौड़ पर गैंगस्टर समेत 6 मुकदमे दर्ज हैं। जबकि दूसरे आरोपी हसन खान पर छेड़खानी और चोरी समेत अन्य मामलों में 4 मुकदमे दर्ज हैं। अब पढ़िए पूरा मामला…
पुलिस लाइन के व्हाइट हाउस में चोरी की घटना का खुलासा करते हुए एसपी सिटी अभिनव त्यागी ने बताया- रिटायर्ड प्रोफेसर सरोज श्रीवास्तव का बेटा बेंगलूरु में काम करता है। वह 31 अक्टूबर को दाउदपुर स्थित अपने घर पर ताला लगाकर बेटे के पास बेंगलूरु गई थीं। घर के पास रहने वाले केयर टेकर ने 2 नवंबर को घर अस्त-व्यस्त देखकर सरोज काे सूचना दी। इसके बाद उन्होंने बेंगलूरु से ही पुलिस को सूचना दी। अगले ही दिन वह फ्लाइट से गोरखपुर आ गईं। उन्होंने घर की छानबीन कर बताया कि सारे गहने और नकद गायब है। कैंट पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर घर के आस-पास के सीसीटीवी कैमरे खंगालना शुरू किया। इस दौरान रात के समय दो संदिग्ध युवक सामान लेकर जाते दिखाई दिए। घर से ही बरामद हो गया चोरी का सामान सीसीटीवी चेहरे से पहचान कर पुलिस ने छापा मारकर मोनू गौड़ को रामगढ़ताल क्षेत्र से ही गिरफ्तार किया। इसके बाद मोनू की मदद से दूसरे आरोपी हसन को भी पकड़ लिया। दोनों के घरों से चोरी का सामान और नकदी बरामद हो गया। पुलिस ने चोरी के करीब 30 लाख रुपए के सोने के हार और 1.98 लाख रुपया कैश बरामद किया। बाकी पैसा दोनों आरोपियों ने जुआ खेलने में लगा दिया था। मोनू ने बताया- हम लोग रेकी करके बंद मकान में चोरी करते हैं। मेरी मां प्रोफेसर के घर पर काम करती हैं। इधर वह काम पर नहीं जा रही थीं। पता चला कि प्रोफेसर का परिवार बाहर गया हुआ है। घर पर चार घंटे तक थे आरोपी शराब भी पी थी, जुआ भी खेला
मोनू ने बताया- प्रोफेसर के घर पर मैं कई बार गया हूं। घर का हर कोना जानता हूं। इसलिए हसन के साथ पूरी तैयारी से घर में घुसा। साथ में कटर मशीन भी लेकर गया था। घर की अलमारियों काे कटर मशीन से काटकर अंदर से सोने की ज्वेलरी निकाल ली थी। मोनू और हसन ने बताया कि वे करीब 4 घंटे तक घर में रहकर चोरी की घटना को अंजाम दिए थे। उन्हें पता था कि परिवार बेंगलूरु गया है। कोई आने वाला नहीं है। इसलिए वहीं बैठकर शराब भी पी थी, जुआ भी खेला था। प्रोफेसर ने पुलिस को दिया धन्यवाद डॉ. सरोज राजकीय एडी कन्या इंटर कॉलेज से प्रिंसिपल पद रिटायर हुई हैं। उनके पति डॉक्टर थे, उनकी काफी पहले मौत हो चुकी है। उनका बेटा बेंगलूरु में रहता है। घर पर प्रोफेसर अकेली रहती हैं। घटना का पर्दाफाश होने पर वह भी प्रेस कॉन्फ्रेंस में पहुंची। इस दौरान एसपी सिटी अभिनव त्यागी, सीओ कैंट योगेंद्र सिंह का धन्यवाद दिया। इस घटना का पर्दाफाश करने में पुलिसकर्मी आशीष कुमार दुबे, अवनीश पांडेय, नवीन कुमार राय, अतुल वर्मा, विवेक कुमार, मंगलदीप और संजीत यादव का अहम रोल था। चार दिन में ही पुलिस ने घटना का पर्दाफाश कर दिया। —————— ये खबर भी पढ़ें… मुस्कान के मां-बाप का बिजनेस तबाह, भाई की नौकरी गई, अब मेरठ छोड़ेंगे मेरठ के सौरभ हत्याकांड के बाद 8 महीने से मुस्कान और उसका बॉयफ्रेंड जेल में हैं। मुस्कान का मायका ब्रह्मपुरी के इंद्रानगर में है। 5 नवंबर को घर पर लिखा गया ‘मकान बिकाऊ है’। पढे़ं पूरी खबर….
पुलिस लाइन के व्हाइट हाउस में चोरी की घटना का खुलासा करते हुए एसपी सिटी अभिनव त्यागी ने बताया- रिटायर्ड प्रोफेसर सरोज श्रीवास्तव का बेटा बेंगलूरु में काम करता है। वह 31 अक्टूबर को दाउदपुर स्थित अपने घर पर ताला लगाकर बेटे के पास बेंगलूरु गई थीं। घर के पास रहने वाले केयर टेकर ने 2 नवंबर को घर अस्त-व्यस्त देखकर सरोज काे सूचना दी। इसके बाद उन्होंने बेंगलूरु से ही पुलिस को सूचना दी। अगले ही दिन वह फ्लाइट से गोरखपुर आ गईं। उन्होंने घर की छानबीन कर बताया कि सारे गहने और नकद गायब है। कैंट पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर घर के आस-पास के सीसीटीवी कैमरे खंगालना शुरू किया। इस दौरान रात के समय दो संदिग्ध युवक सामान लेकर जाते दिखाई दिए। घर से ही बरामद हो गया चोरी का सामान सीसीटीवी चेहरे से पहचान कर पुलिस ने छापा मारकर मोनू गौड़ को रामगढ़ताल क्षेत्र से ही गिरफ्तार किया। इसके बाद मोनू की मदद से दूसरे आरोपी हसन को भी पकड़ लिया। दोनों के घरों से चोरी का सामान और नकदी बरामद हो गया। पुलिस ने चोरी के करीब 30 लाख रुपए के सोने के हार और 1.98 लाख रुपया कैश बरामद किया। बाकी पैसा दोनों आरोपियों ने जुआ खेलने में लगा दिया था। मोनू ने बताया- हम लोग रेकी करके बंद मकान में चोरी करते हैं। मेरी मां प्रोफेसर के घर पर काम करती हैं। इधर वह काम पर नहीं जा रही थीं। पता चला कि प्रोफेसर का परिवार बाहर गया हुआ है। घर पर चार घंटे तक थे आरोपी शराब भी पी थी, जुआ भी खेला
मोनू ने बताया- प्रोफेसर के घर पर मैं कई बार गया हूं। घर का हर कोना जानता हूं। इसलिए हसन के साथ पूरी तैयारी से घर में घुसा। साथ में कटर मशीन भी लेकर गया था। घर की अलमारियों काे कटर मशीन से काटकर अंदर से सोने की ज्वेलरी निकाल ली थी। मोनू और हसन ने बताया कि वे करीब 4 घंटे तक घर में रहकर चोरी की घटना को अंजाम दिए थे। उन्हें पता था कि परिवार बेंगलूरु गया है। कोई आने वाला नहीं है। इसलिए वहीं बैठकर शराब भी पी थी, जुआ भी खेला था। प्रोफेसर ने पुलिस को दिया धन्यवाद डॉ. सरोज राजकीय एडी कन्या इंटर कॉलेज से प्रिंसिपल पद रिटायर हुई हैं। उनके पति डॉक्टर थे, उनकी काफी पहले मौत हो चुकी है। उनका बेटा बेंगलूरु में रहता है। घर पर प्रोफेसर अकेली रहती हैं। घटना का पर्दाफाश होने पर वह भी प्रेस कॉन्फ्रेंस में पहुंची। इस दौरान एसपी सिटी अभिनव त्यागी, सीओ कैंट योगेंद्र सिंह का धन्यवाद दिया। इस घटना का पर्दाफाश करने में पुलिसकर्मी आशीष कुमार दुबे, अवनीश पांडेय, नवीन कुमार राय, अतुल वर्मा, विवेक कुमार, मंगलदीप और संजीत यादव का अहम रोल था। चार दिन में ही पुलिस ने घटना का पर्दाफाश कर दिया। —————— ये खबर भी पढ़ें… मुस्कान के मां-बाप का बिजनेस तबाह, भाई की नौकरी गई, अब मेरठ छोड़ेंगे मेरठ के सौरभ हत्याकांड के बाद 8 महीने से मुस्कान और उसका बॉयफ्रेंड जेल में हैं। मुस्कान का मायका ब्रह्मपुरी के इंद्रानगर में है। 5 नवंबर को घर पर लिखा गया ‘मकान बिकाऊ है’। पढे़ं पूरी खबर….