सपा सांसद डिंपल यादव पर कमेंट करने वाले ऑल इंडिया इमाम एसोसिएशन (AIIA) के अध्यक्ष मौलाना साजिद रशीदी पर हमला हुआ है। मंगलवार को मौलाना नोएडा के एक चैनल के लाइव डिबेट में पहुंचे थे। डिबेट खत्म होने के बाद सपा नेता कुलदीप भाटी ने उन पर हमला कर दिया। ताबड़तोड़ कई थप्पड़ जड़ दिए। मौलाना ने मौके से भागकर अपनी जान बचाई। सिक्योरिटी वालों ने हमलावरों से उन्हें छुड़ाया। ये मामला सेक्टर-126 का है। मौलाना साजिद ने कुलदीप भाटी और मोहित नागर पर हमला करने का आरोप लगाया है। मौलाना आरोपियों के खिलाफ थाना सेक्टर-126 में शिकायत दर्ज कराने पहुंचे। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। कुलदीप भाटी ने एक वीडियो जारी किया है। कहा, ‘मैं गुर्जर समाज से आता हूं, तो गुर्जर समाज अपनी गर्दन कटा सकता है। भारत की किसी भी महिला के खिलाफ अभद्र टिप्पणी नहीं सही जाएगी। आज मौलाना का इलाज कर दिया गया है।’ 22 जुलाई को डिंपल यादव अपने पति अखिलेश यादव के साथ दिल्ली की एक मस्जिद में गई थी। जहां सपा सांसदों ने बैठक की थी। उसी दिन एक चैनल के डिबेट में मौलाना ने डिंपल के कपड़ों पर कमेंट किया था। इसके बाद से सपा कार्यकर्ताओं में मौलाना के खिलाफ गुस्सा है। मौलाना साजिद रशीदी के खिलाफ लखनऊ में केस दर्ज हो चुका है। प्रदेश के कई जिलों में भी उनके खिलाफ पुलिस से शिकायत की गई है। उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की तरफ से भी मौलाना को नोटिस भेजा गया है। 2 फोटो देखिए… भास्कर पोल में हिस्सा लेकर अपनी राय दे सकते हैं… कुलदीप भाटी ने कहा- आज मौलाना का इलाज कर दिया गया
मौलाना साजिद रशीदी को थप्पड़ मारने वाले समाजवादी युवजन सभा के प्रदेश सचिव कुलदीप भाटी ने अपना बयान जारी किया। कहा, मैं गौतमबुद्ध नगर का रहने वाला हूं। भारत की सबसे बड़ी पंचायत में बैठने वाली डिंपल यादव पर मौलाना ने अभद्र टिप्पणी की है। आज हम एक डिबेट में बैठे थे, तब भी वह अभद्र टिप्पणी कर रहा था। मैं गुर्जर समाज से आता हूं, तो गुर्जर समाज अपनी गर्दन कटा सकता है। भारत की किसी भी महिला के खिलाफ अभद्र टिप्पणी नहीं सही जाएगी। आज मौलाना का इलाज कर दिया गया है। आगे भी इस तरह की टिप्पणी करने वालों का इलाज कर दिया जाएगा। मौलाना के खिलाफ NDA सांसदों ने संसद के बाहर किया था प्रदर्शन सोमवार को NDA सांसदों ने डिंपल यादव पर टिप्पणी करने वाले मौलाना साजिद रशीदी के खिलाफ संसद के बाहर विरोध प्रदर्शन किया था। भाजपा सांसद बांसुरी स्वराज ने कहा- डिंपल पर जिस तरह की अभद्र टिप्पणी की गई। मैं पूछना चाहती हूं कि पूरा विपक्ष इस पर चुप क्यों है? सपा चुप क्यों है? उनके पति अखिलेश यादव ने इस बयान का खंडन क्यों नहीं किया? मैं पूछना चाहती हूं कि क्या एक महिला सांसद की गरिमा से ज्यादा महत्वपूर्ण तुष्टिकरण हो गया है? इधर, कैराना से सपा सांसद इकरा हसन भी मौलाना पर भड़क गईं। कहा- एक महिला जनप्रतिनिधि, सबसे बड़ी पंचायत की सदस्य पर ऐसी टिप्पणी करना बेहद शर्मनाक बात है। ऐसे लोगों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। इनका सामाजिक बहिष्कार होना चाहिए, ये कोई धर्मगुरु नहीं हैं, किसी धर्म के ठेकेदार नहीं हैं। इन्हें किसी भी महिला पर ऐसी टिप्पणी करने का कोई अधिकार नहीं है। महिला आयोग की अध्यक्ष बोलीं- भगवान इन्हें सद्बुद्धि दे
उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष बबीता चौहान मंगलवार को आगरा पहुंचीं। सांसद डिंपल यादव पर की गई टिप्पणी को लेकर जब मीडिया ने सवाल किया तो बबीता चौहान ने कहा, यह मामला सिर्फ एक महिला सांसद का नहीं है। जब कोई भी व्यक्ति महिला के पहनावे या शरीर को लेकर सार्वजनिक रूप से ऐसी भाषा बोलता है, तो वह पूरी नारी जाति का अपमान करता है। यह निंदनीय है। मैं सिर्फ इतना कहूंगी विनाश काले विपरीत बुद्धि। उन्होंने कहा, मौलाना राशिद जैसे लोग ये क्यों नहीं सोचते कि उन्हें जन्म देने वाली भी एक महिला थी। किसी महिला के सिर ढके होने या न होने पर सवाल उठाना मानसिक संकीर्णता को दर्शाता है। भगवान इन्हें सद्बुद्धि दे। मौलाना रशीद को नोटिस भेजा गया है। मौलाना शहाबुद्दीन रिजवी बोले- अखिलेश ने पाप किया है
अखिलेश यादव की मस्जिद में मीटिंग पर बरेली के मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने भी आपत्ति जताई थी। बीते गुरुवार को उन्होंने कहा- यह मस्जिद की पवित्रता और गरिमा के खिलाफ है। हिंदू नेताओं का जाना पाप है। यह खतरनाक बात भी है। मुस्लिम कौम कतई बर्दाश्त नहीं करेगी। डिंपल यादव ने मस्जिद की तौहीन की। मस्जिद में जाते समय उन्होंने बिल्कुल ख्याल नहीं किया कि वह कहां जा रही हैं। उन्होंने सिर भी नहीं ढका था। उनका पहनावा इस्लाम के ही नहीं, भारतीय कल्चर के भी खिलाफ था। उन्हें ध्यान रखना चाहिए कि वह कहां जा रही हैं। उनका मस्जिद में जाने और उठने-बैठने का जो तौर-तरीका था, वह गलत था। उन्हें मुस्लिम कौम से माफी मांगनी चाहिए। अब मौलाना रजवी की बड़ी बातें पढ़िए- 1- सांसद नदवी शरीअत के मुजरिम, मस्जिद की इमामत से हटाया जाए
सपा के सांसद मोहिबुल्ला ने भी मस्जिद की तौहीन की। वो शरीअत के मुजरिम हैं। मस्जिद कमेटी के लोगों से मेरा कहना है- मोहिबुल्ला नदवी को मस्जिद की इमामत से हटाया जाए। उन्हें भी कौम से माफी मांगनी चाहिए। भविष्य में उनको यह तय करना होगा कि मस्जिद की तौहीन नहीं करेंगे। भविष्य में सपा की मीटिंग मस्जिद में नहीं होगी। 2- डिंपल ने पहनावे से मस्जिद की तौहीन की
डिंपल एक राजनीतिक हिंदू महिला हैं। उनको इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि वह इस्लाम की सबसे पवित्र जगह मस्जिद में जा रही हैं। उन्होंने अपने पहनावे और तौर-तरीकों के जरिए मस्जिद की तौहीन की है। 3- मस्जिद में मीटिंग करना गरिमा के खिलाफ
मस्जिद खुदा की इबादत (पूजा स्थल) करने की जगह है। मस्जिद इस्लाम में महत्वपूर्ण स्थान रखती है। जब कोई बंदा (व्यक्ति) मस्जिद जाता है तो दुनिया के तमाम झमेलों से बेपरवाह होकर खुदा की इबादत में व्यस्त हो जाता है। वहां पर उसको दुनिया की राजनीतिक बातों का कोई महत्व नहीं रह जाता। न ही इस्लाम ने उसको इसका अधिकार दिया है। मौलाना के खिलाफ गुस्सा क्यों?
22 जुलाई, मंगलवार को जब सदन की कार्यवाही स्थगित हुई, तब अखिलेश यादव अपने सांसदों के साथ बैठे थे। उसी दौरान रामपुर से सांसद मोहिबुल्ला नदवी ने उस मस्जिद के बारे में बताया, जहां वे इमाम हैं। इस पर अखिलेश ने पूछा कि मस्जिद यहां से कितनी दूर है। जवाब में मोहिबुल्ला नदवी ने कहा- बस सड़क के उस पार है। कार्यवाही स्थगित होने के कारण अखिलेश यादव अपने सांसदों के साथ नदवी के साथ मस्जिद देखने चले गए। कुछ देर तक सभी वहां रुके थे। इसकी तस्वीरें सामने आने के बाद डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा- अखिलेश नमाजवादी हैं। संविधान में साफ लिखा है कि हम धर्म का इस्तेमाल राजनीतिक उद्देश्यों के लिए नहीं करेंगे, लेकिन सपा मुखिया हमेशा संविधान का उल्लंघन करते रहे हैं। उन्हें संविधान पर कोई भरोसा नहीं है। अखिलेश ने डिप्टी सीएम के बयान पर पलटवार किया। कहा- आस्था जोड़ती है। जो आस्था जोड़ने का काम करती है, हम उसके साथ हैं, लेकिन भाजपा चाहती है कि कोई न जुड़े, दूरियां बनी रहें। हम सभी धर्मों में आस्था रखते हैं। भाजपा का हथियार धर्म है। इसपर एक टीवी शो के दौरान मौलाना साजिद ने कहा था- मस्जिद में 2 मोहतरमा आई थीं। एक ने तो खुद को ढक रखा था। दूसरी मोहतरमा डिंपल यादव, उनकी पीठ की फोटो देख लीजिए। नंगी बैठी हैं। ग्रेटर नोएडा में मौलाना के खिलाफ शिकायत
मौलाना साजिद रशीदी के खिलाफ सपा के वरिष्ठ नेता एडवोकेट श्याम सिंह भाटी और बार एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रमेंद्र सिंह भाटी ने ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर थाने में तहरीर दी है। उन्होंने मौलाना के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। श्याम सिंह भाटी का आरोप है कि मौलाना एक टीवी चैनल के लाइव डिबेट में सपा सांसद डिंपल यादव को लेकर अभद्र टिप्पणी की थी, जिसको लेकर समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं में जबरदस्त रोष है। भाटी ने कहा, मौलाना साजिद रसीदी की डिंपल यादव पर की गई अपमानजनक टिप्पणी से देशभर की महिलाओं का अपमान हुआ है। 21वीं शताब्दी में महिलाओं के प्रति मौलाना के इस तरह के विचार समाज के लिए घातक है। कौन हैं मौलाना मोहम्मद साजिद रशीदी
मौलाना मोहम्मद साजिद रशीदी ’ऑल इंडिया इमाम एसोसिएशन’ के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। यह एसोसिएशन देशभर के इमामों और धर्मगुरुओं का प्रतिनिधि संगठन माना जाता है। उन्होंने 2025 दिल्ली विधानसभा चुनाव में पहली बार बीजेपी को वोट देने की घोषणा की थी, ताकि मुस्लिमों में भाजपा से जुड़ी भय की भावना को दूर किया जा सके। VIDEO में देखिए मौलाना की पूरी कहानी… …………………. ये खबर भी पढ़ें सिपाही ने दबाव में की थी ‘सैयारा गर्ल’ से शादी, बहन बोली- 5 दिन पहले लखनऊ लाया, उसके घरवालों ने कहा था मार दो अनुराग 5 दिन पहले घर से सौम्या को जबरदस्ती लखनऊ लाया था। यहां 3-4 दिन भूखा रखा। उसके रिश्तेदारों-घरवालों ने कहा कि मार दो, तुम्हें कुछ नहीं होने देंगे। उसने बहन को फांसी लगा दी। वह हमारे भाई अवधेश का परिचित है। 2021 में भाई जब बीमार हुए तो वह हमारे घर आने-जाने लगा। यह कहना है लखनऊ में रील बनाकर सुसाइड करने वाली सिपाही की पत्नी की बहन का। बीकेटी थाने में तैनात सिपाही अनुराग की पत्नी सौम्या ने 27 जुलाई को वीडियो बनाकर सुसाइड कर लिया था। उसने आरोप लगाए थे कि सिपाही और उसके घरवाले उसे मारते-पीटते हैं। क्लिक करें
मौलाना साजिद रशीदी को थप्पड़ मारने वाले समाजवादी युवजन सभा के प्रदेश सचिव कुलदीप भाटी ने अपना बयान जारी किया। कहा, मैं गौतमबुद्ध नगर का रहने वाला हूं। भारत की सबसे बड़ी पंचायत में बैठने वाली डिंपल यादव पर मौलाना ने अभद्र टिप्पणी की है। आज हम एक डिबेट में बैठे थे, तब भी वह अभद्र टिप्पणी कर रहा था। मैं गुर्जर समाज से आता हूं, तो गुर्जर समाज अपनी गर्दन कटा सकता है। भारत की किसी भी महिला के खिलाफ अभद्र टिप्पणी नहीं सही जाएगी। आज मौलाना का इलाज कर दिया गया है। आगे भी इस तरह की टिप्पणी करने वालों का इलाज कर दिया जाएगा। मौलाना के खिलाफ NDA सांसदों ने संसद के बाहर किया था प्रदर्शन सोमवार को NDA सांसदों ने डिंपल यादव पर टिप्पणी करने वाले मौलाना साजिद रशीदी के खिलाफ संसद के बाहर विरोध प्रदर्शन किया था। भाजपा सांसद बांसुरी स्वराज ने कहा- डिंपल पर जिस तरह की अभद्र टिप्पणी की गई। मैं पूछना चाहती हूं कि पूरा विपक्ष इस पर चुप क्यों है? सपा चुप क्यों है? उनके पति अखिलेश यादव ने इस बयान का खंडन क्यों नहीं किया? मैं पूछना चाहती हूं कि क्या एक महिला सांसद की गरिमा से ज्यादा महत्वपूर्ण तुष्टिकरण हो गया है? इधर, कैराना से सपा सांसद इकरा हसन भी मौलाना पर भड़क गईं। कहा- एक महिला जनप्रतिनिधि, सबसे बड़ी पंचायत की सदस्य पर ऐसी टिप्पणी करना बेहद शर्मनाक बात है। ऐसे लोगों पर कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। इनका सामाजिक बहिष्कार होना चाहिए, ये कोई धर्मगुरु नहीं हैं, किसी धर्म के ठेकेदार नहीं हैं। इन्हें किसी भी महिला पर ऐसी टिप्पणी करने का कोई अधिकार नहीं है। महिला आयोग की अध्यक्ष बोलीं- भगवान इन्हें सद्बुद्धि दे
उत्तर प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष बबीता चौहान मंगलवार को आगरा पहुंचीं। सांसद डिंपल यादव पर की गई टिप्पणी को लेकर जब मीडिया ने सवाल किया तो बबीता चौहान ने कहा, यह मामला सिर्फ एक महिला सांसद का नहीं है। जब कोई भी व्यक्ति महिला के पहनावे या शरीर को लेकर सार्वजनिक रूप से ऐसी भाषा बोलता है, तो वह पूरी नारी जाति का अपमान करता है। यह निंदनीय है। मैं सिर्फ इतना कहूंगी विनाश काले विपरीत बुद्धि। उन्होंने कहा, मौलाना राशिद जैसे लोग ये क्यों नहीं सोचते कि उन्हें जन्म देने वाली भी एक महिला थी। किसी महिला के सिर ढके होने या न होने पर सवाल उठाना मानसिक संकीर्णता को दर्शाता है। भगवान इन्हें सद्बुद्धि दे। मौलाना रशीद को नोटिस भेजा गया है। मौलाना शहाबुद्दीन रिजवी बोले- अखिलेश ने पाप किया है
अखिलेश यादव की मस्जिद में मीटिंग पर बरेली के मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने भी आपत्ति जताई थी। बीते गुरुवार को उन्होंने कहा- यह मस्जिद की पवित्रता और गरिमा के खिलाफ है। हिंदू नेताओं का जाना पाप है। यह खतरनाक बात भी है। मुस्लिम कौम कतई बर्दाश्त नहीं करेगी। डिंपल यादव ने मस्जिद की तौहीन की। मस्जिद में जाते समय उन्होंने बिल्कुल ख्याल नहीं किया कि वह कहां जा रही हैं। उन्होंने सिर भी नहीं ढका था। उनका पहनावा इस्लाम के ही नहीं, भारतीय कल्चर के भी खिलाफ था। उन्हें ध्यान रखना चाहिए कि वह कहां जा रही हैं। उनका मस्जिद में जाने और उठने-बैठने का जो तौर-तरीका था, वह गलत था। उन्हें मुस्लिम कौम से माफी मांगनी चाहिए। अब मौलाना रजवी की बड़ी बातें पढ़िए- 1- सांसद नदवी शरीअत के मुजरिम, मस्जिद की इमामत से हटाया जाए
सपा के सांसद मोहिबुल्ला ने भी मस्जिद की तौहीन की। वो शरीअत के मुजरिम हैं। मस्जिद कमेटी के लोगों से मेरा कहना है- मोहिबुल्ला नदवी को मस्जिद की इमामत से हटाया जाए। उन्हें भी कौम से माफी मांगनी चाहिए। भविष्य में उनको यह तय करना होगा कि मस्जिद की तौहीन नहीं करेंगे। भविष्य में सपा की मीटिंग मस्जिद में नहीं होगी। 2- डिंपल ने पहनावे से मस्जिद की तौहीन की
डिंपल एक राजनीतिक हिंदू महिला हैं। उनको इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि वह इस्लाम की सबसे पवित्र जगह मस्जिद में जा रही हैं। उन्होंने अपने पहनावे और तौर-तरीकों के जरिए मस्जिद की तौहीन की है। 3- मस्जिद में मीटिंग करना गरिमा के खिलाफ
मस्जिद खुदा की इबादत (पूजा स्थल) करने की जगह है। मस्जिद इस्लाम में महत्वपूर्ण स्थान रखती है। जब कोई बंदा (व्यक्ति) मस्जिद जाता है तो दुनिया के तमाम झमेलों से बेपरवाह होकर खुदा की इबादत में व्यस्त हो जाता है। वहां पर उसको दुनिया की राजनीतिक बातों का कोई महत्व नहीं रह जाता। न ही इस्लाम ने उसको इसका अधिकार दिया है। मौलाना के खिलाफ गुस्सा क्यों?
22 जुलाई, मंगलवार को जब सदन की कार्यवाही स्थगित हुई, तब अखिलेश यादव अपने सांसदों के साथ बैठे थे। उसी दौरान रामपुर से सांसद मोहिबुल्ला नदवी ने उस मस्जिद के बारे में बताया, जहां वे इमाम हैं। इस पर अखिलेश ने पूछा कि मस्जिद यहां से कितनी दूर है। जवाब में मोहिबुल्ला नदवी ने कहा- बस सड़क के उस पार है। कार्यवाही स्थगित होने के कारण अखिलेश यादव अपने सांसदों के साथ नदवी के साथ मस्जिद देखने चले गए। कुछ देर तक सभी वहां रुके थे। इसकी तस्वीरें सामने आने के बाद डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा- अखिलेश नमाजवादी हैं। संविधान में साफ लिखा है कि हम धर्म का इस्तेमाल राजनीतिक उद्देश्यों के लिए नहीं करेंगे, लेकिन सपा मुखिया हमेशा संविधान का उल्लंघन करते रहे हैं। उन्हें संविधान पर कोई भरोसा नहीं है। अखिलेश ने डिप्टी सीएम के बयान पर पलटवार किया। कहा- आस्था जोड़ती है। जो आस्था जोड़ने का काम करती है, हम उसके साथ हैं, लेकिन भाजपा चाहती है कि कोई न जुड़े, दूरियां बनी रहें। हम सभी धर्मों में आस्था रखते हैं। भाजपा का हथियार धर्म है। इसपर एक टीवी शो के दौरान मौलाना साजिद ने कहा था- मस्जिद में 2 मोहतरमा आई थीं। एक ने तो खुद को ढक रखा था। दूसरी मोहतरमा डिंपल यादव, उनकी पीठ की फोटो देख लीजिए। नंगी बैठी हैं। ग्रेटर नोएडा में मौलाना के खिलाफ शिकायत
मौलाना साजिद रशीदी के खिलाफ सपा के वरिष्ठ नेता एडवोकेट श्याम सिंह भाटी और बार एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रमेंद्र सिंह भाटी ने ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर थाने में तहरीर दी है। उन्होंने मौलाना के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। श्याम सिंह भाटी का आरोप है कि मौलाना एक टीवी चैनल के लाइव डिबेट में सपा सांसद डिंपल यादव को लेकर अभद्र टिप्पणी की थी, जिसको लेकर समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं में जबरदस्त रोष है। भाटी ने कहा, मौलाना साजिद रसीदी की डिंपल यादव पर की गई अपमानजनक टिप्पणी से देशभर की महिलाओं का अपमान हुआ है। 21वीं शताब्दी में महिलाओं के प्रति मौलाना के इस तरह के विचार समाज के लिए घातक है। कौन हैं मौलाना मोहम्मद साजिद रशीदी
मौलाना मोहम्मद साजिद रशीदी ’ऑल इंडिया इमाम एसोसिएशन’ के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। यह एसोसिएशन देशभर के इमामों और धर्मगुरुओं का प्रतिनिधि संगठन माना जाता है। उन्होंने 2025 दिल्ली विधानसभा चुनाव में पहली बार बीजेपी को वोट देने की घोषणा की थी, ताकि मुस्लिमों में भाजपा से जुड़ी भय की भावना को दूर किया जा सके। VIDEO में देखिए मौलाना की पूरी कहानी… …………………. ये खबर भी पढ़ें सिपाही ने दबाव में की थी ‘सैयारा गर्ल’ से शादी, बहन बोली- 5 दिन पहले लखनऊ लाया, उसके घरवालों ने कहा था मार दो अनुराग 5 दिन पहले घर से सौम्या को जबरदस्ती लखनऊ लाया था। यहां 3-4 दिन भूखा रखा। उसके रिश्तेदारों-घरवालों ने कहा कि मार दो, तुम्हें कुछ नहीं होने देंगे। उसने बहन को फांसी लगा दी। वह हमारे भाई अवधेश का परिचित है। 2021 में भाई जब बीमार हुए तो वह हमारे घर आने-जाने लगा। यह कहना है लखनऊ में रील बनाकर सुसाइड करने वाली सिपाही की पत्नी की बहन का। बीकेटी थाने में तैनात सिपाही अनुराग की पत्नी सौम्या ने 27 जुलाई को वीडियो बनाकर सुसाइड कर लिया था। उसने आरोप लगाए थे कि सिपाही और उसके घरवाले उसे मारते-पीटते हैं। क्लिक करें