जौनपुर में मां ने अपने 3 बेटों को चाऊमिन में जहर मिलाकर खिला दिया। इसके बाद मां ने खुद भी जहर खा लिया। हालत बिगड़ने पर बड़े बेटे ने चाचा प्रेमचंद्र से बताया कि मां ने जहर खिला दिया है। इसके बाद चाचा तुरंत मौके पर पहुंचे। सूचना पर पुलिस भी आ गई। तब तक मां और बच्चे बेहोश हो चुके थे। सभी को शाहगंज में लाइफ क्योर हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। वहां डॉक्टर ने एक बच्चे को मृत घोषित कर दिया। बाकी दोनों बच्चों और मां की स्थिति नाजुक है। मां को डॉक्टर ने जिला अस्पताल रेफर किया है। मामला शाहगंज कोतवाली क्षेत्र के सबरहद गांव का है। अब सिलसिलेवार जानिए पूरा घटनाक्रम सबरहद गांव में मोनू (35) का परिवार रहता है। 9 साल पहले मोनू की शादी जलालपुर की रहने वाली सविता से हुई थी। घर में पत्नी सविता (32), 3 बेटे सत्या (8), शिवम (6), शिवांश (8 महीने) और मां-पिता रहते हैं। मोनू बेंगलुरु में नौकरी करता है। सोमवार दोपहर को मोनू की मां घर पर नहीं थी। इसी बीच सविता ने अपने तीनों बेटों को जहर खिला दिया। फिर खुद भी खा लिया। सभी की हालत बिगड़ने पर बड़े बेटे सत्या को शक हुआ। उसने बगल में रह रहे अपने चाचा प्रेमचंद्र को बुला लिया। कहा, मां ने चाउमीन खिलाई थी, तभी से तबीयत खराब है। चाचा भागकर मौके पर पहुंचा, तो देखा तीनों बच्चे घर में जमीन पर पड़े थे। उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। इसके बाद एम्बुलेंस से सभी को अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां शिवम की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शिवम के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। सास बोली- घर से फोन आया कि पोते की मौत हो गई
मोनू की मां चमेला ने बताया- मैं अपने एक रिश्तेदार के घर गई थी। मुझे नहीं पता कि बहू ने ऐसा क्यों किया? दोपहर में छोटी बहू ने फोन कर बताया कि दीदी ने बच्चों को जहर दे दिया है। इतना सुनते ही मैं भागकर घर पहुंची। यहां आकर देखा तो एक पोते की मौत हो चुकी थी। दो पोते भर्ती हैं। बहू की भी हालत नाजुक है। मैं जब सुबह गई थी, तो घर में सबकुछ ठीक था। 2 घंटे में पता नहीं क्या हो गया कि बहू ने यह कदम उठा लिया। मेरा बेटा बेंगलुरु में रहता है। घर में बहू और बच्चे ही थे। आज बच्चे स्कूल भी नहीं गए थे। फिर ऐसा क्या हुआ कि उसने बच्चों को जहर दे दिया?
ससुर रामचंद्र ने बताया कि कल मेरी बहू पोते को पीट रही थी। जिससे उसका सिर फट गया। इस पर मैंने बहू को डांट दिया था। समझाया कि ऐसे बच्चों को नहीं मारते हैं। गलती करें तो डांट दो समझा दो। इसके बाद आज सुबह मैं पत्नी को लेकर ससुराल चला गया था। तभी मेरी बहू बाजार गई वहां से जहर लेकर आई। बच्चों से साथ खा लिया। जिससे मेरे एक पोते की मौत हो गई। मुझे तो छोटी बहू ने काल कर बताया कि दीदी ने जहर खा लिया। फिर मैं घर पहुंचा। मां न कहा- सास-ससुर झगड़ा करते हैं
सविता की मां आरती ने कहा- मेरी बेटी के साथ उसके सास और ससुर झगड़ा करते हैं। कहते हैं, तुमने बच्चों को जन्म देकर फेंक दिया है। मोटी होने का भी ताना मारते हैं। आज उसके देवर ने फोन कर बताया कि आपकी बेटी ने जहर खा लिया है। तब हम लोग भागकर शाहगंज पहुंचे। यहां आकर देखा तो मेरे एक नाती की मौत हो चुकी थी। बेटी और 2 बच्चे अभी भी मौत से जंग लड़ रहे हैं। मेरी बेटी सविता की हालत ज्यादा नाजुक है। भाई विनय कनौजिया ने बताया कि दोपहर में मेरी बहन के देवर ने मुझे फोन करके बताया कि आपकी बहन ने जहर खा लिया है। उसने बच्चों को भी जहर खिला दिया है। उन लोगों ने कोई वजह नहीं बताई। वो लोग हम लोगों को बहन से बात नहीं करने देते थे। बहन के पास फोन भी नहीं था। हम लोगों से भी कभी-कभी ही बात होती थी। 2 दिन पहले उसने फोन कर बताया था कि सास-ससुर झगड़ा करते हैं। परेशान करते हैं। इसलिए आज मेरी बहन ने जहर खा लिया। एसपी ग्रामीण आतिश कुमार सिंह ने बताया मां ने बच्चों को किसी बात को लेकर डांटा था। इस पर ससुर ने बहू को डांट दिया। इसी से नाराज होकर महिला अपने बच्चों को कीटनाशक दवा दे दी और खुद भी खा ली। इसमें एक बच्चे की मौत हो गई। मां और 2 बच्चों की हालत नाजुक है। जिसको देखते हुए जिला अस्पताल रेफर किया गया है। …………………………. ये खबर भी पढ़ें… जब तक कोई सुसाइड न कर ले, लोग मानते नहीं, कानपुर में लिव-इन में रह रही महिला ने जान दी; पति से अलग रह रही थी जब तक कोई सुसाइड न कर ले, तब तक लोग मानते कहां हैं कि कोई कितने दर्द में है…रविवार देर रात इंस्टाग्राम पर पोस्ट करके महिला ने फंदे पर लटक कर जान दे दी। वह 5 महीने से एक युवक के साथ लिव-इन में रह रही थी। कानपुर में घटना के बाद लिव-इन में रहने वाला युवक फरार हो गया। सोमवार सुबह किराएदारों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। शव को फंदे से उतारकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। परिजनों ने बताया कि एक साल पहले महिला अपने पति को छोड़ कर अलग रह रही थी। घटना नौबस्ता की है। पढ़ें पूरी खबर…
मोनू की मां चमेला ने बताया- मैं अपने एक रिश्तेदार के घर गई थी। मुझे नहीं पता कि बहू ने ऐसा क्यों किया? दोपहर में छोटी बहू ने फोन कर बताया कि दीदी ने बच्चों को जहर दे दिया है। इतना सुनते ही मैं भागकर घर पहुंची। यहां आकर देखा तो एक पोते की मौत हो चुकी थी। दो पोते भर्ती हैं। बहू की भी हालत नाजुक है। मैं जब सुबह गई थी, तो घर में सबकुछ ठीक था। 2 घंटे में पता नहीं क्या हो गया कि बहू ने यह कदम उठा लिया। मेरा बेटा बेंगलुरु में रहता है। घर में बहू और बच्चे ही थे। आज बच्चे स्कूल भी नहीं गए थे। फिर ऐसा क्या हुआ कि उसने बच्चों को जहर दे दिया?
ससुर रामचंद्र ने बताया कि कल मेरी बहू पोते को पीट रही थी। जिससे उसका सिर फट गया। इस पर मैंने बहू को डांट दिया था। समझाया कि ऐसे बच्चों को नहीं मारते हैं। गलती करें तो डांट दो समझा दो। इसके बाद आज सुबह मैं पत्नी को लेकर ससुराल चला गया था। तभी मेरी बहू बाजार गई वहां से जहर लेकर आई। बच्चों से साथ खा लिया। जिससे मेरे एक पोते की मौत हो गई। मुझे तो छोटी बहू ने काल कर बताया कि दीदी ने जहर खा लिया। फिर मैं घर पहुंचा। मां न कहा- सास-ससुर झगड़ा करते हैं
सविता की मां आरती ने कहा- मेरी बेटी के साथ उसके सास और ससुर झगड़ा करते हैं। कहते हैं, तुमने बच्चों को जन्म देकर फेंक दिया है। मोटी होने का भी ताना मारते हैं। आज उसके देवर ने फोन कर बताया कि आपकी बेटी ने जहर खा लिया है। तब हम लोग भागकर शाहगंज पहुंचे। यहां आकर देखा तो मेरे एक नाती की मौत हो चुकी थी। बेटी और 2 बच्चे अभी भी मौत से जंग लड़ रहे हैं। मेरी बेटी सविता की हालत ज्यादा नाजुक है। भाई विनय कनौजिया ने बताया कि दोपहर में मेरी बहन के देवर ने मुझे फोन करके बताया कि आपकी बहन ने जहर खा लिया है। उसने बच्चों को भी जहर खिला दिया है। उन लोगों ने कोई वजह नहीं बताई। वो लोग हम लोगों को बहन से बात नहीं करने देते थे। बहन के पास फोन भी नहीं था। हम लोगों से भी कभी-कभी ही बात होती थी। 2 दिन पहले उसने फोन कर बताया था कि सास-ससुर झगड़ा करते हैं। परेशान करते हैं। इसलिए आज मेरी बहन ने जहर खा लिया। एसपी ग्रामीण आतिश कुमार सिंह ने बताया मां ने बच्चों को किसी बात को लेकर डांटा था। इस पर ससुर ने बहू को डांट दिया। इसी से नाराज होकर महिला अपने बच्चों को कीटनाशक दवा दे दी और खुद भी खा ली। इसमें एक बच्चे की मौत हो गई। मां और 2 बच्चों की हालत नाजुक है। जिसको देखते हुए जिला अस्पताल रेफर किया गया है। …………………………. ये खबर भी पढ़ें… जब तक कोई सुसाइड न कर ले, लोग मानते नहीं, कानपुर में लिव-इन में रह रही महिला ने जान दी; पति से अलग रह रही थी जब तक कोई सुसाइड न कर ले, तब तक लोग मानते कहां हैं कि कोई कितने दर्द में है…रविवार देर रात इंस्टाग्राम पर पोस्ट करके महिला ने फंदे पर लटक कर जान दे दी। वह 5 महीने से एक युवक के साथ लिव-इन में रह रही थी। कानपुर में घटना के बाद लिव-इन में रहने वाला युवक फरार हो गया। सोमवार सुबह किराएदारों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। शव को फंदे से उतारकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। परिजनों ने बताया कि एक साल पहले महिला अपने पति को छोड़ कर अलग रह रही थी। घटना नौबस्ता की है। पढ़ें पूरी खबर…