मेरठ में फौजी को पीटने वाले कौन? जानें प्रोफाइल:वीडियो में कैद हुई हरकत, दोनों हाथ बांधकर पीटते रहे; 7 आरोपी पकड़े गए

मेरठ में 17 अगस्त की रात भूनी टोल प्लाजा पर जवान कपिल को बुरी तरह पीटा गया। टोल प्लाजा के स्टाफ ने कपिल के दोनों हाथों को खंभे से बांधा और उसे लाठी, ईंट, डंडों से मारा। इसके 18 अगस्त को पूर्व विधायक संगीम सोम और ग्रामीण पहुंचे। टोल प्लाजा के सामने धरने पर बैठे गए। फिर पुलिस एक्शन मोड में आई। मुख्य आरोपी बिट्टू पर नामजद और 8-10 अज्ञात पर मुकदमा दर्ज किया। 7 आरोपियों को पुलिस अब तक अरेस्ट कर चुकी है। जबकि अन्य आरोपियों की पहचान जारी है। फौजी के साथ मारपीट करने वाले ये आरोपी पहले भी गांवों में मारपीट, बदमाशी कर चुके हैं। जिसका रिकार्ड थानों में दर्ज है। पढ़िए आरोपियों की पूरी हिस्ट्री… जानिए पूरा घटनाक्रम
जवान कपिल को 17 अगस्त की रात मेरठ-करनाल हाईवे पर स्थित भूनी टोल प्लाजा पर टोल कर्मियों ने हमला कर दिया। उन्हें बुरी तरह से पीटा। वह श्रीनगर में राजपूत बटालियन में तैनात हैं। कांवड़ यात्रा के दौरान छुट्टी पर आए थे। रविवार को श्रीनगर वापस जा रहे थे। इसी दौरान मारपीट की घटना हुई। सोमवार को गुस्साए फौजी के गांव गोटका और आसपास के गांवों के 500 से ज्यादा लोगों ने भूनी टोल ऑफिस पर हमला कर दिया। लोगों ने टोल ऑफिस की खिड़कियां, फर्नीचर तोड़ दिया और जमकर पत्थर बरसाए। लोगों की भीड़ देख टोल कर्मी मौके से भाग गए। सोमवार दोपहर 1 बजे से शुरू हुआ हंगामा शाम 5 बजे तक चलता रहा। मारपीट के कारण ड्यूटी ज्वाइन नहीं कर पाए
कपिल को सोमवार (17 अगस्त) को ड्यूटी ज्वाइन करना था, लेकिन रविवार रात जो मारपीट हुई। उसके कारण वो ड्यूटी पर नहीं जा पाए। रात ही पूरे घटनाक्रम के बाद कपिल उनके परिवार ने आर्मी ऑफिसर्स को सारा वाकया बताया। उन्हें बताया कि किस तरह जवान को टोलकर्मियों ने पीटा है। इसके बाद सेना ने पूरे मामले को गंभीरता से लिया। NHAI ने कंपनी पर 20 लाख रुपए का जुर्माना लगाया
घटना के बाद राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने कार्रवाई करते हुए टोल कलेक्शन एजेंसी, मेसर्स धरम सिंह एंड कंपनी पर 20 लाख रुपए का जुर्माना लगाया। कंपनी का कॉन्ट्रैक्ट खत्म करने के साथ ही कंपनी पर भविष्य में टोल प्लाजा की नीलामी में भाग लेने से रोकने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। अब तक का पुलिस का एक्शन
SP देहात डॉ. राकेश कुमार मिश्रा ने बताया, पीड़ित परिवार की तहरीर पर अटैंप्ट टू मर्डर की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। 7 लोगों को पुलिस ने अरेस्ट कर लिया है। बाकी अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस लगी है। गांव के कुछ आक्रोशित ग्रामीणों ने टोल प्लाजा पर पहले भी हुई ऐसी घटनाओं की जानकारी दी है। उन सभी घटनाओं के बारे में जानकारी की जा रही है। पुलिस प्रशासन ने लोगों से बातचीत कर उन्हें आश्वासन दिया है कि पूरे मामले में कार्रवाई करेगी। टोल स्टाफ की तरफ से फिलहाल कोई तहरीर नहीं दी गई है। पूरे मामले के लिए CCTV चेक किए जा रहे हैं। एनएचएआई के अधिकारियों ने यहां पर आकर वार्ता की है कि टोल फ्री करना या इसे कबसे चलाना है इसके लिए वो कार्य कर रहे हैं। टोल मैनेजर बोले- जवान के साथ जो हुआ वो गलत
टोल कंपनी के मैनेजर शंकरलाल ने कहा- हर कोई अपने को गोटका गांव का कहता है। ये लोग 350 रुपए का कार्ड भी नहीं बनवाते हैं और टोल भी नहीं देते हैं। सेना के जवान के साथ जो हुआ है उसका हमें भी दुख है। हमने पुलिस को खुद CCTV देकर आरोपियों को अरेस्ट करवाया है। उन्होंने बताया- जवान की गाड़ी के पीछे 7 से 8 गाड़ियां थीं। हमारे कर्मचारियों से उसने कहा कि मेरी फ्लाइट है मुझे जाने दो, हमारे स्टाफ ने भी उनसे रिक्वेस्ट किया। कहा कि सर और गाड़ियां निकलते ही हम गाड़ी पास कराएंगे लेकिन उन्होंने हमारे स्टाफ से गलत शब्द कहने शुरू कर दिए। हमारे लिए जवान सम्माननीय हैं, जो हुआ वो नहीं होना चाहिए था। उन्होंने कहा- मारपीट में बिट्‌टू उसमें नहीं था वह टोल का कर्मचारी था। रवि आरोपी है उसका नाम हमने पुलिस को दे दिया है। जब घटना हुई तब मैं वहां पर नहीं था लेकिन जैसे मुझे पता चला तो मैं मौके पर आ गया। पुलिस की मौजूदगी में तोड़फोड़ हुई है। जो कि गलत है। हमारे सारे कैमरे आफिस के एसी, फर्नीचर, बूम और मशीनें सब तोड़ दिए गए हैं। कुछ नहीं छोड़ा। धरने पर बैठे थे ग्रामीण
तोड़फोड़ करने के बाद गुस्साए लोग टोल पर ही धरने पर बैठ गए। सूचना मिलते ही एसपी देहात, एडीएम, एसडीएम समेत 8 थानों की फोर्स मौके पर पहुंच गई। वहीं, पूर्व भाजपा विधायक संगीत सोम और जितेंद्र सातवाई भी मौके पर पहुंचे थे। संगीत सोम ने कहा था-अफसर कुर्सी पर बैठेंगे और पीड़ित जमीन पर बैठेंगे। अफसरों को जमीन पर बुलाओ। पब्लिक यहां दो घंटे से बैठी है, अफसर यहां नहीं हैं। इन्हें समझाओ बुद्धि ठीक रखें। ऐसा न हो कि मुझे DM को बुलवाना पड़े। बाद में टोल पर सर्वसमाज की पंचायत हुई। इसमें 4 मांगों पर सहमति बनी, जिसके बाद धरना खत्म किया गया। इन 4 मांगों पर सहमति बनी अब तक का पुलिस का एक्शन
SP देहात डॉ. राकेश कुमार मिश्रा ने बताया, पीड़ित परिवार की तहरीर पर अटैंम्पट टू मर्डर की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। मुकदमा दर्ज होने के बाद 7 लोगों को पुलिस ने अरेस्ट कर लिया है। बाकी अन्य आरोपियों की तलाश में पुलिस लगी है। गांव के कुछ आक्रोशित ग्रामीणों ने टोल प्लाजा पर पहले भी हुई ऐसी घटनाओं की जानकारी दी है। उन सभी घटनाओं के बारे में जानकारी की जा रही है। पुलिस प्रशासन ने लोगों से बातचीत कर उन्हें आश्वासन दिया है कि पूरे मामले में कार्रवाई करेगी। टोल स्टाफ की तरफ से फिलहाल कोई तहरीर नहीं दी गई है। पूरे मामले के लिए CCTV चेक किए जा रहे हैं। एनएचएआई के अधिकारियों ने यहां पर आकर वार्ता की है कि टोल फ्री करना या इसे कबसे चलाना है इसके लिए वो कार्य कर रहे हैं। ——————————————- ये खबर भी पढ़ें :- फौजी को टोल कर्मियों ने खंबे से बांधकर पीटा:मेरठ में गुस्साए लोगों ने तोड़फोड़ की यूपी में मेरठ-करनाल हाईवे पर स्थित भूनी टोल प्लाजा पर रविवार रात फौजी की टोलकर्मियों ने पिटाई कर दी। टोलकर्मियों ने फौजी को रातभर खंबे से बांधे रखा और पीटतेरहे। इससे गुस्साए फौजी के गांव गोटका और आसपास के गांवों के 500 से ज्यादा लोगों ने भूनी टोल ऑफिस पर हमला कर दिया। लोगों ने टोल ऑफिस की खिड़कियां, फर्नीचर तोड़ दिया और जमकर पत्थर बरसाए। लोगों की भीड़ देख टोल कर्मी मौके से भाग गए। पढ़ें पूरी खबर