कानपुर में IIT की तैयारी कर रहे छात्र की रील देखते-देखते मौत हो गई। वह बेड पर बैठकर मोबाइल देख रहा था। तभी अचानक जमीन पर गिरा, पल भर में मौत हो गई। उसके छोटे भाइयों ने आस-पड़ोस के लोगों को बुलाया। उसे कांशीराम अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। महोबा का रहने वाला युवक करीब एक साल से अपने छोटे भाइयों के साथ कानपुर में रहकर पढ़ाई करता था। घटना गुरुवार रात 11 बजे की रामादेवी स्थित पेट्रोल पंप के पीछे की है। अब पढ़िए पूरा मामला… महोबा के कबरई के मवईखुर्द निवासी प्रशांत यादव (19) रामादेवी स्थित पेट्रोल पंप के पीछे छोटे भाई प्रवीण और मौसेरे भाई योगेंद्र के साथ किराए पर रहता था। मौसा परमानंद ने बताया- प्रशांत बीटेक की तैयारी कर रहा था। जबकि प्रवीण और योगेंद्र इंटर की पढ़ाई कर रहे हैं। प्रशांत के पिता बाबूराम छत्तीसगढ़ स्थित एक प्राइवेट कॉलेज में शिक्षक हैं। परमानंद ने बताया कि गुरुवार शाम करीब 7 बजे प्रशांत सब्जी लेने गया था। 8 बजे तक वापस आने के बाद उसने खाना बनाया। खाना खाने के बाद प्रवीण और योगेंद्र जमीन पर लगे बिस्तर पर सो गए। जबकि प्रशांत बिस्तर पर ही बैठे-बैठे मोबाइल देख रहा था। रात करीब 11 बजे मोबाइल में रील देखते-देखते प्रशांत औंधे मुंह गिर पड़ा। छोटे भाइयों ने पड़ोसियों की मदद से उसे कांशीराम अस्पताल में भर्ती कराया। हालांकि तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। अस्पताल कर्मचारियों ने मामले की जानकारी चकेरी पुलिस को दी। पुलिस ने पंचायतनामा भरकर शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा। एक साल बीटेक करके छोड़ दिया था
मौसा ने बताया कि प्रशांत ने 2023 में रूमा स्थित एक कॉलेज में बीटेक के लिए दाखिला लिया था। पसंद न आने पर एक साल बाद उसने कॉलेज छोड़ दिया था। जिसके बाद वह अच्छे कॉलेज के लिए कानपुर में ही रह कर तैयारी कर रहा था। प्रशांत की मां रामकुमारी और बड़ी बहन क्षमा छत्तीसगढ़ में रहती हैं। क्षमा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं है, बिसरा सुरक्षित रख लिया गया है। चकेरी थाना प्रभारी अजय प्रकाश मिश्र ने बताया कि कांशीराम अस्पताल से युवक की मौत की जानकारी आई थी, जिस पर शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया था। मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। 3 महीने पहले लखनऊ में हो चुकी है छात्र की मौत
15 अक्टूबर को लखनऊ के इंदिरानगर थाना क्षेत्र के परमेश्वर एन्क्लेव कॉलोनी, शिवाजीपुरम के रहने वाले 13 साल के विवेक कश्यप की मोबाइल चलाते-चलाते मौत हो गई थी। वह बिस्तर पर बेहोश पड़ा था। बहन ने बताया था कि वह रोज फ्री फायर गेम खेलता था। कुछ देर पहले भी गेम खेल रहा था। तभी वह बेहोश होकर नीचे गिर गया था। ———————————– ये खबर भी पढ़िए- मोबाइल गेमिंग की लत कितनी खतरनाक:स्क्रीन पर टकटकी-एक्साइटमेंट से हो सकती है मौत, क्या कहते हैं एक्सपर्ट लखनऊ में 13 साल के लड़के विवेक कश्यप की मोबाइल फोन चलाते-चलाते मौत हो गई। वह बिस्तर पर बेहोश पड़ा था। बहन कुछ देर में आई, तो उसने बिस्तर पर पड़े फोन को चार्जिंग पर लगा दिया। भाई को चादर ओढ़ाकर चली गई। कुछ देर बाद कामकाज से फुरसत पाकर भाई को खाना खाने के लिए उठाने पहुंची। पढ़ें पूरी खबर
मौसा ने बताया कि प्रशांत ने 2023 में रूमा स्थित एक कॉलेज में बीटेक के लिए दाखिला लिया था। पसंद न आने पर एक साल बाद उसने कॉलेज छोड़ दिया था। जिसके बाद वह अच्छे कॉलेज के लिए कानपुर में ही रह कर तैयारी कर रहा था। प्रशांत की मां रामकुमारी और बड़ी बहन क्षमा छत्तीसगढ़ में रहती हैं। क्षमा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट नहीं है, बिसरा सुरक्षित रख लिया गया है। चकेरी थाना प्रभारी अजय प्रकाश मिश्र ने बताया कि कांशीराम अस्पताल से युवक की मौत की जानकारी आई थी, जिस पर शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया था। मौत का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। 3 महीने पहले लखनऊ में हो चुकी है छात्र की मौत
15 अक्टूबर को लखनऊ के इंदिरानगर थाना क्षेत्र के परमेश्वर एन्क्लेव कॉलोनी, शिवाजीपुरम के रहने वाले 13 साल के विवेक कश्यप की मोबाइल चलाते-चलाते मौत हो गई थी। वह बिस्तर पर बेहोश पड़ा था। बहन ने बताया था कि वह रोज फ्री फायर गेम खेलता था। कुछ देर पहले भी गेम खेल रहा था। तभी वह बेहोश होकर नीचे गिर गया था। ———————————– ये खबर भी पढ़िए- मोबाइल गेमिंग की लत कितनी खतरनाक:स्क्रीन पर टकटकी-एक्साइटमेंट से हो सकती है मौत, क्या कहते हैं एक्सपर्ट लखनऊ में 13 साल के लड़के विवेक कश्यप की मोबाइल फोन चलाते-चलाते मौत हो गई। वह बिस्तर पर बेहोश पड़ा था। बहन कुछ देर में आई, तो उसने बिस्तर पर पड़े फोन को चार्जिंग पर लगा दिया। भाई को चादर ओढ़ाकर चली गई। कुछ देर बाद कामकाज से फुरसत पाकर भाई को खाना खाने के लिए उठाने पहुंची। पढ़ें पूरी खबर