यूपी के गुरुवार को कई जिलों में पेट्रोल-डीजल के लिए पंपों पर लाइनें लगी रहीं। कुछ जिलों के कई पंपों पर पेट्रोल-डीजल खत्म हो गया। लखनऊ के भी 4 पेट्रोल पंप वीरान पड़े रहे। पेट्रोल नहीं होने की वजह से लोगों को लौटना पड़ा। देवरिया, सुल्तानपुर और गोंडा समेत कई जिलों के पेट्रोल पंपों पर भारी भीड़ उमड़ी। लोग बड़े-बड़े डिब्बे लेकर पेट्रोल-डीजल भरवाने पहुंच गए। कई जगह लंबी लाइनें लग गईं। लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ा। गोरखपुर में दोपहर 12 बजे एक युवक बाइक पर एक और टंकी लादकर तेल लेने पहुंचा। कहा- दोनों टंकियां फुल कर दीजिए। श्रावस्ती में डिब्बों में पेट्रोल-डीजल भरने पर रोक लगा दी गई। इससे भड़के किसानों ने दोपहर 2 बजे नेशनल हाईवे जाम कर दिया। पुलिस ने किसी तरह उन्हें समझाया। देवरिया में सुबह एक युवक ट्रॉली में 7 भगौने लादकर पेट्रोल पंप पर पहुंचा और तेल भरवाकर ले गया। इधर, नायरा पेट्रोलियम ने प्रदेश में पेट्रोल 5.30 और डीजल 3 रुपए प्रति लीटर महंगा कर दिया। इसके बाद लखनऊ में नायरा के पंपों पर पेट्रोल ₹100.15 और डीजल ₹91.05 प्रति लीटर मिल रहा। पहले पेट्रोल ₹94.84 और डीजल ₹88.05 प्रति लीटर मिलता था। यूपी में तेल कंपनियों के कॉर्डिनेटर संजय भंडारी ने बताया कि हमारे पास 22 दिन का स्टॉक है। इसलिए अफवाहों पर ध्यान न दें। घबराकर ज्यादा तेल खरीदने या जमा करने की जरूरत नहीं है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने सरकार पर तंज कसा। कहा कि नया महीना आ रहा है। भाजपा शासन में लोगों को लाइन के अलावा क्या मिला? वहीं, गोरखपुर में सीएम योगी ने लोगों से अपील की- पंप पर लाइन न लगाएं। जब जरूरत हो, तभी डीजल-पेट्रोल लेने जाएं। अगर लाइन लगाएंगे तो हमारी राष्ट्रभक्ति पर संदेह होगा। प्रदेश में करीब 13,168 पेट्रोल पंप चल रहे हैं। पंप मालिकों का कहना है कि अचानक 3 से 4 गुना तक भीड़ बढ़ गई। उन्हें समझ में भी नहीं आया कि तेल पर्याप्त होने के बावजूद ऐसा क्यों हुआ। तस्वीरें देखिए- पेट्रोल-डीजल को लेकर पंपों पर क्या हालात हैं, जानने के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…