महोबा में मंत्री स्वतंत्र देव का काफिला रोकने वाले भाजपा विधायक बृजभूषण राजपूत जल जीवन मिशन का रियलिटी चेक करने उतरे। उन्होंने कई गांवों का दौरा किया। इस दौरान पाया कि जिन गांवों को ‘पूर्ण संतृप्त’ घोषित किया गया, वहां घरों के बाहर पाइप पड़े हैं। नलों पर टोंटियां तक नहीं लगी हैं। बीजेपी विधायक ने कहा कि गांवों में पानी का कनेक्शन अभी तक नहीं पहुंचा। महिलाएं आज भी मीलों दूर से सिर पर मटका रखकर पानी लाने को मजबूर हैं। उन्होंने एक महिला के कलश से पानी भी पीया। इसके बाद सीएम योगी से पूरे मामले की SIT जांच कराने की मांग की। दरअसल, 30 जनवरी को बृजभूषण राजपूत ने पानी की समस्या को लेकर जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव का काफिला रोक लिया था। इस दौरान उनके साथ करीब 100 ग्राम प्रधान भी थे। जिसके बाद मंत्री ने 20 दिन का समय मांगा था। उन्होंने वादा किया था कि पानी की समस्याएं दूर कराई जाएंगी। 2 तस्वीरें देखिए… अब पूरा मामला विस्तार से… महिला ने विधायक से पूछा- पानी पिएंगे बीजेपी विधायक विधायक बृजभूषण राजपूत ने मंगलवार दोपहर 3 बजे चरखारी विधानसभा के कई गांवों का निरीक्षण किया। वे सबसे पहले नरेड़ी गांव पहुंचे। यहां करीब 1 घंटे तक रियलिटी चेक कर लोगों से जानकारी ली। इसके बाद शाम 4 बजे विधायक सालट गांव पहुंचे। यहां एक महिला सिर और हाथ में पानी से भरा कलश लेकर जा रही थी। विधायक ने महिला को रोककर उनका नाम पूछा। महिला ने अपना नाम गोमती बताया। फिर विधायक ने पूछा कि आप पानी लेकर कहां से आ रही हैं। महिला ने बताया- घर पर पानी नहीं आता। करीब 500 मीटर दूर एक नल लगा है, वहीं से पानी भरकर ला रही। महिला ने कहा- पानी पीएंगे क्या? विधायक बोले- हां, बिल्कुल पीऊंगा, मेहनत का पानी है। इसके बाद उन्होंने महिला के कलश से पानी पीया। इस दौरान विभागीय अधिकारी और संबंधित ठेकेदार भी मौजूद रहे। पाइपलाइन में टोटियां तक नहीं जुड़ीं विधायक के निरीक्षण में कई घरों के बाहर पाइप तो पड़े मिले, लेकिन नलों में टोटी नहीं लगी थी। ग्रामीणों ने बताया कि योजना शुरू हुए चार साल बीत गए, लेकिन आज तक घरों में पानी नहीं पहुंचा। गांवों में जलापूर्ति न होने के कारण महिलाएं आज भी मीलों दूर से सिर पर कलश रखकर पानी लाती हैं। पाइपलाइन डालने के लिए कई जगह सड़कें खोदी गई थीं, लेकिन उनकी मरम्मत नहीं कराई गई। इससे रास्तों पर कीचड़ और जलभराव की स्थिति बन गई है। हालात देखकर विधायक का पारा चढ़ गया। उन्होंने अधिकारियों को फटकार लगाते हुए बुंदेली कहावत कही—
“एक को मारें दुई मर जाएं, तीसर खौफ खाए मर जाए।” BJP विधायक बोले- अधिकारी गुमराह कर रहे
विधायक बृजभूषण राजपूत ने आरोप लगाते हुए कहा कि विभागीय अधिकारी मंत्री को गलत जानकारी दे रहे हैं। वह झूठे आंकड़े प्रस्तुत कर रहे हैं। अगर चार साल बाद भी लोगों को पानी नहीं मिल रहा है तो यह विभाग की बड़ी नाकामी है। विधायक के मुताबिक, मंत्री स्वतंत्र देव ने 20 दिन की समयसीमा दी थी। उन्होंने कहा था कि पानी की समस्या खत्म कराई जाएंगी। मगर इसके बाद भी हालात नहीं सुधरे। 38 दिन बीत जाने के बाद भी जब गांवों में पानी नहीं पहुंचा तो मै गांवों में जाकर हालात का जायजा लेने निकला। पढ़िए, स्वतंत्र देव और विधायक के बीच क्या हुआ था दरअसल, एक महीने पहले जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह जिले के दौरे पर आए थे। इस दौरान विधायक बृजभूषण राजपूत ने करीब 100 ग्राम प्रधानों के साथ मिलकर उनका काफिला रोक लिया था। 30 कार और 20 बाइकें मंत्री के काफिले के सामने खड़ी करा दीं। मौके पर विधायक समर्थकों और पुलिस अधिकारियों के बीच भी झड़प हो गई थी। एसडीएम और सीओ लोगों को समझाने की कोशिश करते रहे, लेकिन लोग मंत्री का काफिला आगे बढ़ने नहीं दे रहे थे। मंत्री-विधायक के बीच हुई तीखी बहस इस दौरान विधायक ने मंत्री से कहा कि उनकी विधानसभा के 100 गांवों में आज तक पानी नहीं पहुंचा है। पाइपलाइन के लिए खोदी गई सड़कों की मरम्मत भी नहीं हुई। उन्होंने कहा कि जिले के 90 प्रतिशत गांवों के लोग उनसे जवाब मांगते हैं। इस पर वे क्या जवाब दें। बढ़ते विवाद के बाद मंत्री स्वतंत्र देव सिंह विधायक और प्रधानों को लेकर डीएम कार्यालय पहुंचे, जहां डीएम गजल भारद्वाज के साथ बैठक हुई। बैठक में अधिकारियों ने 20 दिनों के भीतर सभी समस्याएं दूर करने और खुदी हुई सड़कों को ठीक कराने का आश्वासन दिया था। …………. ये खबर भी पढ़ें… यूपी में सिलेंडर की किल्लत, एजेंसियों के बाहर लंबी लाइनें:लखनऊ में झड़प, 3-3 सिलेंडर लेकर पहुंचे लोग यूपी में रसोई गैस (LPG) की किल्लत हो गई है। लखनऊ, प्रयागराज, गोरखपुर समेत कई शहरों में बुकिंग के 4 से 5 दिन बाद सिलेंडर नहीं मिल रहे। गैस एजेंसियों के बाहर लाइनें लगने लगी हैं। लखनऊ की लालबाग एजेंसी में ग्राहक की पासबुक फाड़ने पर काफी देर तक हंगामा हुआ। कई लोग 3-3 सिलेंडर लेकर एजेंसी पहुंच गए। गोरखपुर में एजेंसी के बाहर अपनी बारी का इंतजार कर रहे लोगों ने कहा- 2-3 दिन से लाइन लगा रहे हैं। ऐसा लग रहा कि 15-20 साल पहले जैसे हालात हो गए हैं, जब गैस सिलेंडर के लिए महीनों इंतजार करना पड़ता था। पढ़ें पूरी खबर…
“एक को मारें दुई मर जाएं, तीसर खौफ खाए मर जाए।” BJP विधायक बोले- अधिकारी गुमराह कर रहे
विधायक बृजभूषण राजपूत ने आरोप लगाते हुए कहा कि विभागीय अधिकारी मंत्री को गलत जानकारी दे रहे हैं। वह झूठे आंकड़े प्रस्तुत कर रहे हैं। अगर चार साल बाद भी लोगों को पानी नहीं मिल रहा है तो यह विभाग की बड़ी नाकामी है। विधायक के मुताबिक, मंत्री स्वतंत्र देव ने 20 दिन की समयसीमा दी थी। उन्होंने कहा था कि पानी की समस्या खत्म कराई जाएंगी। मगर इसके बाद भी हालात नहीं सुधरे। 38 दिन बीत जाने के बाद भी जब गांवों में पानी नहीं पहुंचा तो मै गांवों में जाकर हालात का जायजा लेने निकला। पढ़िए, स्वतंत्र देव और विधायक के बीच क्या हुआ था दरअसल, एक महीने पहले जल शक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह जिले के दौरे पर आए थे। इस दौरान विधायक बृजभूषण राजपूत ने करीब 100 ग्राम प्रधानों के साथ मिलकर उनका काफिला रोक लिया था। 30 कार और 20 बाइकें मंत्री के काफिले के सामने खड़ी करा दीं। मौके पर विधायक समर्थकों और पुलिस अधिकारियों के बीच भी झड़प हो गई थी। एसडीएम और सीओ लोगों को समझाने की कोशिश करते रहे, लेकिन लोग मंत्री का काफिला आगे बढ़ने नहीं दे रहे थे। मंत्री-विधायक के बीच हुई तीखी बहस इस दौरान विधायक ने मंत्री से कहा कि उनकी विधानसभा के 100 गांवों में आज तक पानी नहीं पहुंचा है। पाइपलाइन के लिए खोदी गई सड़कों की मरम्मत भी नहीं हुई। उन्होंने कहा कि जिले के 90 प्रतिशत गांवों के लोग उनसे जवाब मांगते हैं। इस पर वे क्या जवाब दें। बढ़ते विवाद के बाद मंत्री स्वतंत्र देव सिंह विधायक और प्रधानों को लेकर डीएम कार्यालय पहुंचे, जहां डीएम गजल भारद्वाज के साथ बैठक हुई। बैठक में अधिकारियों ने 20 दिनों के भीतर सभी समस्याएं दूर करने और खुदी हुई सड़कों को ठीक कराने का आश्वासन दिया था। …………. ये खबर भी पढ़ें… यूपी में सिलेंडर की किल्लत, एजेंसियों के बाहर लंबी लाइनें:लखनऊ में झड़प, 3-3 सिलेंडर लेकर पहुंचे लोग यूपी में रसोई गैस (LPG) की किल्लत हो गई है। लखनऊ, प्रयागराज, गोरखपुर समेत कई शहरों में बुकिंग के 4 से 5 दिन बाद सिलेंडर नहीं मिल रहे। गैस एजेंसियों के बाहर लाइनें लगने लगी हैं। लखनऊ की लालबाग एजेंसी में ग्राहक की पासबुक फाड़ने पर काफी देर तक हंगामा हुआ। कई लोग 3-3 सिलेंडर लेकर एजेंसी पहुंच गए। गोरखपुर में एजेंसी के बाहर अपनी बारी का इंतजार कर रहे लोगों ने कहा- 2-3 दिन से लाइन लगा रहे हैं। ऐसा लग रहा कि 15-20 साल पहले जैसे हालात हो गए हैं, जब गैस सिलेंडर के लिए महीनों इंतजार करना पड़ता था। पढ़ें पूरी खबर…