यूपी की कैराना सीट से सपा सांसद इकरा हसन बुधवार को सहारनपुर पहुंचीं। उन्होंने कहा- छापुर गांव में शिव मंदिर तोड़ा गया। मुझे इससे दुख पहुंचा है। मंदिर को तोड़ने जैसी घटना बर्दाश्त के काबिल नहीं है। इकरा हसन ने भाजपा के पूर्व सांसद प्रदीप कुमार का नाम लिए बगैर कहा, आजकल लोग नफरत फैलाने की राजनीति कर रहे हैं। ऐसे लोग समाज को तोड़ रहे हैं। पूर्व सांसद के अत्यंत नजदीकी समर्थक ने मुझे आतंकवादी और मुल्ली कहा। यह सिर्फ मेरा नहीं, पूरे समाज की महिलाओं का अपमान है। एक तरफ सरकार बहनों-बेटियों को सम्मान देने की बात करती है। दूसरी तरफ महिलाओं को गालियां दी जाती हैं। यह दोहरा चरित्र अब नहीं चलेगा। मैं दबकर राजनीति नहीं करूंगी। जो समाज को तोड़ेंगे। उन्हें मैं कभी नहीं छोड़ूंगी। अब इकरा हसन की पूरी बातें पढ़िए… लोगों से पूछा- क्या मैं आपके समाज की बेटी नहीं हूं
दरअसल, इकरा हसन ने बुधवार को छापुर गांव के ग्रामीणों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा- किसी भी आस्था स्थल को खंडित करना बेहद निंदनीय है। इस मामले में जो भी जेल भेजे गए हैं, मैंने उनका कभी समर्थन नहीं किया। न ही किसी के पक्ष में कोई फोन किया है। कुछ लोग समाज को तोड़ रहे हैं। ऐसे लोग खुद को महापुरुष कहलवा रहे हैं। असली महापुरुष बाबू हुकुम सिंह जैसे लोग थे, जिन्होंने समाज को जोड़ा। उन्होंने कहा- विरोध करने का अधिकार सबको है, लेकिन विरोध के दौरान धर्म, बिरादरी और महिलाओं के खिलाफ जिस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया गया। वह समाज को तोड़ने का काम करती है। जब मैं चुनाव जीती थीं, तब हर धर्म और हर जाति के लोगों ने मुझे अपनी बेटी और बहन मानकर वोट दिया था। आज जिस तरह की मुझे गालियां दी जा रही हैं, वह सिर्फ मेरा नहीं, बल्कि इस क्षेत्र की हर महिला का अपमान है। मैंने कभी धर्म या बिरादरी की राजनीति नहीं की। हमेशा सबको साथ लेकर चलने की कोशिश की है। अगर किसी को मेरा काम पसंद नहीं है तो पांच साल बाद मुझे बदल सकते हैं। उन्होंने सवाल किया कि क्या मैं आपके समाज की बेटी नहीं हूं? मुझे गंदी-गंदी गालियां दी गईं
सांसद इकरा ने भाजपा के पूर्व सांसद प्रदीप कुमार से सवाल पूछा। कहा- क्या उनके घर में बहन-बेटी नहीं है? मेरा क्या कसूर है। ये लोग एक महिला के प्रति कैसी सोच रख रहे हैं। वे कहते हैं कि मैंने मेवात वालों माफ किया। लेकिन उनके अत्यंत नजदीकी समर्थक ने मुझे आतंकी कहा। मुल्ली कहा। मेरे बाप-भाई को गंदी-गंदी गालियां दी गईं। इन गालियों से मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता है। मुझे कप्तान साहब का खुद फोन आया था। तब मैंने तहरीर दी थी। कप्तान साहब ने कहा था कि ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए। इकरा हसन ने कहा- मैं ऐसे लोगो से डरने वाली नही हूं। जो लोग कैराना के अंदर हिन्दू मुसलमान करवाना चाहते है उनके मंसूबे कामयाब नही होने दूंगी। इकरा बोलीं- मैंने कभी धर्म या व्यक्तिगत टिप्पणी नहीं की
इकरा ने कहा- मैं राजनीतिक परिवार से हूं। मेरे परिवार ने हमेशा लोकतांत्रिक मूल्यों का सम्मान किया है। राजनीति का स्तर अब गिर गया है। हमारे विरोधी परिवार से मतभेद जरूर रहे, लेकिन कभी किसी ने व्यक्तिगत टिप्पणी नहीं की। अब जो हो रहा है, वह राजनीति नहीं, नफरत फैलाने की कोशिश है। इकरा ने कहा- मुझे प्रशासन की ओर से फोन आया था कि वे छापुर न जाएं। लेकिन मैंने कहा कि यह मेरा इलाका है। मैं क्यों न जाऊं? मैं राजनीति की नहीं, समाज की बात करने आई हूं। मेरा धर्म, मेरा समाज और मेरी जिम्मेदारी सब मुझे साथ लेकर चलना सिखाते हैं। अब उस दिन की घटना समझिए, जिसका सांसद ने जिक्र किया दरअसल, 3 अक्टूबर को गंगोह क्षेत्र के छापुर गांव में शिव मंदिर खंडित किया गया था। इसको लेकर हिंदू सुरक्षा सेवा संघ के जिलाध्यक्ष रोहित प्रधान ने संगठन के लड़कों के साथ बाइक रैली निकाली। इस दौरान सांसद इकरा हसन के खिलाफ नारेबाजी की। उन्हें गालियां दीं। प्रदर्शन को फेसबुक पर लाइव किया गया था। वीडियो सामने आने पर सपा और रालोद कार्यकर्ताओं में गुस्सा भड़क गया। रालोद प्रदेश उपाध्यक्ष हाजी सलीम कुरैशी ने इस मामले में नकुड़ थाने में शिकायत की। जिस पर पुलिस ने केस दर्ज किया। FIR के बाद आरोपी रोहित प्रधान ने एक वीडियो जारी किया, जिसमें उसने सांसद इकरा हसन से माफी मांगी। आरोपी रोहित प्रधान को जिस दिन गिरफ्तार किया गया, उसी रात उसे छोड़ दिया गया। पढ़ें पूरी खबर मेवात में क्या हुआ, जानिए? इकरा हसन का AI से आपत्तिजनक VIDEO बनाया, पंचायत ने माफी मंगवाई बात जुलाई की है। सपा सांसद इकरा हसन का हरियाणा के नूंह में 2 नाबालिग लड़कों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से आपत्तिजनक वीडियो बनाया। फिर फेसबुक पर फेक अकाउंट बना उसे अपलोड कर दिया। यह वीडियो वायरल होकर सांसद इकरा हसन तक भी पहुंचा। फिर इकरा हसन ने पूरा मामला पता कराया। मामला नूंह का निकला। इसके बाद उन्होंने अपनी जानने वाली नूंह से कांग्रेस की महिला जिला अध्यक्ष रजिया बानो के पास फोन किया और वीडियो के बारे में जानकारी दी। रजिया ने पूरी जांच कराई। जांच में सामने आया कि दोनों लड़के फिरोजपुर झिरका के आमका गांव के रहने वाले हैं। गांव में पंचायत हुई। जब दोनों लड़कों से वीडियो के बारे में पूछा तो उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर फॉलोअर्स बढ़ाने के लिए उन्होंने वीडियो को AI से बनाया था। इसके बाद दोनों से कान पकड़कर माफी मंगवाई गई। इस दौरान रजिया ने उन्हें थप्पड़ भी जड़े। पढ़ें पूरी खबर… —————— यह खबर भी पढ़िए:- फर्रुखाबाद SP आरती सिंह ने हाईकोर्ट में माफी मांगी: बोलीं- CO और दरोगा के खिलाफ एक्शन लेंगे; वकील के घर में तोड़फोड़ नहीं हुई फर्रुखाबाद की SP आरती सिंह ने बुधवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में माफी मांगी। हैबियस कॉर्पस मामले में एसपी ने जस्टिस जेजे मुनीर और संजीव कुमार की खंडपीठ के सामने हलफनामा दाखिल किया। SP ने अदालत को बताया- पूरे मामले की जांच कराकर दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाएगी। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद फैसले को सुरक्षित रख लिया है। अभी तारीख तय नहीं हुई है। पढ़ें पूरी खबर…
दरअसल, इकरा हसन ने बुधवार को छापुर गांव के ग्रामीणों के साथ बैठक की। उन्होंने कहा- किसी भी आस्था स्थल को खंडित करना बेहद निंदनीय है। इस मामले में जो भी जेल भेजे गए हैं, मैंने उनका कभी समर्थन नहीं किया। न ही किसी के पक्ष में कोई फोन किया है। कुछ लोग समाज को तोड़ रहे हैं। ऐसे लोग खुद को महापुरुष कहलवा रहे हैं। असली महापुरुष बाबू हुकुम सिंह जैसे लोग थे, जिन्होंने समाज को जोड़ा। उन्होंने कहा- विरोध करने का अधिकार सबको है, लेकिन विरोध के दौरान धर्म, बिरादरी और महिलाओं के खिलाफ जिस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया गया। वह समाज को तोड़ने का काम करती है। जब मैं चुनाव जीती थीं, तब हर धर्म और हर जाति के लोगों ने मुझे अपनी बेटी और बहन मानकर वोट दिया था। आज जिस तरह की मुझे गालियां दी जा रही हैं, वह सिर्फ मेरा नहीं, बल्कि इस क्षेत्र की हर महिला का अपमान है। मैंने कभी धर्म या बिरादरी की राजनीति नहीं की। हमेशा सबको साथ लेकर चलने की कोशिश की है। अगर किसी को मेरा काम पसंद नहीं है तो पांच साल बाद मुझे बदल सकते हैं। उन्होंने सवाल किया कि क्या मैं आपके समाज की बेटी नहीं हूं? मुझे गंदी-गंदी गालियां दी गईं
सांसद इकरा ने भाजपा के पूर्व सांसद प्रदीप कुमार से सवाल पूछा। कहा- क्या उनके घर में बहन-बेटी नहीं है? मेरा क्या कसूर है। ये लोग एक महिला के प्रति कैसी सोच रख रहे हैं। वे कहते हैं कि मैंने मेवात वालों माफ किया। लेकिन उनके अत्यंत नजदीकी समर्थक ने मुझे आतंकी कहा। मुल्ली कहा। मेरे बाप-भाई को गंदी-गंदी गालियां दी गईं। इन गालियों से मुझे कोई फर्क नहीं पड़ता है। मुझे कप्तान साहब का खुद फोन आया था। तब मैंने तहरीर दी थी। कप्तान साहब ने कहा था कि ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए। इकरा हसन ने कहा- मैं ऐसे लोगो से डरने वाली नही हूं। जो लोग कैराना के अंदर हिन्दू मुसलमान करवाना चाहते है उनके मंसूबे कामयाब नही होने दूंगी। इकरा बोलीं- मैंने कभी धर्म या व्यक्तिगत टिप्पणी नहीं की
इकरा ने कहा- मैं राजनीतिक परिवार से हूं। मेरे परिवार ने हमेशा लोकतांत्रिक मूल्यों का सम्मान किया है। राजनीति का स्तर अब गिर गया है। हमारे विरोधी परिवार से मतभेद जरूर रहे, लेकिन कभी किसी ने व्यक्तिगत टिप्पणी नहीं की। अब जो हो रहा है, वह राजनीति नहीं, नफरत फैलाने की कोशिश है। इकरा ने कहा- मुझे प्रशासन की ओर से फोन आया था कि वे छापुर न जाएं। लेकिन मैंने कहा कि यह मेरा इलाका है। मैं क्यों न जाऊं? मैं राजनीति की नहीं, समाज की बात करने आई हूं। मेरा धर्म, मेरा समाज और मेरी जिम्मेदारी सब मुझे साथ लेकर चलना सिखाते हैं। अब उस दिन की घटना समझिए, जिसका सांसद ने जिक्र किया दरअसल, 3 अक्टूबर को गंगोह क्षेत्र के छापुर गांव में शिव मंदिर खंडित किया गया था। इसको लेकर हिंदू सुरक्षा सेवा संघ के जिलाध्यक्ष रोहित प्रधान ने संगठन के लड़कों के साथ बाइक रैली निकाली। इस दौरान सांसद इकरा हसन के खिलाफ नारेबाजी की। उन्हें गालियां दीं। प्रदर्शन को फेसबुक पर लाइव किया गया था। वीडियो सामने आने पर सपा और रालोद कार्यकर्ताओं में गुस्सा भड़क गया। रालोद प्रदेश उपाध्यक्ष हाजी सलीम कुरैशी ने इस मामले में नकुड़ थाने में शिकायत की। जिस पर पुलिस ने केस दर्ज किया। FIR के बाद आरोपी रोहित प्रधान ने एक वीडियो जारी किया, जिसमें उसने सांसद इकरा हसन से माफी मांगी। आरोपी रोहित प्रधान को जिस दिन गिरफ्तार किया गया, उसी रात उसे छोड़ दिया गया। पढ़ें पूरी खबर मेवात में क्या हुआ, जानिए? इकरा हसन का AI से आपत्तिजनक VIDEO बनाया, पंचायत ने माफी मंगवाई बात जुलाई की है। सपा सांसद इकरा हसन का हरियाणा के नूंह में 2 नाबालिग लड़कों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद से आपत्तिजनक वीडियो बनाया। फिर फेसबुक पर फेक अकाउंट बना उसे अपलोड कर दिया। यह वीडियो वायरल होकर सांसद इकरा हसन तक भी पहुंचा। फिर इकरा हसन ने पूरा मामला पता कराया। मामला नूंह का निकला। इसके बाद उन्होंने अपनी जानने वाली नूंह से कांग्रेस की महिला जिला अध्यक्ष रजिया बानो के पास फोन किया और वीडियो के बारे में जानकारी दी। रजिया ने पूरी जांच कराई। जांच में सामने आया कि दोनों लड़के फिरोजपुर झिरका के आमका गांव के रहने वाले हैं। गांव में पंचायत हुई। जब दोनों लड़कों से वीडियो के बारे में पूछा तो उन्होंने बताया कि सोशल मीडिया पर फॉलोअर्स बढ़ाने के लिए उन्होंने वीडियो को AI से बनाया था। इसके बाद दोनों से कान पकड़कर माफी मंगवाई गई। इस दौरान रजिया ने उन्हें थप्पड़ भी जड़े। पढ़ें पूरी खबर… —————— यह खबर भी पढ़िए:- फर्रुखाबाद SP आरती सिंह ने हाईकोर्ट में माफी मांगी: बोलीं- CO और दरोगा के खिलाफ एक्शन लेंगे; वकील के घर में तोड़फोड़ नहीं हुई फर्रुखाबाद की SP आरती सिंह ने बुधवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में माफी मांगी। हैबियस कॉर्पस मामले में एसपी ने जस्टिस जेजे मुनीर और संजीव कुमार की खंडपीठ के सामने हलफनामा दाखिल किया। SP ने अदालत को बताया- पूरे मामले की जांच कराकर दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की जाएगी। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद फैसले को सुरक्षित रख लिया है। अभी तारीख तय नहीं हुई है। पढ़ें पूरी खबर…