भाजपा के नुक़सान को देखकर बढ़ाया दो हफ़्ते का समय:अखिलेश बोले,पीडीए प्रहरी के चौकन्ना रहने से SIR में भाजपाइयों का जुगाड़ नहीं हो पाया

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री के बयान पर पलटवार किया है। अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया साइट पर लिखा कि मुख्यमंत्री खुद कह रहे हैं कि जो 4 करोड़ मतदाता SIR के दौरान वोटर लिस्ट में शामिल नहीं किये गये हैं, उनमें से 85-90% भाजपा के वोटर हैं। इसका मतलब ये हुआ कि पीडीए प्रहरी के चौकन्ना रहने से SIR में भाजपाइयों का मनमाफ़िक़ जुगाड़ नहीं हो पाया। इससे एक बात और साफ़ हो गयी है कि चुनाव आयोग ने सत्ताधारी दल के नुक़सान को देखकर ही 2 हफ़्ते का समय बढ़ाया गया है। अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री के बयान का हवाला देते हुए लिखा कह कि इस बात का पहला मतलब तो ये हुआ कि पीडीए प्रहरी के चौकन्ना रहने से SIR में भाजपाइयों का मनमाफ़िक़ जुगाड़ नहीं हो पाया। ⁠दूसरा मतलब ये हुआ कि वोटर लिस्ट में साक्ष्यों के अभाव में हटाए गये 85-90 फीसद वोटर भाजपा के निकले। यानी सारी गड़बड़ी भाजपा के वोटर कर रहे थे। तीसरा मतलब ये हुआ कि मुख्यमंत्री के अनुसार अगर 4 करोड़ मतदाता में 85% ही मानें तो भी करीब 3 करोड़ 40 लाख वाेटर कम हो गये जो भाजपा के मतदाता थे। अखिलेश ने लिखा कि मुख्यमंत्री के बयान का चौथा मतलब गणितीय निष्कर्ष के रूप में ये निकला कि यूपी के आगामी विधानसभा चुनाव में 403 सीटों पर भाजपा के कुल 3 करोड़ 40 लाख मतदाता कम हो गये। पाँचवाँ मतलब ये हुआ कि 3.40 करोड़ मतों को 403 सीटों से भाग दिया जाए तो प्रत्येक सीट पर भाजपा को लगभग 84,000 वोटों का नुक़सान हर सीट पर हो गया है, जो दरअसल जायज़ वोटर नहीं थे। इस गणित से ये मतलब भी निकलता है कि भाजपा आगामी चुनाव में रेस से ही बाहर हो जाएगी और भाजपा की हार का ये गणित और पीडीए की जीत का अंकगणित आकांक्षा और अपनी पीडीए सरकार बनाने के लिए पीडीए की एकजुटता देखकर भाजपा व उनके प्रत्यक्ष सहयोगी और साथ ही पिछले दरवाज़े से साथ निभानेवाले अन्य दलों से टिकट माँगनेवाले प्रत्याशी या उम्मीदवार ही नहीं होंगे । अखिलेश ने कहा कि इससे एक बात और साफ़ हो गयी है कि चुनाव आयोग द्वारा सत्ताधारी दल के नुक़सान को देखकर ही 2 हफ़्ते का समय बढ़ाया गया है, लेकिन पीडीए प्रहरी SIR में अब दोगुनी सजगता से काम करेंगे और किसी भी गड़बड़ी को नहीं होने देंगे और चुनाव आयोग के अधिकारियों से हर एक पीडीए प्रहरी कहेगा, तू जहाँ-जहाँ चलेगा मेरा साया साथ होगा।