प्रिंसिपल बोले- दुष्कर्म छुपकर होते हैं, मैं खुलकर करता हूं:संभल में कहा- बहुत फ्रैंक आदमी हूं, चंदौसी छोटी मानसकिता का शहर

‘लोग रेप छुपकर करते हैं। मैं खुलकर करता हूं। मैं बहुत फ्रैंक आदमी हूं। चंदौसी छोटी मानसिकता का शहर है।’ यह आपत्तिजनक बयान संभल में एसएम डिग्री कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. दानवीर सिंह यादव ने दिया। कुछ छात्र छात्रसंघ का चुनाव कराने की मांग को लेकर उनके पास पहुंचे थे, तभी प्राचार्य ने यह विवादित बयान दिया। इसका वीडियो भी सामने आया है। प्रिंसिपल पर इससे पहले महिला प्रोफेसर से यौन उत्पीड़न का आरोप भी लग चुका है। डीएम डॉ. राजेंद्र पैंसिया ने बयान को लेकर प्रिंसिपल से सफाई मांगी है कि आखिर उन्होंने यह बात किस आधार पर कही? अब जानिए पूरा मामला… कोतवाली चंदौसी में एसएम डिग्री कॉलेज है। यहां छात्रसंघ चुनाव को लेकर शनिवार को छात्र प्राचार्य डॉ. दानवीर सिंह यादव से उनके ऑफिस में मिलने पहुंचे। छात्रों ने प्राचार्य से कॉलेज में छात्रसंघ चुनाव कराने की मांग की। साथ ही कॉलेज की अन्य समस्याएं भी रखीं। इसी दौरान डॉ. दानवीर सिंह यादव ने छात्रों के सामने विवादित बयान दे दिया। बोले- मैं खुले दिल का, मेरा खुला व्यक्तित्व है
30 सेकेंड के वीडियो में प्रिंसिपल छात्रों से यह कहते हुए दिख रहे हैं कि सबसे निगाह मिलाकर यहां आया हूं। मैं खुले दिल का हूं। मेरा खुला व्यक्तित्व है। दुष्कर्म जो करते हैं, वह छुपकर करते हैं। मेरी तरह खुलकर कोई दुष्कर्म नहीं करता है। मैं बहुत फ्रैंकली कह रहा हूं। चंदौसी छोटी मानसिकता का शहर है। मैंने कभी अपने कॉलेज के छात्र-छात्राओं को घूमने के लिए मना नहीं किया, लेकिन बाहर वालों के साथ घूमने के लिए मना किया है। यौन उत्पीड़न के आरोप में दर्ज हुआ था मुकदमा
डॉ. दानवीर सिंह यादव को हाल ही में दोबारा कॉलेज का प्राचार्य बनाया गया है। इससे पहले प्राचार्य रहते उन पर एक महिला प्रोफेसर ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। इसके बाद डॉ. दानवीर सिंह यादव और एक अन्य प्रोफेसर डॉ. प्रवीण कुमार के खिलाफ चंदौसी थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया था। कॉलेज प्रबंधन समिति ने दोनों को सस्पेंड कर जांच बैठा दी थी। हालांकि, अब डॉ. दानवीर सिंह यादव बहाल होकर दोबारा अपनी कुर्सी पा चुके हैं। जिलाधिकारी को इस कॉलेज का प्राधिकृत नियंत्रक बनाया गया है। वहीं डीएम डॉ. राजेंद्र पैंसिया ने बताया कि प्राचार्य का स्पष्टीकरण लिया जाएगा, आखिर उन्होंने इस तरह की बात किस आधार पर की। वहीं, प्राचार्य दानवीर सिंह यादव ने अपने बयान पर सफाई दी है। कहा कि मेरे कहने का मतलब यह था कि मैं आंख से आंख मिलाकर बात करता हूं। खुली किताब की तरह हूं। दुष्कर्म का मतलब बुरे कर्म से है। —————————— ये खबर भी पढ़ें… ठाकुर लड़के-दलित लड़की की लव स्टोरी, जिस पर बवाल, मेरठ में बोला-मां को नहीं मारा मेरठ के सुनीता हत्याकांड में पारस-रूबी की लवस्टोरी का सच सामने आया है। सुनीता की हत्या का आरोपी पारस सोम जेल में बंद है। 15 जनवरी को पारस के वकील उसके फूफाजी के साथ जिला जेल में उससे मिलने गए। 1 घंटे तक पारस से अकेले में पूरे घटनाक्रम को 3 पॉइंट के इर्द-गिर्द समझा। पूरी खबर पढ़िए…