मैरिज एनिवर्सरी पर उठी कारोबारी की पत्नी की अर्थी:मेरठ में बेटी बोली- श्रीनाथजी मंदिर के दर्शन करने उतरीं, ट्रक ने चीथड़े उड़ाए

मेरठ के डेयरी कारोबारी की पत्नी की राजस्थान में सड़क हादसे में मौत हो गई। वो खाटूश्याम के दर्शन के बाद परिवार के साथ उदयपुर घूमने गई थीं। हाईवे किनारे श्रीनाथजी मंदिर के दर्शन के लिए बस से उतरी थीं। तभी तेज रफ्तार ट्राले ने उन्हें टक्कर मार दी। अगले हिस्से में फंसकर महिला घिसटती रही। उनके शरीर के टुकड़े होते रहे। सड़क पर करीब 50 मीटर तक मांस के टुकड़े बिखर गए। हाईवे पर बेटी दौड़ती हुई आई और मां के शव से लिपटकर रोती रही। वो बार-बार ‘मम्मी-मम्मी’ पुकारती रही। हादसा बड़गांव इलाके में गोगुंदा पिंडवाड़ा हाईवे पर हुआ। 10 फरवरी को महिला की बॉडी को मेरठ लाया गया, जहां उनका अंतिम संस्कार किया गया। हादसे के बाद दैनिक भास्कर टीम परिवार के पास पहुंची। पढ़िए पूरी रिपोर्ट… पहले हादसे की 2 तस्वीरें… अब मेरठ के घर का माहौल जानिए बेटियां रोते हुए पूछ रहीं, उनका कसूर क्या था…
मेरठ के छावनी क्षेत्र के सदर बाजार के रविंद्रपुरी में बृजमोहन यादव का परिवार रहता है। उनकी बांके बिहारी नाम से डेयरी चलती है। परिवार में पत्नी अनीता, बेटा शिवा, उसकी पत्नी शालू और उनके बेटे सक्षम-समर्थ रहते थे। अनीता की बेटी शेफाली और निधि की शादी हो चुकी है। शेफाली की एक बेटी पावनी और बेटा युवान हैं। 10 फरवरी को अनीता का शव मेरठ में उनके घर पर पहुंचा। बेटियों का रो-रो कर बुरा हाल था। वो सिर्फ यही पूछ रही थीं- मां का कसूर क्या था? सिर्फ दर्शन करना चाहती थी। वो ट्राले वाला तो हमारे घर को उजाड़कर चला गया। वही तो इस घर का सब कुछ थीं, अब घर ही खाली हो गया। पोता बोला- दादी स्टार बन गईं
घर के कंपाउंड में अनीता के पोता युवान दादी की तस्वीर देखकर कह रहा था- दादी तो स्टार बन गईं। मुझसे मिलने आएंगी। यह सुनकर बृजमोहन भी अपने आंसू रोक नहीं पा रहे थे। वही हादसे के बाद से अब तक परिवार को संभाल रहे थे। वो भी जोर-जोर से रोने लगे। नम आंखों के साथ अनीता का अंतिम संस्कार गढ़ गंगा के तट पर किया गया। कारोबारी बोले- पत्नी साल में 5-6 बार वृंदावन जाती थी
कारोबारी बृजमोहन यादव बताते हैं- मेरी पत्नी अनीता बहुत धार्मिक थी। घर में भी बहुत पूजा-पाठ करती थी। साल में 5 से 6 बार वो वृंदावन-मथुरा और खाटूश्याम के दर्शन के लिए जाती थी। इस बार भी उन्हें दर्शन के लिए जाना था। मेरा कारोबार है, बार-बार जाना संभव नहीं हो पाता। इसलिए वो इस बार बेटी निधि के साथ खाटूश्याम के दर्शन के लिए गई थी। बेटी बोली- मैं सिर्फ देखती रही, मां को बचा नहीं सकी
अनीता की बेटी निधि कहती हैं- हम लोगों ने खाटूश्याम के दर्शन कर लिए थे। पहले हमारा प्लान नहीं था, फिर अचानक सोचा कि उदयपुर भी घूम लेते हैं। हम टूरिस्ट बस में थे। राजस्थान के बड़गांव इलाके में गोगुंदा-पिंडवाड़ा हाईवे पर जा रहे थे। घसियार स्थित श्रीनाथजी के मंदिर के पास ड्राइवर ने बस रोक दी। मां थक गई थीं। दर्शन करने के लिए नीचे नहीं उतरीं। तब ड्राइवर ने ही कहा कि अब आप कब यहां तक आ पाओगी? दर्शन कर लीजिए…। इसके बाद मेरी मां ड्राइवर साइड से नीचे उतरीं। वह मुझसे महज 15 फीट दूर होंगी, तभी ट्राला ने मां को टक्कर मार दी। इस हादसे में उनके शरीर के टुकड़े हो गए। हादसे के बाद ट्रेलर ड्राइवर रुका, फिर करीब एक मिनट बाद मौके से भाग गया। निधि ने रोते हुए कहा- मैं सिर्फ अपनी मां को देखती ही रह गई, उन्हें बचा नहीं सकी। निधि बताती हैं- सफर के दौरान मां ने नातिन और पोते के लिए 15 हजार रुपए की शॉपिंग की थी। वह कह रही थीं कि शादी की सालगिरह है, तो सबको गिफ्ट देंगी। यह नहीं पता था कि उन्हें मौत मिलेगी, बाकी परिवार को इसका दुख..। CCTV से ड्राइवर को तलाश रही पुलिस
थानाध्यक्ष किताब देवी ने बताया कि बड़गांव थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। परिजनों की सहमति पर पोस्टमॉर्टम करवाया गया। हादसे की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। हाईवे पर लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं, जिससे फरार ट्राला का पता लगाया जा सके। ट्राला गुजरात नंबर का और ऑरेंज कलर का था, जिसमें कोयला भरा था। ———————— यह खबर भी पढ़ें – हाईवे पर मां के शव से लिपटकर रोती रही बेटी, बोली- ट्रेलर घसीटता रहा, शरीर के टुकड़े होते रहे राजस्थान में उत्तर प्रदेश की महिला की मौत हो गई। उदयपुर परिवार के साथ घूमने गई थी। सोमवार दोपहर सड़क पार करते समय तेज रफ्तार ट्राले ने टक्कर मारी। अगले हिस्से में फंसकर महिला घसीटती रही। उनके शरीर के टुकड़े होते रहे। सड़क पर करीब 50 मीटर तक मांस के टुकड़े बिखर गए। पढ़िए पूरी खबर…