लखनऊ के कारोबारी शिवा शर्मा की मौत 21 दिन पहले हुई थी। हत्या के आरोप में मॉडल श्रद्धा दुबे 8 दिन से जेल में बंद है। पुलिस श्रद्धा से जुड़े लोगों तक पहुंच रही है। अब सामने आया है कि श्रद्धा एक लड़की पर बड़े अफसर के साथ एक रात बिताने के लिए दबाव बना रही थी। लड़की के मना करने के बाद श्रद्धा ने उसके साथ वो किया, जिसे सोचकर लड़की आज भी सिहर जाती है। श्रद्धा ने लड़की को 7 दिन अपने फ्लैट पर बंद रखा। पिटाई के बाद धमकाती रही। लड़की झुकी नहीं, तो उसको छोड़ दिया। दैनिक भास्कर ने लड़की और उसके दोस्त से बात की। सिलसिलेवार पूरी कहानी पढ़िए… यह कहानी जनवरी, 2026 की सर्दियों से शुरू होती है। गोमतीनगर के एक क्लब की लेट नाइट पार्टी में श्रद्धा दुबे और उसके दोस्त मौजूद थे। डांस हो रहा था, शराब के जाम छलक रहे थे। इस पार्टी में एक लड़की थी, जो म्यूजिक प्ले कर रही थी। श्रद्धा की नजर उस लड़की पर पड़ी। वो पहली नजर में श्रद्धा को अच्छी लगने लगी। पार्टी के बाद श्रद्धा ने लड़की से बात की। पता चला कि वह भी मॉडलिंग भी करती है। इसके बाद श्रद्धा उस लड़की से वॉट्सएप पर बात करने लगी। लड़की पेपरमिल कॉलोनी में बने एक अपार्टमेंट के फ्लैट में रहती थी। 4-5 मुलाकातों के बाद श्रद्धा से उसकी अच्छी दोस्ती हो गई। श्रद्धा अक्सर अपनी ब्यूरोक्रेसी की पकड़ और पावर के बारे में बताती रहती थी। लड़की ने दैनिक भास्कर को बताया- लखनऊ में मॉडलिंग के इवेंट में श्रद्धा की थोड़ी-बहुत चलती थी। मुझे काम की जरूरत रहती थी। सब कुछ नॉर्मल चल रहा था। असली कहानी अगस्त, 2026 में शुरू हुई। एक रात अचानक श्रद्धा ने वॉट्सएप कॉल करके मुझे फ्लैट पर मिलने बुलाया। मुझे लगा कि कोई इवेंट होना है, उसके लिए बात करनी है। जब मैं पहुंची, तो रात के 10 से 10:30 बजे थे। श्रद्धा और उसका एक दोस्त मौजूद था। मेरे आने के बाद श्रद्धा ने अपने दोस्त को बाहर जाने को कहा। फिर उसने मुझसे कहा कि कब तक इस तरह से पार्टियां होस्ट करती रहोगी? मालामाल होना है, तो थोड़ा कॉम्प्रोमाइज करना सीख लो…। फिर उसने मुझसे कहा कि तुम्हें सिर्फ एक रात के लिए एक अफसर के साथ रहना है, वो जो कहे… कर देना। मैं यह सब सुनकर चौंक गई। कुछ समझ नहीं आया कि क्या कहूं? फिर मैंने श्रद्धा को मना कर दिया। उस रात मैं घर लौट आई। श्रद्धा के खूबसूरत चेहरे के पीछे का काला किरदार धीरे-धीरे सामने आ रहा था। उसने 3-4 दिन बाद मुझे फिर से अपने फ्लैट पर बुलाया। पहले उसने मुझे धमकाया कि तुम्हें मेरी बात हर हाल में माननी पड़ेगी, वरना लखनऊ में रहना मुश्किल हो जाएगा। लेकिन मैंने उसको साफ मना कर दिया। कुछ पैसों या करियर के लिए मैं ये सब नहीं कर सकती। इसके बाद श्रद्धा ने मुझे पीटा, मेरे कपड़े उतार दिए। मुझे एक कमरे में बंद कर दिया। वहां एक कंबल था, जिसको लपेटे मैं 7 दिन तक रही। जब श्रद्धा को लगा कि मैं उसके आगे नहीं झुकूंगी, तब उसने मुझे छोड़ा। लेकिन मगर धमकी दी कि अगर मैंने कहीं मुंह खोला, तो वह मुझे ‘गायब’ करवा देगी। मैं डर गई थी, इसलिए कभी कहीं शिकायत नहीं की। अधिकारी ने कहा था- इससे तुम खुद निपटो… लड़की ने कहा- श्रद्धा जब मुझे धमका रही थी, तब वो अपनी ब्यूरोक्रेसी के लिंक भी बता रही थी। वो जो बोल रही थी, उससे मुझे लगा कि शायद उसने मुझे सबक सिखाने के लिए किसी अधिकारी से कहा था। लेकिन, वो इस मामले में पड़ना नहीं चाहते थे। इसलिए उन्होंने श्रद्धा से कहा कि तुम इससे खुद ही निपटो।। इसके बाद ही श्रद्धा ने मुझे बुलाकर ज्यादती की थी। परिवार को श्रद्धा के लिंक बताए, तो वो भी शांत हो गए हमने पूछा- क्या आपके परिवार को इस बारे में पता है? क्या शिकायत करने का दबाव नहीं बना? लड़की ने कहा- जब मैं घर नहीं पहुंची, तब मेरे रूममेट ने परिवार को बता दिया था। लेकिन मैं इवेंट करने भी शहर से बाहर जाती रहती थी, इसलिए तुरंत सब लोग पुलिस के पास नहीं गए। मेरे वापस आने के बाद परिवार को मुझे आपबीती बतानी पड़ी। वो नाराज थे, पुलिस तक जाना चाहते थे। लेकिन श्रद्धा के फ्लैट पर रहने के दौरान मैंने उसके लिंक भी देखे थे। उसके मोबाइल पर बड़े-बड़े लोगों के कॉल आते थे। इसलिए मैंने चुप रहने में भलाई समझी, परिवार को भी यही समझाया। इसलिए ज्यादा बवाल नहीं हुआ। ——————————- यह खबर भी पढ़ें- श्रद्धा ने बॉयफ्रेंड को धक्का दिया या खुद कूदा, पुलिस के पास कितने सबूत
श्रद्धा दुबे का केस इसलिए भी हाईप्रोफाइल माना जा रहा है, क्योंकि उसके संपर्क लखनऊ के कुछ पावरफुल अफसरों से काफी गहरे बताए जा रहे हैं। श्रद्धा के खिलाफ पुलिस के पास कितने मजबूत सबूत हैं? पूरे मामले में ‘सरजी’ की भूमिका कितनी रही है? इस रिपोर्ट में पढ़िए…
श्रद्धा दुबे का केस इसलिए भी हाईप्रोफाइल माना जा रहा है, क्योंकि उसके संपर्क लखनऊ के कुछ पावरफुल अफसरों से काफी गहरे बताए जा रहे हैं। श्रद्धा के खिलाफ पुलिस के पास कितने मजबूत सबूत हैं? पूरे मामले में ‘सरजी’ की भूमिका कितनी रही है? इस रिपोर्ट में पढ़िए…