हाथरस में पति-पत्नी की जिंदा जलकर मौत:घर में सो रहे थे, बेड पर मिले शव; बेटा शादी में बाहर गया था

हाथरस में घर में भीषण आग लग गई। हादसे में सो रहे पति-पत्नी की जिंदा जलकर मौत हो गई। दोनों को बाहर निकलने का मौका नहीं मिला। बेड पर दोनों की लाश मिली। हादसा बुधवार रात 2 बजे हुआ। मकान से आग की ऊंची लपटें और धुआं उठता देख पड़ोसियों को हादसे का पता चला। उन्होंने पुलिस को सूचना दी। 2 घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। घर के अंदर मिले पति-पत्नी के शव इतनी बुरी तरह जल चुके थे कि पहचान करना मुश्किल था। आग शॉर्ट सर्किट से लगी थी। परिवार सिलाई का काम करता था। त्योहार के चलते मकान में काफी माल रखा था। इससे आग तेजी से फैली और कुछ ही मिनटों में पूरे मकान को चपेट में ले लिया। मृतकों की पहचान शहजाद (71), उनकी पत्नी सलमा बेगम (65) के रूप में हुई है। परिवार के बाकी लोग शादी में शामिल होने बाहर गए थे।। हादसा जिला मुख्यालय से 20 किमी दूर सादाबाद कोतवाली क्षेत्र में हुआ। हादसे की 2 तस्वीरें- परिवार के बारे में जान लीजिए- सादाबाद के कहारन मोहल्ले के रहने वाले शहजाद (70) का दो मंजिला मकान है। डेढ़ साल पहले सलमा बेगम (65) से दूसरी शादी की थी। पहली पत्नी हसीना की ढाई साल पहले बीमारी के चलते मौत हो गई थी। उनसे उनके चार बेटे सानू, सलमान, सद्दन और सब्बू हैं। सभी की शादी हो चुकी है। छोटा बेटा सब्बू पत्नी-बच्चों के साथ पिता शहजाद के साथ रहता था। बाकी बेटे परिवार के साथ बाहर रहते हैं। सब्बू और सलमान फेरी लगाते हैं, जबकि सानू सिलाई-कढ़ाई का काम करता है। वहीं, सद्दन आर्टिफिशियल पायल का कारोबार करता है। पड़ोसियों ने बताया कि सब्बू बुधवार को फेरी लगाने मथुरा गया था। इसके बाद वह ससुराल आगरा चला गया। वहां किसी की शादी थी। पत्नी-बच्चे पहले से ही आगरा में थे। अब सिलसिलेवार तरीके से पूरी घटना- पुलिस के मुताबिक, दो मंजिला मकान में पति-पत्नी नीचे के हिस्से में सोते थे। ऊपर की मंजिल पर छोटा बेटा परिवार के साथ रहता था। बुधवार को बेटा घर पर नहीं था, इसलिए पति-पत्नी पहली मंजिल पर सो रहे थे। रात में दोनों ने खाना खाया और सोने चले गए। रात 2 बजे मकान में आग लग गई। त्योहार का सीजन होने के कारण घर में सिलाई के लिए नए कपड़ों का काफी स्टॉक रखा था। इस वजह से आग तेजी से फैली। आग की भयावहता को देखते हुए SDRF (स्टेट डिजास्टर रिलीफ फोर्स) को भी मौके पर बुलाया गया। SDRF अधिकारी रजत कुमार ने बताया, ‘उनकी टीम की ड्यूटी वृंदावन में थी। सादाबाद में मकान में आग लगने की सूचना मिलते ही वह जवानों के साथ मौके पर पहुंचे और बचाव कार्य शुरू कराया।’ सादाबाद CHC के डॉ. नीरज वर्मा ने बताया- दोनों शव 50 प्रतिशत से ज्यादा जल चुके थे। शुरुआती जांच में धुएं से दम घुटने से मौत की बात सामने आई है। शरीर के कई हिस्से बुरी तरह जले हुए थे । —————————— ये खबर भी पढ़ लीजिए- धीरेंद्र शास्त्री का क्यों विरोध कर रहे अखिलेश?: यूपी में एंट्री रोकने की इच्छा जताई भगवान राम और कृष्ण की तुलना को लेकर विवादों में आए बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री का सपा प्रमुख अखिलेश यादव खुलकर विरोध कर रहे हैं। अखिलेश ने यहां तक इच्छा जताई कि बाबा की यूपी में एंट्री नहीं होनी चाहिए। VIDEO देखिए…