तिरपाल वाले स्कूल में 2 साल बाद क्लासरूम में पढ़ाई:लखनऊ के महिपतमऊ में डेढ़ महीने में नया भवन बनाने की तैयारी

तिरपाल के नीचे पढ़ रहे अपर प्राइमरी स्कूल महिपतमऊ के बच्चों को दो साल बाद क्लास रूम की छत मिली, तो खुशी से झूम उठे। उत्साहित बच्चों ने कहा अब बारिश में भीगेंगे नहीं। इसके अलावा गर्मी में लू के थपेड़े और सर्दी से बचाव होगा। तिरपाल के नीचे चल रही कक्षाओं की जगह पर करीब डेढ़ माह दो नए कक्ष बनाए जाएंगे। जर्जर भवन के ध्वस्तीकरण के लिए बनायी गई कमेटी ने कार्रवाई शुरू कर दी है। 10 दिन के भीतर इस भवन को ध्वस्त करा दिया जाएगा। दो पालियों में कक्षाएं चलाने के निर्देश इससे पहले मंगलवार सुबह स्कूल पहुंचे डीएम विशाख जी. ने बीएसए को तिरपाल के नीचे चल रही कक्षाओं को बंद कर अतिरिक्त कक्ष में दो पालियों में कक्षाएं चलाने के निर्देश दिये थे। जिलाधिकारी ने मौके पर ही क्रिटिकल गैप फंड से दो नए कक्ष बनाने की सहमति दी थी। शिक्षकों ने बुधवार सुबह स्कूल पहुंचे सभी 87 बच्चों को अतिरिक्त कक्ष में बैठाकर पढ़ाई करायी। मंगलवार को ही शिक्षकों ने टेबिल और बेंच को कक्ष में व्यवस्थित करा दिया था। 2008 में हुआ था निर्माण अपर प्राइमरी स्कूल महीपतमऊ का निमार्ण वर्ष 2008 में कराया गया था। स्कूल में 113 बच्चे नामांकित हैं। स्कूल की कक्षाओं में वर्ष 2015 में सीलन और प्लास्टर गिरने लगा था। शिक्षकों ने मरम्मत के लिये विभागीय अधिकारियों को कई बार पत्र भेजा था। मरम्मत न कराए जाने की वजह से दो वर्ष पहले भवन ज्यादा जर्जर होने पर शिक्षकों ने खुद के खर्च से बांस के टट्टर और तिरपाल से अस्थायी कक्षाएं बनाकर इसमें बच्चों को पढ़ा रहे थे। डेढ़ माह में स्कूल का भवन तैयार होगा बीएसए राम प्रवेश ने बताया कि स्कूल के अतिरिक्त कक्ष में बच्चों की पढ़ाई शुरू हो गई। अधिशासी अभियंता, ग्रामीण अभियंत्रण सेवा (आरईएस) के नेतृत्व में जर्जर भवन के मूल्यांकन का काम शुरू हो गया है। एक हफ्ते से 10 दिन के भीतर जर्जर भवन की नीलामी कर इसे ध्वस्त करा दिया जाएगा। तिरपाल के नीचे संचालित कक्षाओं की जगह पर दो नए कक्षों के निर्माण की दिशा में भी काम शुरू हो गया है। अधिशासी अभियंता आरईएस इस्टीमेंट बना रहे हैं। इस्टीमेंट बनकर मिलते ही काम शुरू करा दिया जाएगा। करीब डेढ़ माह में दोनों कमरे बनकर तैयार हो जाएंगे। तीन कक्ष बनने के बाद कक्षा छह, सात और आठ के बच्चों की अलग-अलग कक्षाएं संचालित की जाएंगी।