सावन में आगरा का घेवर होता है टेस्ट में बेस्ट:मलाई घेवर की ज्यादा डिमांड, रक्षाबंधन पर बहनें भाइयों के यहां ले जाती हैं

सावन का महीना शुरू होते ही आगरा शहर की गलियों में एक खास मिठास घुलने लगती है। वह मिठास है घेवर की। खासकर रक्षाबंधन के मौके पर इसकी डिमांड कई गुना बढ़ जाती है। यहां का “दाऊजी मिष्ठान भंडार” का घेवर स्वाद प्रेमियों के लिए किसी तोहफे से कम नहीं माना जाता। हालांकि, घेवर को पारंपरिक रूप से राजस्थान की मिठाई कहा जाता है। लेकिन, आज इसकी मिठास आज हरियाणा, उत्तर प्रदेश और खासकर ब्रज क्षेत्र तक गूंज रही है। ब्रज में घेवर न सिर्फ स्वाद में खास होता है, बल्कि उसे बनाने और परोसे जाने का अंदाज भी बिल्कुल अलग होता है। आगरा के घेवर की खासियत यह है कि इसमें केवल स्वाद ही नहीं, बल्कि परंपरा और भावना भी घुली होती है। रक्षाबंधन जैसे त्योहारों पर जब बहनें अपने भाइयों के लिए घेवर लेकर पहुंचती हैं, तो यह सिर्फ मिठाई नहीं, बल्कि एक इमोशनल टच भी देता है। त्योहारों पर होता है स्पेशल घेवर कॉम्बो
दाऊजी मिष्ठान भंडार का स्पेशल घेवर कॉम्बो भी है। त्योहारों की रौनक और घेवर की मिठास मिलकर त्योहारों को और भी खास बना देते हैं। यह मिठास सिर्फ स्वाद तक सीमित नहीं रहती, बल्कि भावनाओं को भी जोड़ती है। यहां दो तरह के कॉम्बो अवेलेबल हैं- 1- दो तरह की सेवई, फ्राइड देसी घी में भुने काजू और स्वादिष्ट नमकीन 2- रोज घेवर, काजू घेवर, स्पेशल दालमोठ रोस्टेड पिस्ता, मसाला बादाम, मसाला काजू पढ़िए कस्टमर रिव्यू… ————————— ये खबर भी पढ़ें… 3568 युवाओं ने छोड़ी यूपी पुलिस की नौकरी, 100 ने ट्रेनिंग के 1 महीने में दिया इस्तीफा यूपी पुलिस में चुने गए 60,244 सिपाहियों में से साढ़े तीन हजार से ज्यादा अभ्यर्थियों ने नौकरी छोड़ दी है। भर्ती- 2023 के तहत चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद 3568 अभ्यर्थियों ने नौकरी जॉइन ही नहीं की। इसके अलावा 100 से ज्यादा अभ्यर्थी ट्रेनिंग में तो शामिल हुए, लेकिन बाद में इस्तीफा दे दिया। बड़ा सवाल यह है कि इतनी बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों ने पुलिस सेवा क्यों छोड़ दी? अब इन रिक्तियों को भरने के लिए क्या कदम उठाए जाएंगे? पढ़ें पूरी खबर…