यूपी में बारिश से गंगा, यमुना और बेतवा जैसी नदियां उफान पर हैं। काशी में फिर से सभी 84 घाट गंगा में डूब गए। मणिकर्णिका घाट पर छत पर, जबकि हरिश्चंद्र घाट पर गलियों में अंतिम संस्कार हो रहा है।अस्सी घाट पर सुबह-ए-बनारस मंच पूरी तरह डूब गया है। गंगा के साथ वरुणा में भी बाढ़ आ गई है। यहां फिर से मोहल्लों में नाव चलने लगी हैं। अब तक 97 परिवारों ने घर छोड़ा है। गंगा का जलस्तर 69.84 मीटर तक पहुंच गया है। यह चेतावनी बिंदु 70.262 मीटर से मात्र 75 सेंटीमीटर नीचे है, जबकि खतरे का निशान 71.262 मीटर पर है। हमीरपुर में यमुना और बेतवा नदियां खतरे के निशान को पार कर गई हैं। शाम 7 बजे यमुना खतरे के निशान से दो मीटर ऊपर 105.250 मीटर पर, जबकि बेतवा आधा मीटर ऊपर 104.890 मीटर पर बह रही है। नदियों के उफान से मैदानी इलाका डूब गया है। यहां के 183 गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। आगरा में बारिश के बाद प्रकाश नगर के अंडर पास में करीब 5 फीट पानी भर गया। एक बैलगाड़ी डूब गई। मौसम विभाग ने आज 37 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। इनमें से 20 जिलों में भारी बारिश हो सकती है। शुक्रवार की बात करें तो 20 से ज्यादा शहरों में बारिश हुई। तस्वीरें देखिए- यूपी में बारिश से जुड़ी पल-पल की अपडेट के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…