काशी में 84 घाट गंगा में डूबे:प्रयागराज के 10 हजार घरों में घुसा पानी, यूपी के 24 शहरों में भारी बारिश का अलर्ट

यूपी में बारिश से गंगा, यमुना और बेतवा जैसी नदियां उफान पर हैं। काशी में फिर से सभी 84 घाट गंगा में डूब गए हैं। मणिकर्णिका घाट पर छत पर, जबकि हरिश्चंद्र घाट पर गलियों में अंतिम संस्कार हो रहा है। गंगा के साथ वरुणा में भी बाढ़ आ गई है। यहां फिर से मोहल्लों में नाव चलने लगी हैं। अब तक 97 परिवारों ने घर छोड़ा है। बलिया में गंगा खतरे के निशान के ऊपर बह रही है। चक्की नौरंगा में एक मकान 40 सेकेंड में गंगा में समा गया। वहीं, प्रयागराज में श्मशान घाट डूब गए हैं। सड़कों पर अंतिम संस्कार किया जा रहा है। सलोरी, गोविंदपुर जैसे इलाकों में 1 किमी अंदर तक पानी घुस गया है। इसके चलते प्रतियोगी छात्रों ने पलायन शुरू कर दिया है। यहां करीब 10 हजार घरों में 2 से 3 फीट पानी भरा है। इधर, आगरा में कैंटर समेत चार लोग नदी में बह गए। मनिया में पार्वती नदी का पानी पुल के ऊपर से बह रहा था। शुक्रवार सुबह 9 बजे कैंटर सवार पुल पार कर रहे थे। स्थानीय लोगों ने उन्हें रोका, मगर चालक नहीं माना। तेज बहाव में कैंटर लेकर निकल पड़ा। थोड़ा बढ़ने पर कैंटर असंतुलित हो गई और बहाव में बह गई। फतेहपुर में यमुना खतरे के निशान के ऊपर बह रही है। एक युवक बाढ़ के पानी में बह गया है। इसके अलावा ललौली-मुतौर मार्ग पानी में डूब गया है। सड़क के ऊपर से 1 फीट पानी बह रहा है। इसमें एक ट्रक फंसकर पलट गया। इधर, हमीरपुर में यमुना और बेतवा नदियां खतरे के निशान को पार कर गई हैं। 183 गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। मुख्यालय के आसपास इतना पानी है कि पूरा इलाका नदियों की तरह दिख रहा है। सड़कों और गलियों में नाव चल रही हैं। अब लोग अपने घरों को छोड़कर राहत शिविरों में शिफ्ट हो रहे हैं। मौसम विभाग ने आज 51 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है। इनमें से 24 जिलों में भारी बारिश हो सकती है। कल की तस्वीरें देखिए-
25 जिलों में 7.7 मिमी बारिश शुक्रवार यानी 1 अगस्त की बात करें तो 25 जिलों में औसतन 7.7 मिमी बारिश हुई। 1 जून से अब तक प्रदेश में 345.7 मिमी बारिश हुई है, जो कि नॉर्मल 365.9 मिमी से 6 प्रतिशत कम है। यूपी में बारिश से जुड़ी पल-पल की अपडेट के लिए नीचे ब्लॉग से गुजर जाइए…