यूपी में शुक्रवार को मौसम बदल गया। मुरादाबाद, पीलीभीत और रामपुर समेत 8 शहरों में बारिश हुई। शाम को दिल्ली-एनसीआर में तेज आंधी के साथ हल्की बारिश हुई। आंधी इतनी तेज थी कि सेक्टर-151 की जेपी अमन सोसाइटी में फ्लैट की खिड़कियां-दरवाजे उड़कर कमरे में आ गिरे। कुछ नीचे जा गिरे। कुशीनगर में बारिश के साथ 30 मिनट ओले गिरे। तापमान में 3 डिग्री की गिरावट आई है। पारा 38 डिग्री सेल्सियस से 36 डिग्री पर आ गया है। यहां बिजली गिरने से महिला समेत 2 की मौत हो गई। बलरामपुर में आंधी से कई जगहों पर पेड़ उखड़ गए। आकाशीय बिजली गिरी। चपेट में आकर 12 साल की बच्ची की मौत हो गई। वह आंधी से पेड़ से गिरे आम बीन रही थी। बच्ची अपने 5 भाइयों की इकलौती बहन थी। महाराजगंज में भी बूंदाबांदी हुई है। सहारनपुर में भी तेज हवाएं चलीं। हल्की बूंदाबांदी हुई है। बहराइच में धूल भरी आंधी आई। इतनी तेज हवा चली कि टीनशेड उड़ गए और पेड़ों की टहनियां टूट गईं। गोरखपुर में भी धूल भरी आंधी चली। 4 तस्वीरें देखिए- काशी-प्रयागराज में भीषण गर्मी
जहां एक तरफ बारिश हो रही है, वहीं दूसरी तरफ भीषण गर्मी भी पड़ रही है। प्रयागराज में इतनी गर्मी है कि नगर निगम ने फव्वारे से सड़कों पर पानी का छिड़काव शुरू करा दिया है। अस्पतालों को अलर्ट पर रखा गया है। बेली अस्पताल में हीट वेव की चपेट में आए लोगों के लिए 10 बेड रिजर्व किए गए हैं। वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर में भक्तों के पैर न जलें, इसलिए जूट के मैट बिछाए गए हैं। इसके साथ ही पूरे मंदिर कॉरिडोर परिसर को जर्मन हैंगर से पैक किया गया है। कॉरिडोर परिसर में कूलर और पंखे भी लगाए गए हैं। ORS घोल की भी व्यवस्था की गई है। बुधवार को आगरा सबसे गर्म शहर रहा। यहां का पारा 43.6 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग ने आज 42 जिलों में हीटवेव का अलर्ट जारी किया था। लखनऊ के मौसम वैज्ञानिक अतुल सिंह ने बताया कि 20 मई तक बारिश होने की संभावना है। अगर बारिश हुई तो पारे में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की जा सकती है। हालांकि, उमस बढ़ने की संभावना भी है। क्यों बदला मौसम?
वाराणसी के BHU में मौसम वैज्ञानिक मनोज श्रीवास्तव ने बताया, बंगाल के खाड़ी तक मानसून एक्टिव हो रहा है, जिसका असर यूपी के जिलों में ज्यादा देखने को मिल रहा है। 18 मई तक अलग अलग जिलों में बारिश और आंधी आने के आसार दिखाई दे रहे हैं। हालांकि यूपी में मानसून 20-24 जून के बीच आएगा। कल क्या होगा? पिछले साल कब आया था मानसून मौसम से जुड़े अपडेट्स के लिए लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए-
जहां एक तरफ बारिश हो रही है, वहीं दूसरी तरफ भीषण गर्मी भी पड़ रही है। प्रयागराज में इतनी गर्मी है कि नगर निगम ने फव्वारे से सड़कों पर पानी का छिड़काव शुरू करा दिया है। अस्पतालों को अलर्ट पर रखा गया है। बेली अस्पताल में हीट वेव की चपेट में आए लोगों के लिए 10 बेड रिजर्व किए गए हैं। वाराणसी के काशी विश्वनाथ मंदिर में भक्तों के पैर न जलें, इसलिए जूट के मैट बिछाए गए हैं। इसके साथ ही पूरे मंदिर कॉरिडोर परिसर को जर्मन हैंगर से पैक किया गया है। कॉरिडोर परिसर में कूलर और पंखे भी लगाए गए हैं। ORS घोल की भी व्यवस्था की गई है। बुधवार को आगरा सबसे गर्म शहर रहा। यहां का पारा 43.6 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग ने आज 42 जिलों में हीटवेव का अलर्ट जारी किया था। लखनऊ के मौसम वैज्ञानिक अतुल सिंह ने बताया कि 20 मई तक बारिश होने की संभावना है। अगर बारिश हुई तो पारे में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की जा सकती है। हालांकि, उमस बढ़ने की संभावना भी है। क्यों बदला मौसम?
वाराणसी के BHU में मौसम वैज्ञानिक मनोज श्रीवास्तव ने बताया, बंगाल के खाड़ी तक मानसून एक्टिव हो रहा है, जिसका असर यूपी के जिलों में ज्यादा देखने को मिल रहा है। 18 मई तक अलग अलग जिलों में बारिश और आंधी आने के आसार दिखाई दे रहे हैं। हालांकि यूपी में मानसून 20-24 जून के बीच आएगा। कल क्या होगा? पिछले साल कब आया था मानसून मौसम से जुड़े अपडेट्स के लिए लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए-