उन्नाव में कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस-वे का एक हिस्सा धंस गया। इस एक्सप्रेस-वे का उद्घाटन 16 दिन पहले ही हुआ था। गुरुवार दोपहर किलोमीटर संख्या 30.6 के पास सड़क धंसने का वीडियो सामने आया। इसमें सड़क का हिस्सा टूटा दिखाई दे रहा है। निर्माण एजेंसी पीएनसी (PNC) और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) द्वारा क्षतिग्रस्त हिस्से की मरम्मत जारी है। पैबंद लगाए जा रहा है। सड़क किस वजह से धंसी, इसका कारण अभी स्पष्ट नहीं है। NHAI की ओर से भी अब तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। यह एक्सप्रेस-वे 4,700 करोड़ रुपए में बनकर तैयार हुआ है। एक्सप्रेस-वे की 2 तस्वीरें देखिए
एक्सप्रेस-वे का 13 जुलाई को उद्घाटन हुआ था कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास 5 जनवरी 2022 को हुआ था। करीब 1650 दिन बाद, 13 जुलाई 2026 को इसका उद्घाटन किया गया। 63 किलोमीटर लंबा यह देश का पहला बैरियर-लेस एक्सप्रेस-वे है। उद्घाटन कार्यक्रम में केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने लखनऊ में कहा था कि हमारे हाईवे अमेरिका से भी अच्छे बनेंगे। मेरे विभाग में पैसे की कमी नहीं है। आप मांगते हुए थक जाएंगे, मैं देते हुए नहीं थकूंगा। पहली भी धंस चुका एक्सप्रेस-वे, तीन इंजीनियर पर लगा बैन उद्घाटन के 14 दिन बाद ही उन्नाव के कोरारी क्षेत्र में कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस-वे के किलोमीटर संख्या 64 के पास सड़क धंस गई थी। घटना का वीडियो सामने आने के बाद सड़क की गुणवत्ता पर सवाल उठे थे। मामले में एनएचएआई ने निर्माण एजेंसी के प्रोजेक्ट मैनेजर विवेक कुमार गुप्ता, टीम लीडर सुरेंद्र कुमार और रेजिडेंट इंजीनियर यतेंद्र कुमार को परियोजना से हटा दिया था। साथ ही, तीनों पर अगले दो साल तक एनएचएआई की किसी भी परियोजना में काम करने पर रोक लगा दी गई थी। एनएचएआई ने बताया था कि 26 जुलाई को रूट पेट्रोलिंग के दौरान सड़क की सतह पर हल्की स्लिपेज (धंसाव) दिखाई दी थी। सूचना मिलते ही एनएचएआई और निर्माण कंपनी की टीम ने मौके पर पहुंचकर तकनीकी जांच की। जांच में पता चला कि खराबी सिर्फ पुल के ऊपर बनी सड़क की बिटुमिनस (डामर) की ऊपरी परत तक सीमित थी। पुल की नींव, सब-स्ट्रक्चर और सुपर-स्ट्रक्चर पूरी तरह सुरक्षित हैं। उस समय प्रभावित हिस्से की खराब डामर परत हटाकर नई परत बिछा दी गई थी। ————————- ये खबर भी पढ़िए- लड़की के सिर-पेट पर गोली मारकर लड़के ने जान दी, मेरठ में 10 दिन पहले जेल से छूटा था मेरठ में बुधवार शाम एकतरफा प्यार में एक लड़के ने लड़की को तीन गोलियां मारीं, फिर खुद को गोली मारकर सुसाइड कर लिया। लड़के के सीने में गोली लगी, जबकि लड़की के सिर में एक और दो गोली पेट में लगीं। पढ़े पूरी खबर…
एक्सप्रेस-वे का 13 जुलाई को उद्घाटन हुआ था कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास 5 जनवरी 2022 को हुआ था। करीब 1650 दिन बाद, 13 जुलाई 2026 को इसका उद्घाटन किया गया। 63 किलोमीटर लंबा यह देश का पहला बैरियर-लेस एक्सप्रेस-वे है। उद्घाटन कार्यक्रम में केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने लखनऊ में कहा था कि हमारे हाईवे अमेरिका से भी अच्छे बनेंगे। मेरे विभाग में पैसे की कमी नहीं है। आप मांगते हुए थक जाएंगे, मैं देते हुए नहीं थकूंगा। पहली भी धंस चुका एक्सप्रेस-वे, तीन इंजीनियर पर लगा बैन उद्घाटन के 14 दिन बाद ही उन्नाव के कोरारी क्षेत्र में कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस-वे के किलोमीटर संख्या 64 के पास सड़क धंस गई थी। घटना का वीडियो सामने आने के बाद सड़क की गुणवत्ता पर सवाल उठे थे। मामले में एनएचएआई ने निर्माण एजेंसी के प्रोजेक्ट मैनेजर विवेक कुमार गुप्ता, टीम लीडर सुरेंद्र कुमार और रेजिडेंट इंजीनियर यतेंद्र कुमार को परियोजना से हटा दिया था। साथ ही, तीनों पर अगले दो साल तक एनएचएआई की किसी भी परियोजना में काम करने पर रोक लगा दी गई थी। एनएचएआई ने बताया था कि 26 जुलाई को रूट पेट्रोलिंग के दौरान सड़क की सतह पर हल्की स्लिपेज (धंसाव) दिखाई दी थी। सूचना मिलते ही एनएचएआई और निर्माण कंपनी की टीम ने मौके पर पहुंचकर तकनीकी जांच की। जांच में पता चला कि खराबी सिर्फ पुल के ऊपर बनी सड़क की बिटुमिनस (डामर) की ऊपरी परत तक सीमित थी। पुल की नींव, सब-स्ट्रक्चर और सुपर-स्ट्रक्चर पूरी तरह सुरक्षित हैं। उस समय प्रभावित हिस्से की खराब डामर परत हटाकर नई परत बिछा दी गई थी। ————————- ये खबर भी पढ़िए- लड़की के सिर-पेट पर गोली मारकर लड़के ने जान दी, मेरठ में 10 दिन पहले जेल से छूटा था मेरठ में बुधवार शाम एकतरफा प्यार में एक लड़के ने लड़की को तीन गोलियां मारीं, फिर खुद को गोली मारकर सुसाइड कर लिया। लड़के के सीने में गोली लगी, जबकि लड़की के सिर में एक और दो गोली पेट में लगीं। पढ़े पूरी खबर…