कारोबारी को रंगदारी नहीं, बदले के लिए मार डाला:पिता बोले- शंकर को जेल भिजवाया, उसने बेटा छीन लिया; एनकाउंटर ठीक हुआ…

गाजीपुर में होटल कारोबारी विनीत राय की हत्या सिर्फ 1 करोड़ की रंगदारी के लिए नहीं हुई। इसके पीछे 2 साल पुराना बदला था। विनीत के बिंदू होटल में मुख्य आरोपी शंकर पांडेय को पीटा गया था। विनीत के पिता कहते हैं- मैंने ही शंकर को पुलिस को सौंपा था। लेकिन, यह नहीं सोचा कि शंकर मेरे बेटे को छीन लेगा। पुलिस ने एनकाउंटर करके सही किया। हम गैंग के और लोगों को नहीं जानते। विनीत की हत्या के 11 दिन बीत चुके हैं। यूपी पुलिस अभी तक 3 और आरोपियों को पकड़ नहीं सकी है। उनके खिलाफ 1-1 लाख रुपए का इनाम घोषित किया गया है। विनीत मर्डर केस में यूपी में सियासी बयान भी सामने आ रहे हैं। सपा और कांग्रेस पार्टियों के नेता परिवार से मिलने पहुंच रहे हैं। दैनिक भास्कर की टीम ने पीड़ित परिवार से बातचीत की। विनीत के घर के पास 10 दिन बाद भी दहशत 29 मई की रात करीब 11 बजे गाजीपुर के फूलनपुर में होटल कारोबारी आलोक राय के बड़े बेटे विनीत राय की हत्या कर दी गई थी। होटल के गेट पर विनीत को 4 गोलियां मारी गईं। 2 बाइक पर 4 बदमाश भाग निकले थे। यह वारदात जिस तरह से की गई, उसकी दहशत 10 दिन बाद भी बनी हुई है। जब हम पहुंचे, तो पूरे इलाके में सन्नाटा छाया था। हर तरफ पुलिस के जवान दिख रहे थे। विनीत का परिवार अष्टभुजी कॉलोनी में रहता है। हम वहां पहुंचे, परिचित परिवार से मिलने आ रहे थे। घर के अंदर हमारी मुलाकात पिता आलोक राय से हुई। वो कहते हैं- हम सिर्फ इतना चाहते हैं कि कटरा गैंग का सफाया हो। उनसे जुड़े बदमाश गिरफ्तार किए जाएं। हमने पूछा- एक बदमाश का एनकाउंटर किया गया है। आगे आप क्या चाहते हैं? आलोक कहते हैं- यह सब पुलिस को देखना है, पुलिस अपने हिसाब से फैसला लेगी। हम लोग व्यापारी हैं, चाहते हैं कि इलाके में शांति रहे। पुलिस दबिश दे रही है। हमें सीएम योगी पर पूरा भरोसा है। अब वो घटना, जिसके बदले में विनीत की हत्या हुई बात फरवरी, 2024 की है। आलोक राय की बहन गुड़िया के बेटे हर्षित की शादी थी। शादी बिंदू होटल से ही हो रही थी। उस दिन शंकर और उसके साथी होटल में आए थे। बार से बीयर लेकर पीने की बात पर स्टाफ से झगड़ा हुआ था। स्टाफ ने शंकर को पीट दिया था। शंकर का वीडियो भी बनाया था। इसमें शंकर हाथ जोड़कर लोगों से माफी मांगता दिख रहा था। कह रहा था कि अब ऐसी गलती नहीं होगी। होटल के स्टाफ के लिए मामला यहीं खत्म हो गया था। लेकिन, ये पूरी सच्चाई नहीं थी। होटल में तोड़फोड़, विनीत के पिता ने FIR लिखवाई 16 फरवरी को शंकर और उसके गैंग के करीब 20 लड़के होटल पहुंचे। सबके हाथ में लाठी-डंडे और हॉकी थीं। उन्होंने किसी को संभलने का मौका नहीं दिया। काफी तोड़फोड़ की। इसके बाद आलोक राय ने शंकर पांडेय और उसके गैंग के लड़कों के खिलाफ FIR लिखवाई थी। 7 महीने बाद 17 सितंबर, 2024 को पुलिस ने शंकर को पकड़कर जेल भेज दिया था। 6 अगस्त, 2025 को शंकर की जमानत हो गई, वो जेल से बाहर आ गया था। होटल में मारपीट की इस घटना के बारे में आलोक कहते हैं- ये लोग शराब पीने होटल में आए थे। हम कारोबारी लोग हैं, विवाद नहीं चाहते। लेकिन तोड़फोड़ की गई थी, इसलिए कोतवाल साहब को फोन किया और इन लोगों को पकड़वा दिया। फिर इनके खिलाफ क्या कार्रवाई हुई, यह हमने ध्यान नहीं दिया। बताते हैं कि शंकर जेल से बाहर आने के बाद रंगदारी वसूलने लगा था। ‘मर्डर किया, उसका भी वैसा ही हाल हो’ घर के कमरे में विनीत की मां और पत्नी अदिति रोते हुए मिले। उनसे घटना को लेकर बात करने का प्रयास किया, तो वो रोने लगीं। यही कहती रहीं- 3 महीने के बच्चे को उसने (शंकर) अनाथ बना दिया। ये अब किसके सहारे जीएगा? बुआ गुड़िया राय कहती हैं- विनीत तो बहुत सीधा लड़का था। उसका ऐसा कोई मामला नहीं था कि कोई मर्डर कर दे। हमारे लड़के को अपराधियों ने गर्दन से लेकर कमर तक गोली मारी है। मैं यही चाहती हूं कि जिस तरह से हमारे लड़के को गिराया गया, वैसे ही उन अपराधियों को भी गिराया जाए। विनीत की दूसरी बुआ विमला राय कहती हैं- 2 साल पहले होटल की मारपीट इतनी बड़ी हो सकती है क्या कि कोई किसी को मार डाले? ये तो हम सबको पता ही नहीं था। जब विवाद हुआ था, हम सब यहीं पर थे। होटल से फोन आया, तो आलोक भैया गए थे। उनकी बस यही गलती थी कि शंकर को पकड़वा दिया। गार्ड बोले- वारदात वाली रात 2 लड़के पहले आए, माहौल देखकर लौट गए मर्डर केस से जुड़े पुलिस अफसरों से बात करके साफ हुआ कि 29 मई को विनीत और उसके परिवार के लोगों का रात का खाना होटल में है, यह हमलावरों को पता था। विनीत के साथ उसके छोटे भाई आदेश राय, रिश्तेदार ऋषभ राय और 2 दोस्त थे। रात में 11 बजे से पहले 2 लड़के आए। गार्ड शंभू यादव से 16 बीयर मांगीं, फिर कहा कि अच्छा 8 दे दो। जब पेमेंट की बात आई, तो उन्होंने कहा कि यूपीआई करेंगे। शंभू ने मैनेजर नवनीत सिंह से कहा कि आप यूपीआई से पेमेंट करवा लो। लड़के फिर से बहाना करने लगे कि स्कैनर काम नहीं कर रहा। मोबाइल चार्ज करने की जरूरत है। दरअसल, उनका मकसद होटल के अंदर आकर यह देखना था कि कौन-कौन मौजूद है? उन्हें पता चल गया कि अंदर 4 से ज्यादा लोग हैं। इसके बाद सभी वहां से चले गए। कुछ देर में होटल पर लौट आए और बाहर गेट पर हथियार लेकर खड़े हो गए। विनीत और बाकी लोगों के बाहर निकलने का इंतजार करने लगे। उस रात बाहर निकलने से पहले विनीत ने आदेश से भी घर चलने को कहा। इस पर उसने कहा कि आप चले जाइए, हम कल सुबह आ जाएंगे। इसके बाद विनीत नीचे उतरे। गार्ड बोला- वो गोली मार रहे थे, मेरे पैर कांप रहे थे गार्ड शंभू कहते हैं- विनीत सीढ़ियों से नीचे उतरे, तो हमने गेट खोल दिया। हम उनसे थोड़ा-सा पीछे थे। विनीत जैसे ही बुलेट पर बैठे, बगल से एक लड़का आया और फायरिंग कर दी। उसने विनीत पर लगातार गोलियां चलाईं। फिर मेरी तरफ पिस्टल तान दी। मैं भागते हुए छत पर गया। आदेश और ऋषभ भैया को बताया कि विनीत को गोली मार दी है। मेरे पैर उस वक्त कांप रहे थे। वो लोग कौन थे, हम तो देख नहीं पाए थे। होटल के आसपास मौजूद रहे दूसरे लोग कहते हैं- उस दिन सिर्फ 4 नहीं, 10 से ज्यादा लड़के वारदात को अंजाम देने पहुंचे थे। जिस हिसाब से फायरिंग हुई, उससे साफ था कि सिर्फ विनीत नहीं, बल्कि सभी निशाने पर थे। वो लोग नीचे नहीं आए, इसलिए उनकी जान बच गई। कमलेश के एनकाउंटर के बाद पत्नी ने सवाल उठाए विनीत मर्डर केस में शंकर पांडेय के अलावा कमलेश चौधरी बिंद, आलोक द्विवेदी और जगदीश यादव के खिलाफ FIR हुई। 3 जून को कमलेश बिंद का पुलिस ने एनकाउंटर कर दिया। कमलेश की अप्रैल, 2026 में शादी हुई थी। उसकी पत्नी ने कहा- हम सबको पुलिस घर से उठाकर ले गई। थाने में हमारे सामने पीटा और फिर जंगल में ले जाकर मार दिया। यही वो बयान था, जिसके बाद सियासी बयान सामने आने लगे। कुछ लोग पक्ष में बोलने लगे, कुछ ने एनकाउंटर पर सवाल खड़े किए। सपा के घोसी सीट के सांसद राजीव राय और गाजीपुर से सांसद अफजाल अंसारी ने कमलेश बिंद के परिवार से मुलाकात की। सिर्फ सपा ही नहीं, भाजपा के सहयोगी दल निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद ने भी एनकाउंटर पर सवाल उठाए। कहा- विनीत राय हत्याकांड में मुख्य आरोपी अभी बचे हुए हैं। उन पर भी ऐसी ही कार्रवाई करके दिखाएं। यह निषाद-बिंद समाज के साथ भेदभाव से भरा रवैया है। कुछ अधिकारी सरकार के खिलाफ माहौल बना रहे हैं। चुनावी साल में ऐसी घटनाएं नुकसानदायक साबित हो सकती हैं। डिप्टी सीएम केशव मौर्य ने कहा- अपराध नियंत्रण के लिए पुलिस को कई बार कठोर कदम उठाने पड़ते हैं। अगर किसी मामले में परिवार या अन्य पक्ष शिकायत करता है, तो उसकी जांच भी कराई जाती है। गाजीपुर एनकाउंटर मामले की भी जांच होगी। ————————— यह खबर भी पढ़ें – यूपी में वॉट्सएप ग्रुप पर हत्या-लूट की प्लानिंग, ₹500 में हाथ-पैर तोड़ रहे; ‘कटरा गैंग’ ने होटल कारोबारी के बेटे का मर्डर किया 29 मई की रात गाजीपुर में होटल कारोबारी के बेटे विनीत राय की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस हत्या की प्लानिंग वॉट्सएप ग्रुप ‘कटरा गैंग’ पर हुई। कैसे मारना है, कितनी गोली मारनी है, कौन सा हथियार इस्तेमाल करना है, सब पहले से ही साफ था। पढ़िए पूरी खबर…