यूपी के सरकारी स्कूलों को संभालने वाले अफसर अपने बच्चों को इन स्कूलों में पढ़ने नहीं भेजते। यह सच्चाई दैनिक भास्कर की पड़ताल में सामने आई। 75 जिलों में तैनात बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) और जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) का भरोसा यूपी बोर्ड के स्कूलों पर नहीं है। इनके बच्चे CBSE और ICSE स्कूलों में पढ़ रहे हैं। अकेले फर्रुखाबाद के DIOS ही अपने बच्चे को यूपी बोर्ड के स्कूल में भेज रहे हैं। यूपी में इस वक्त कुल 148 BSA और DIOS तैनात हैं। इन अफसरों पर सरकारी स्कूलों का रखरखाव और पढ़ाई का स्तर सुधारने की जिम्मेदारी रहती है। जानिए किस अधिकारी के बच्चे कहां पढ़ रहे… देहात में तैनात अफसर भी बच्चों को लखनऊ के कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ा रहे लखीमपुर खीरी के DIOS विनोद मिश्रा के 2 बेटे हैं। एक 11वीं और दूसरा 8वीं में लखनऊ के दिल्ली पब्लिक स्कूल में पढ़ रहा है। गोंडा के DIOS डॉ. रामचंद्र के 3 बेटों में 2 लखनऊ के सेंट फ्रांसिस स्कूल में ICSE बोर्ड से पढ़े हैं, जबकि एक दिल्ली यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन कर रहा है। देवरिया के DIOS हरिश्चंद्र नाथ के 2 बेटे लखनऊ में CBSE बोर्ड से हाईस्कूल और इंटर की पढ़ाई कर रहे हैं। वाराणसी के DIOS भोलेंद्र कुमार के दोनों बेटे भी लखनऊ के कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ रहे हैं। आजमगढ़ के DIOS अजय कुमार गुप्ता की तीनों बच्चे लखनऊ में CBSE बोर्ड से पढ़ रहे हैं। इनमें बड़ी बेटी 7वीं, छोटी 4वीं और बेटा तीसरी कक्षा में है। प्रयागराज के DIOS संतोष कुमार के 2 बच्चे लखनऊ के प्राइवेट स्कूल में पढ़ते हैं। सिर्फ एक ने यूपी बोर्ड चुना, लेकिन स्कूल प्राइवेट फर्रुखाबाद के DIOS संजीव कुमार एकमात्र ऐसे अफसर हैं ,जिनके बच्चे यूपी बोर्ड के स्कूल में पढ़ते हैं। उनके बच्चे बाराबंकी में यूपी बोर्ड से संचालित एक प्राइवेट स्कूल में पढ़ रहे हैं। गोरखपुर के DIOS अजीत सिंह का बेटा-बेटी आईसीएसई बोर्ड के लिटिल फ्लावर स्कूल में पढ़ रहे हैं। हरदोई के DIOS अरविंद कुमार पाठक की दोनों बेटियां कॉन्वेंट स्कूल में पढ़ रही हैं। गाजीपुर की DIOS उपासना रानी वर्मा की एक बेटी और एक बेटा माउंट लिटेरा जी. स्कूल में पढ़ते हैं। बेटी 9वीं और बेटा 10वीं में है। सहारनपुर के DIOS जयकरण यादव के दोनों बच्चे प्राइवेट स्कूल में पढ़ते हैं। BSA भी प्राइवेट स्कूलों की दौड़ में शामिल अमेठी के BSA संजय तिवारी के दोनों बेटे सम्राट और स्वराज CBSE बोर्ड से कक्षा- 4 और KG में पढ़ रहे हैं। सोनभद्र के BSA मुकुल आनंद पांडे का 10 साल का बेटा गाजीपुर के कॉन्वेंट स्कूल में चौथी कक्षा में है। गोरखपुर के BSA धीरेंद्र त्रिपाठी की तीन बेटियों की पढ़ाई पूरी हो चुकी है। प्रयागराज के BSA अनिल कुमार का बेटा महर्षि पतंजलि और बेटी सेंट मैरी कॉन्वेंट में पढ़ती है। दोनों छोटी कक्षाओं में हैं। नोएडा के BSA राहुल कंवर के बच्चे बागपत में CBSE बोर्ड से पढ़ रहे हैं। संभल की BSA अलका शर्मा की 10 साल की बेटी भी प्राइवेट स्कूल में पढ़ रही है। कुछ अफसरों के बच्चे उच्च शिक्षा या पढ़ाई पूरी कर जॉब कर रहे कई अफसरों के बच्चे स्कूल की पढ़ाई पूरी कर चुके हैं। सीतापुर के BSA गोरखनाथ पटेल का बेटा MBBS कर रहा है। फतेहपुर के DIOS राकेश कुमार का एक बेटा नोएडा में सिविल सेवा की तैयारी कर रहा है। 2 बेटियों में एक BA प्रथम वर्ष में है, जबकि दूसरी लखनऊ से ग्रेजुएशन कर रही है। बलिया के DIOS मनोज कुमार मिश्र के 2 बच्चों में एक ग्रेजुएशन पूरा कर चुका है, जबकि दूसरा ग्रेजुएशन कर रहा है। बागपत के DIOS राजीव कुमार यादव के बेटे-बेटी दोनों की पढ़ाई पूरी हो चुकी है। दोनों नौकरी कर रहे हैं। कुछ अफसरों के बच्चे अभी छोटे प्रदेश के कई BSA-DIOS ऐसे भी हैं, जिनके बच्चे अभी स्कूल जाने की उम्र में नहीं हैं। आजमगढ़ के BSA राजीव पाठक का बेटा 3 साल का है। फतेहपुर की BSA प्रिंशी मौर्या की 2 साल की बेटी है। बहराइच के BSA आशीष सिंह का बेटा 2 साल का है। बस्ती के BSA अनूप कुमार और DIOS संजय सिंह के बेटे भी छोटे हैं। चंदौली के DIOS धर्मेंद्र कुमार का बेटा एक साल का है। बलिया के BSA मनीष कुमार सिंह की 3 महीने की बेटी है। भदोही के DIOS का बच्चा 8 महीने का और जौनपुर के BSA समीर कुमार का बच्चा 6 महीने का है। सुल्तानपुर के BSA उपेंद्र गुप्ता की 3 महीने की बेटी है। लखीमपुर खीरी के BSA प्रवीण कुमार के जुड़वां बच्चे छोटे हैं। पीलीभीत की BSA रोशनी सिंह, हरदोई के BSA प्रभाष मिश्रा, मेरठ की BSA आशा चौधरी, वाराणसी के BSA भूपेंद्र सिंह और मिर्जापुर के BSA अनिल वर्मा के बच्चे भी अभी छोटे हैं।
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