यूपी में मानसून जमकर बरस रहा है। सहारनपुर में बुधवार को सुबह 4 बजे से दोपहर 1 बजे तक लगातार 9 घंटे बारिश हुई। इससे पहाड़ी सहरसा नदी में बाढ़ आ गई है। पुल के ऊपर से पानी तेजी से बह रहा है। एक ट्रैक्टर नदी पार करते समय फंस गया। लोगों ने रेस्क्यू कर ट्रैक्टर पर सवार तीन लोगों को बाहर निकाला। यहां बेहट में करीब 15 फीट की पुलिया बरसाती नाले में समा गई। इससे 12 से अधिक गांवों का संपर्क मुख्यालय से कट गया है। बारिश में स्पोर्ट्स कॉलेज की दीवार ढह गई। खेतों में पानी भर गया और फसलें डूब गईं हैं। इधर, मुजफ्फरनगर में बारिश के दौरान नाले में बहे 3 साल के बच्चे का शव 80 घंटे के बाद बुधवार को मिला। शव के पास एक कुत्ता घूम रहा था। तभी लोगों की नजर पड़ी। 22 जून को वह खेलते समय नाले में बह गया था। झांसी में बिजली गिरने से बच्ची की मौत हो गई। बारिश से शहर की सड़कों पर 4 फीट पानी भर गया। बेतवा नदी का अचानक जलस्तर बढ़ गया। इसमें घाट किनारे बालू लोड कर रहा डंपर डूब गया। चालक को जैसे ही डंपर डूबने की भनक लगी, वह पानी में कूद गया और तैरकर बाहर निकल आया। चालक ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने डंपर को दूसरे ट्रकों से खींचवाने का प्रयास किया, लेकिन डंपर नहीं निकला। शामली और बिजनौर में जमकर बारिश हुई। शामली में इतनी बारिश हुई कि सड़कें तालाब बन गईं। बिजनौर में सड़कों पर एक फीट तक पानी भर गया है। गलियों में नदियों जैसा बहाव है। सोनभद्र में बारिश के पानी में एक टैंकर फंस गया। घंटों की मशक्कत के बाद टैंकर को निकाला गया। लखनऊ में शाम को मौसम बदला। बूंदाबांदी हुई। मौसम विभाग ने बताया, 24 घंटे में 43 शहरों में औसतन 3 मिमी बारिश हुई। जबकि 4.6 मिमी बारिश होनी चाहिए। यहां अनुमान से 35 फीसदी कम है। गुरुवार, 26 जून को सहारनपुर, बिजनौर, मुरादाबाद, अमरोहा, रामपुर, मेरठ, मुजफ्फरनगर, मेरठ, बागपत, शामली, ललितपुर, चंदौली, मिर्जापुर और सोनभद्र में तेज बारिश की संभावना है। इस दौरान 30–40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। अगले चार दिनों तक ऐसा ही मौसम बना रहेगा। 5 तस्वीरें देखिए- मानसून ने प्रदेश के सभी 75 जिलों को कवर कर लिया है। 18 जून को ललितपुर और सोनभद्र के रास्ते मानसून ने उत्तर प्रदेश में एंट्री ली थी। पूरे प्रदेश को कवर करने में 7 दिन लगे। इस बार बारिश ने 54 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। एक जून से अब तक प्रदेश में 72.9 मिमी बारिश रिकॉर्ड की गई। यह अनुमानित बारिश 62.8 मिमी से 16 फीसदी ज्यादा है। आंकड़ों पर नजर डालें तो इतनी बारिश 1971 में हुई थी। कल कहां-कहां होगी बारिश? मौसम से जुड़े पल-पल के अपडेट्स के लिए लाइव ब्लॉग से गुजर जाइए-