लखीमपुर-खीरी में एक NEET छात्र ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। मरने से पहले युवक ने एक नोट भी छोड़ा है। इसमें लिखा है- ‘मेरे मरने की वजह मंगेतर की फैमिली होगी।’ मामला जिला मुख्यालय से करीब 1 किलोमीटर दूर सदर कोतवाली क्षेत्र के शास्त्रीनगर मोहल्ले का है। 2 सितंबर की शाम करीब 4 बजे उसने आत्महत्या कर ली थी। युवक की पहचान अमन (22) के रूप में हुई है। वह किराए का कमरा लेकर NEET की तैयारी कर रहा था। घटना के अगले दिन गुरुवार को सुसाइड नोट मिला जब युवक के पिता किराए के कमरे पर बेटे का सामान लेने पहुंचे। इसके बाद छात्र के पिता ने मंगेतर, उसके जीजा, बहन और मां समेत 4 आरोपियों के खिलाफ FIR दर्ज कराई। पिता ने बताया कि बेटे की शादी रुपाली नाम की लड़की से करने की बात चल रही थी। परिवार वाले राजी थे, लेकिन लड़की की बहन और जीजा इस रिश्ते के लिए राजी नहीं थे। वे अमन पर सरकारी नौकरी लगने का दबाव बनाते थे। पिता का आरोप है कि इसी दबाव के चलते बेटे ने आत्महत्या की। तस्वीरें देखिए… जानिए पूरा मामला… डांगा गांव में किसान अनिल गुप्ता (55) अपनी पत्नी सीमा (50), छोटे बेटे अश्वनी (20) और परिवार के साथ रहते हैं। उनकी बेटी वर्षा (28) की शादी हो चुकी है। जबकि बड़ा बेटा अमन (22) लखीमपुर के शास्त्रीनगर स्थित अपने मकान में रहकर NEET की तैयारी कर रहा था। अमन की लखीमपुर के नौरंगाबाद निवासी स्वर्गीय रामू गुप्ता की बेटी रूपाली से करीब तीन साल से शादी की बात चल रही थी। रामू गुप्ता की करीब एक साल पहले मौत हो चुकी है। उनके परिवार में पत्नी सुनीता (55), बेटा सूरज (32) और बेटी शालू (24) रहती हैं। पिता अनिल ने बताया कि रुपाली से अमन की शादी को लेकर उसकी मां सुनीता देवी से बातचीत हुई थी। रिश्ते की बातचीत के बाद अमन और रुपाली के बीच भी बातचीत होने लगी थी। अमन के पिता के मुताबिक, रुपाली के जीजा ऋषि गुप्ता और उसकी बहन शालू इस शादी के लिए राजी नहीं थे। दोनों आए दिन उनके बेटे अमन पर सरकारी नौकरी लगने का दबाव बनाते थे। अमन से कहा जाता था कि अगर उसकी सरकारी नौकरी नहीं लगी तो शादी करने से इनकार कर दिया जाएगा। लगातार बनाए जा रहे दबाव के कारण अमन मानसिक रूप से परेशान रहने लगा था। वह पिछले कुछ दिनों से गुमसुम रहता था। आरोप है कि उसे उकसाया और धमकाया गया। इन लोगों के दबाव और उकसावे से परेशान होकर अमन ने 2 सितंबर की शाम करीब 4 बजे शास्त्रीनगर स्थित अपने किराए के कमरे में फांसी लगा ली। मां का फोन नहीं उठा तो परिवार को हुई आशंका बुधवार को जब अमन की मां ने उससे बात करने के लिए फोन किया तो उसने फोन नहीं उठाया। कई बार फोन करने के बाद भी जवाब नहीं मिला तो परिवार को आशंका हुई। इस पर अमन के पिता अनिल ने मकान मालिक को फोन करके कमरा चेक करने के लिए कहा। मकान मालिक ने जब अमन के कमरे का दरवाजा खटखटाया तो अंदर से कोई जवाब नहीं मिला। इसके बाद खिड़की से झांककर देखा तो अमन पंखे से फंदे के सहारे लटका हुआ था। मकान मालिक ने इसकी सूचना अमन के परिवार और पुलिस को दी। घटना की सूचना मिलते ही अमन का परिवार मौके पर पहुंचा। बेटे का शव देखकर मां बेहोश हो गई। पिता का रो-रोकर बुरा हाल था। पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने अमन का मोबाइल फोन भी कब्जे में ले लिया है। गुरुवार को पिता को कमरे से मिला सुसाइड नोट गुरुवार को अमन के पिता अनिल बेटे के कमरे से उसका सामान लेने के लिए गए तो उन्हें एक किताब के नीचे से एक नोट मिला। इसमें लिखा था- ‘मेरे मरने की वजह रुपाली की फैमिली होगी।’ इसके बाद अमन के पिता ने बेटे की मौत के लिए रुपाली के जीजा ऋषि गुप्ता, उसकी बहन शालू और मां सुनीता देवी के खिलाफ FIR दर्ज कराई। घटना वाले दिन अमन ने रुपाली को मिलने के लिए बुलाया था पुलिस की जांच में सामने आया कि घटना से कुछ समय पहले रुपाली ने अपने जीजा को व्हाट्सऐप पर मैसेज किया था। शाहजहांपुर निवासी जीजा को उसने बताया था कि अमन उसे मिलने के लिए बुला रहा है। रुपाली ने स्कूटी नहीं होने की वजह से अमन से मिलने से मना कर दिया था। पिता की तहरीर पर चार लोगों के खिलाफ केस एएसपी पूर्वी पवन गौतम ने बताया कि मृतक के परिजनों की तहरीर के आधार पर चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। मां ने रोते हुए कहा- मेरे बेटे को इंसाफ चाहिए अमन की मां सीमा ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से न्याय की गुहार लगाते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। सीमा का आरोप है कि युवती के जीजा ऋषि और मां उनके बेटे को मकान में ले गए और केबल के सहारे फांसी पर लटका दिया। अमन के शरीर पर गंभीर चोटों के निशान भी मिले हैं। सीमा ने कहा, “हमारे बेटे को इंसाफ चाहिए। उसके साथ अन्याय हुआ है। हम मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बार-बार न्याय की गुहार लगा रहे हैं।” परिजनों ने मुख्यमंत्री से मामले की निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। इसी महीने अमन की नौकरी लगने वाली थी अमन की बहन वर्षा ने बताया कि अमन और रुपाली की शादी तय हो चुकी थी। परिवार ने करीब डेढ़ साल बाद शादी करने का फैसला किया था। इसी महीने अमन की नौकरी लगने वाली थी। इसके लिए सभी दस्तावेज भी जमा हो चुके थे। नौकरी लगने की जानकारी रुपाली को देने के बाद दोनों के बीच मैसेज पर विवाद शुरू हो गया। वर्षा के मुताबिक, अमन मानसिक रूप से परेशान रहने लगा था। घटना से पहले वह घर आने की तैयारी कर रहा था। उसने बैग और पानी की बोतल तक तैयार कर ली थी। इसी दौरान रुपाली के मैसेज आने पर वह काफी देर तक उससे बातचीत करता रहा। ——————————— ये खबर भी पढ़ेंः- पिता बोले- पत्नी की बेवफाई से परेशान था बेटा:फतेहपुर में 5 लोगों पर तलवार से किया था हमला, भीड़ ने पीटकर मार डाला
‘बेटा घबराया हुआ घर आया था। बड़बड़ा रहा था कि अब सब सही गया है। मैंने हाथ जोड़कर पूछा कि बेटा क्या हुआ है, लेकिन उसने नहीं बताया। 15 मिनट बाद ही चला गया। उसे औरत का दुख था, बार-बार बच्चों को भी फोन करता था, लेकिन कोई बात नहीं करता था। उसे यही तकलीफ थी कि जिन्हें जिंदगी भर खिलाया वो आज बाहर भाग रहे हैं।’ यह कहना है उस पवन के पिता का, जिसने फतेहपुर में गुरुवार को 5 लोगों पर तलवार से हमला किया था। बाद में भीड़ ने उसे पीटकर मार डाला था। पिता का कहना है कि बेटा पत्नी की बेवफाई से परेशान था। वहीं, हमले में घायल 4 लोगों की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। मामला औंग थाना क्षेत्र का है। दैनिक भास्कर की टीम ने आरोपी के पिता और घायलों के घरवालों से बात करके पूरा मामला समझा। पढ़िए रिपोर्ट…
‘बेटा घबराया हुआ घर आया था। बड़बड़ा रहा था कि अब सब सही गया है। मैंने हाथ जोड़कर पूछा कि बेटा क्या हुआ है, लेकिन उसने नहीं बताया। 15 मिनट बाद ही चला गया। उसे औरत का दुख था, बार-बार बच्चों को भी फोन करता था, लेकिन कोई बात नहीं करता था। उसे यही तकलीफ थी कि जिन्हें जिंदगी भर खिलाया वो आज बाहर भाग रहे हैं।’ यह कहना है उस पवन के पिता का, जिसने फतेहपुर में गुरुवार को 5 लोगों पर तलवार से हमला किया था। बाद में भीड़ ने उसे पीटकर मार डाला था। पिता का कहना है कि बेटा पत्नी की बेवफाई से परेशान था। वहीं, हमले में घायल 4 लोगों की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। मामला औंग थाना क्षेत्र का है। दैनिक भास्कर की टीम ने आरोपी के पिता और घायलों के घरवालों से बात करके पूरा मामला समझा। पढ़िए रिपोर्ट…