‘गटर जनरेशन’ कहने पर कंगना रनौत के खिलाफ परिवाद दाखिल:स्टूडेंट प्रोटेस्ट पर कहा था- नशा, शराब, कई आदमियों से यौन संबंध बनाना इनके लिए आजादी

आगरा में भाजपा सांसद और फिल्म अभिनेत्री कंगना रनौत के खिलाफ एक और परिवाद दायर किया गया है। राजीव गांधी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अधिवक्ता रमाशंकर शर्मा ने स्पेशल कोर्ट एमपी-एमएलए में परिवाद दाखिल कर आरोप लगाया है कि कंगना ने पेपर लीक के विरोध में प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं को सोशल मीडिया पर ‘गटर जेनरेशन’ कहकर अपमानित किया। मामले में स्पेशल जज अनुज कुमार सिंह की अदालत ने 5 अगस्त की तारीख सुनवाई के लिए निर्धारित की है। परिवाद दाखिल करने वाले अधिवक्ता ने कहा- पिछले कुछ समय से देश में नीट और अन्य परीक्षाओं के बार-बार पेपर लीक होने से आहत देश के लाखो छात्र छात्राओं को अपना भविष्य अंधकार मय लगने लगा। इस कारण तमाम छात्र-छात्राओं ने आहत होकर आत्महत्या कर ली। इस बात से निराश और आक्रोशित छात्र छात्राओं ने विगत कई दिनों तक जंतर मंतर नई दिल्ली में शांतिपूर्ण धरना प्रदर्शन किया। छात्रों की आवाज को दबाने के लिए पुलिस तथा अन्य सुरक्षा बलों द्वारा 20 जुलाई को बर्बर लाठी चार्ज किया गया। आंसू गैस के गोले छोड़े गए तथा पेलेट गन का इस्तेमाल किया गई। यही नहीं छात्रों और छात्राओं तथा छोटे-छोटे बच्चों के साथ हद दर्जे की अमानवीय एवं बर्बरता पूर्ण कार्रवाई की गई। कंगना रनौत ने सोशल मीडिया पर डाला वीडियो
जब छात्रों के समर्थन में देश भर में छात्र-छात्राओं के आंदोलन शुरू हुए तथा नेता विपक्षी दल राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव द्वारा छात्रों के समर्थन में प्रधानमंत्री आवास का घेराव किया। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा देना पड़ा। इस पर कंगना रनौत ने अभद्र टिप्पणी करते आंदोलनकारी छात्र छात्राओं को कंगना ने गटर जेनरेशन कह दिया। कंगना के इस बेतुके बयान से हर देशवासी सहित परिवादी और उनके तमाम साथी राजवीर सिंह, एडवोकेट रामदत्त दिवाकर, एडवोकेट नवीन वर्मा, आईएस मौर्य सहित तमाम लोगों की भावनाएं बुरी तरह आहत एवं पीड़ित हुई है। हम लोगों के भी बच्चे भी छात्र हैं। पुलिस कमिश्नर ने नहीं की कार्रवाई
परिवाद में कहा है कि कंगना ने संविधान की मूल कर्तव्य से संबंधित धाराओं का उल्लंघन करते हुए राष्ट्र विरोधी और अपमानजनक बयान दिया है। जिससे संसद व देश की गरिमा को भारी ठेस पहुंची है। इस संबंध में परिवादी ने थाना न्यू आगरा और पुलिस कमिश्नर को शिकायत प्रार्थना पत्र भेजी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। 5 अगस्त को होगी सुनवाई
इसलिए यह परिवाद प्रस्तुत किया जा रहा है। कोर्ट ने दलील सुनने के बाद 5 अगस्त की तिथि मामले पर सुनवाई के लिए नियत कर दी। परिवाद की ओर से वरिष्ठ वकील सुखबीर सिंह चौहान, राजवीर सिंह, रामदत्त दिवाकर, सुमन्त चतुर्वेदी बी एस फौजदार प्रीति कुमारी सहित अन्य कई अधिवक्ताओं ने दलीलें दी। BJP सांसद कंगना रनौत का पूरा बयान पढ़िए… कंगना ने 27 जुलाई को इंस्टाग्राम अकाउंट के स्टोरी सेक्शन से लिखा- सबसे शर्मनाक बात उन युवा हिंदू महिलाओं का व्यवहार है, जो स्वतंत्र और करियर बनाने वाली महिलाओं की जिंदगी की नकल करना चाहती हैं, लेकिन उस आजादी के साथ आने वाली जिम्मेदारियों को नहीं निभाना चाहतीं। असल में स्वतंत्र महिलाएं विद्रोही फैसले लेती हैं, बेबाक राय रखती हैं, परंपराओं से हटकर करियर चुनती हैं और अपने हर फैसले की पूरी जिम्मेदारी भी उठाती हैं। उन्हें अपने कर्मों की कीमत खुद चुकानी पड़ती है। वे अपने माता-पिता या परिवार की कीमत पर ऐसा नहीं करतीं। कंगना ने आगे लिखा, “आज तथाकथित वेस्टर्न सोच से प्रभावित भारतीय महिलाओं की एक नई पीढ़ी सामने आई है। मैं इन्हें ‘गटर जेनरेशन’ कहती हूं। इनमें से कुछ के पास समाज को देने के लिए कुछ भी नहीं है। वे पढ़ाई में अच्छी नहीं हैं, लेकिन इतनी बदसूरत सोच और भ्रष्ट मानसिकता रखती हैं कि अच्छी हाउसवाइफ भी नहीं बन सकतीं। इसके बावजूद वे अपनी तथाकथित आजादी का दिखावा करती हैं।” एक्ट्रेस और बीजेपी सांसद ने कहा, “एक छोटी-सी याद दिला दूं, आजाद जीवन कमाना पड़ता है। अगर बिना जिम्मेदारी उठाए स्वतंत्र बनने की कोशिश करोगे, तो तुम सिर्फ एक विकृत मानसिकता वाले इंसान हो, ‘गटर छाप’।” स्टूडेंट प्रोटेस्ट पर कहा था- कैसी परवरिश हो रही है भाजपा सांसद और एक्ट्रेस कंगना रनोट ने स्टूडेंट प्रोटेस्ट पर सोशल मीडिया से लिखा था- अपनी पूरी जिंदगी में मैंने कभी इतनी बदसूरती एक साथ नहीं देखी। Gen Z के विरोध-प्रदर्शनों की ये रीलें देखकर घिन आती है। इन लोगों के बोलने का तरीका और जिस भाषा का ये इस्तेमाल कर रहे हैं, वैसा मैंने पहले कभी नहीं देखा। हर फ्रेम इतना अजीब और परेशान करने वाला है कि देखकर घिन होती है। आखिर इन्हें जन्म कौन दे रहा है और इनकी परवरिश कौन कर रहा है? कंगना रनोट ने CJP प्रदर्शन को हुड़दंग बताया था आंदोलन के दौरान कंगना रनोट ने मीडिया से बात करते हुए कंगना ने कहा कि किसी को पद से हटाने या रखने के लिए सरकार पर दबाव बनाना गलत है। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक मुद्दों पर बहस के लिए संसद सही जगह है, न कि आंदोलन। कंगना ने कहा था की ये सब जंतर-मंतर पर हुड़दंग कर रहे हैं, उत्पात मचा रहे हैं। जिस तरह से आंदोलन चल रहा है वो ठीक नहीं है। =================== ये खबर भी पढ़ें… CJP की कंगना को नसीहत-परिवार में भी ऐसी भाषा बोलेंगी:ये मानसिक रूप से स्थिर व्यक्ति के शब्द नहीं; एक्ट्रेस Gen-G को गटर जनरेशन बोली थीं अभिनेत्री और भाजपा सांसद कंगना रनोट ने Gen Z को ‘जनरेशन गटर’ कहा था। इस पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि अगर आपके परिवार में Gen Z या जेन अल्फा का कोई युवा है, तो क्या आप उनके लिए ऐसी भाषा का इस्तेमाल करेंगी?’ कंगना ने मंगलवार को इंस्टाग्राम स्टोरीज पर नीट परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर CJP के नेतृत्व में हो रहे आंदोलन पर निशाना साधा था। पूरी खबर पढ़ें…