चुनाव में लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस-वे कितना बड़ा मुद्दा:सपा आगरा तो बसपा यमुना एक्सप्रेस-वे की खूबियां गिना रहीं; BJP डैमेज कंट्रोल कैसे करेगी

13 जुलाई को उद्घाटन के बाद से ही लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस-वे रोज कहीं न कहीं धंस रहा है। एक महीने में 100 से ज्यादा जगह धंसने की खबर आ चुकी है। विपक्ष लगातार इसे मुद्दा बना रहा है। अखिलेश यादव अपने समय के आगरा एक्सप्रेस-वे और आकाश आनंद बसपा काल के यमुना एक्सप्रेस-वे की खूबियां गिना रहे हैं। साथ ही पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे, गंगा एक्सप्रेस-वे, गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस-वे की क्वालिटी पर भी सवाल उठा रहे हैं। जबकि, यूपी में सबसे ज्यादा एक्सप्रेस-वे बनाने का दम भरने वाली भाजपा सरकार बैकफुट पर है। आज यूपी एक्सप्लेनर में जानिए क्या विपक्ष विधानसभा चुनाव में इस मुद्दे को भुनाकर अपने पाले में वोट खींच पाएगा? भाजपा इस नुकसान से कैसे बचेगी? सवाल-1: लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस-वे बार-बार क्यों धंस रहा? जवाबः सवाल-2: क्या ये अब तक सबसे ज्यादा धंसने वाला एक्सप्रेस-वे है? जवाबः हां, इतने बड़े पैमाने और अवधि के लिहाज से यह सबसे ज्यादा धंसने वाला एक्सप्रेस-वे है। हालांकि, सरकार या NHAI ने आधिकारिक तौर पर ऐसा नहीं कहा है। लेकिन, मीडिया रिपोर्ट्स में दर्ज घटनाओं की संख्या और अवधि के आधार पर यही तस्वीर नजर आती है… i) उद्घाटन के 13 दिन बाद 26 जुलाई को पहली घटना सामने आई। ii) दैनिक भास्कर की ग्राउंड रिपोर्ट में 18 दिन में 84 जगह धंसने या दरार आने की बात पता चली। iii) 10 अगस्त को 10 अन्य जगह और 12 अगस्त को लखनऊ-उन्नाव लेन पर 4 जगह धंसाव की खबर आई। iv) यह सिलसिला थम नहीं रहा। एक जगह की मरम्मत होने से पहले दूसरी जगह सड़क धंस जाती है। सवाल-3: लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस-वे के घटिया निर्माण से भाजपा को क्या नुकसान होगा? जवाब: राजनीतिक एक्सपर्ट बताते हैं कि इससे भाजपा के विकास मॉडल और सुशासन की छवि को धक्का लगा है। इससे पहले भी यूपी के कई एक्सप्रेस-वे के घटिया निर्माण का मुद्दा उठा है, लेकिन तब चुनाव नहीं थे। इसलिए सब मैनेज हो गया। लेकिन, यहां ऐसा होता नहीं दिख रहा। इसे ऐसे समझ सकते हैं… सवाल-4: चुनाव में लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस-वे कितना बड़ा मुद्दा बनेगा? जवाबः इसे लेकर राजनीतिक विश्लेषकों की राय बंटी हुई है। कुछ इसके व्यापक असर के बारे में बताते हैं। वहीं, कुछ एक्सपर्ट चुनाव तक इस मुद्दे के ठंडे होने की बात कह रहे हैं। इस भास्कर पोल में हिस्सा लेकर अपनी राय दीजिए- सवाल-5: किसी राज्य के विकास के लिए एक्सप्रेस-वे कितने अहम होते हैं? जवाबः एक्सप्रेस-वे किसी भी राज्य या देश के विकास की लाइफलाइन माने जाते हैं। इसे 2 पॉइंट में समझ सकते हैं… ————————————- ये एक्सप्लेनर भी पढ़ें… आकाश आनंद के तेवर भाजपा के लिए फायदेमंद: UP सरकार पर आक्रामक दिखे, फिर क्यों उल्टा पड़ रहा दांव…? मायावती के भतीजे आकाश आनंद हाथरस रैली में प्रदेश की भाजपा सरकार पर सबसे ज्यादा आक्रामक दिखे। 10 अगस्त को उनकी वो आक्रामक छवि एक बार फिर नजर आई, जो 2024 लोकसभा चुनाव में दिखी थी। आकाश ने कानून व्यवस्था से लेकर पेपर लीक तक हर मुद्दे पर प्रदेश सरकार को घेरा। फिर भी कहा ये जा रहा है कि उनके तेवरों से भाजपा को ही सबसे ज्यादा फायदा होगा। आखिर किस वजह से ऐसा होगा। पढ़िए यूपी एक्सप्लेनर में…