झांसी में दूल्हे के चाचा के बिना बैठे ही बारात की बस आगे बढ़ गई। इससे वह नाराज हो गए। बेटी-दामाद ने मनाया और बस रुकवाकर उन्हें बैठाया। इसके बाद बारात विवाह घर पहुंची। वहां चाचा ने अपना पर्स और मोबाइल बेटी को दे दिया, फिर लापता हो गए। सुबह विवाहघर से करीब 100 मीटर दूर एक पेड़ से उनकी लाश लटकी मिली। घरवालों ने बताया कि बारात लेकर जा रही बस के ड्राइवर ने किसी काम से रास्ते में गाड़ी रोकी थी। उसमें सवार दूल्हे के चाचा उतरकर यूरिन करने लगे। इतने में बस चल दी। करीब 20 मीटर आगे लोगों ने बस रुकवाई। लेकिन, चाचा ने बस में बैठने से मना कर दिया था। मामला मोंठ कस्बे का है। विस्तार से पूरा मामला जानिए… कानपुर के जूही इलाके के रहने वाले ईश्वर सिंह (57) पेशे से इलेक्ट्रीशियन थे। उनके फुफेरे भाई अगन कुमार कानपुर देहात के राजपुर में रहते हैं। अगन के बेटे मनोज की शादी झांसी में तय हुई थी। उसी शादी में शामिल होने के लिए वह पहले राजेपुर गए। फिर वहां से बारात की बस से झांसी गए। ईश्वर सिंह के बेटे रोहित वर्मा ने बताया कि कानपुर देहात से सोमवार शाम को बारात झांसी के मोंठ के लिए रवाना हुई थी। रास्ते में बस रुकी तो पापा भी यूरिन के लिए उतरे। इसी बीच बस चल दी। उनके शोर मचाने पर करीब 15 से 20 मीटर आगे बस को रुकवाया गया। वह इससे नाराज हो गए। तब बहन और जीजा ने मनाकर उनको बस में बैठा लिया। रात में बारात मोंठ के पीतांबरा पहुंची। बेटी को पर्स और मोबाइल लेकर गायब हुए बेटे रोहित ने बताया- पिता विवाहघर के अंदर नहीं गए। बाहर ही बहन को अपना मोबाइल और पर्स देकर चले गए। बहन ने रोकने की कोशिश की, लेकिन वह नहीं माने। बहन ने आवाज लगाई, लेकिन डीजे बज रहा था इसलिए कोई सुन नहीं पाया। बहन अंदर से घरवालों को बुलाकर लाई, लेकिन तब तक पिता जा चुके थे। इसके बाद उनकी तलाश शुरू की गई, लेकिन उनका कोई सुराग नहीं लगा। मंगलवार सुबह दोबारा उनको तलाशा जा रहा था। इसी बीच विवाहघर से लगभग 100 मीटर दूर झाड़ियों में एक पेड़ पर पिता गमछे से फंदा बनाकर लटके मिले। इसके बाद आसपास के लोग इकट्ठा हो गए और पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा है। भतीजे योगेंद्र ने बताया कि चाचा ईश्वर सिंह मानसिक रूप से परेशान रहते थे। उनका इलाज भी चल रहा था। उनको छोटी-छोटी बात पर बहुत गुस्सा आ जाता था। इसी वजह से उन्होंने सुसाइड किया है। सुसाइड के बाद विवाहघर में मातम छा गया। घरवाले रोते-बिलखते हुए मौके पर पहुंच गए। ईश्वर के 2 बेटे रोहित और मोहित हैं। दोनों की शादी नहीं हुई है, जबकि बेटी नेहा की शादी हो चुकी है। सीओ अजय श्रोत्रीय ने कहा कि आत्महत्या का मामला प्रकाश में आया था। घटना की जानकारी लगते ही मौके पर पुलिस फोर्स को भेजा गया। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामले की जांच की जा रही है। —————————– यह खबर भी पढ़िए भाजपा की जनाक्रोश रैली, योगी महिलाओं के साथ पैदल चले, प्रदेश अध्यक्ष बोले- नकाब वालों के चक्कर में सपा ने 80% महिलाओं का नुकसान कराया लोकसभा में महिला आरक्षण बिल पास न होने पर लखनऊ में भाजपा ने मंगलवार को जन आक्रोश महिला पदयात्रा निकाली। सीएम योगी खुद इस पदयात्रा में महिलाओं के साथ पैदल चले। उनके साथ करीब 15 हजार महिलाएं चलीं। यहां पढ़ें पूरी खबर