आजमगढ़ में मंगलवार शाम पति ने पत्नी समेत दो पंडितों की गोली मारकर हत्या कर दी। उसने पूजा के दौरान वारदात को अंजाम दिया। पति ने पत्नी से बहस के बाद दोनों पंडितों से आधार कार्ड मांगा, जिसके बाद उनका झगड़ा शुरू हो गया। पति गुस्से में कमरे से अपनी लाइसेंसी राइफल निकाल लाया। उसने दोनों पंडितों और पत्नी पर फायर कर दिया। दोनों पंडित और पत्नी की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद पति ने खुद को तीन बच्चों के साथ एक कमरे में बंद कर लिया। सूचना पर 6 थानों की पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची। रात 11:30 बजे वाराणसी के एडीजी नवीन अरोरा भी पहुंचे। आधी रात NSG टीम ने मोर्चा संभाला। घटना अहिरौला के शंभूपुर गहजी गांव की है। 3 तस्वीरें देखिए… अब पूरी घटना विस्तार से… शंभूपुर गहजी के रहने वाले अरविंद सिंह मंगलवार शाम करीब 6 बजे घर पहुंचे। उस समय पत्नी बबीता सिंह (40), मां समला देवी (70) और बेटी परी (5), बेटा लक्खा (6) और सात माह की बेटी घर पर मौजूद थे। इसके अलावा पटखौली गांव के पंडित महेंद्र पाठक (60), छितौना भटौली गांव के अखिलेश मिश्रा (55), उनके पुत्र हिमांशु मिश्रा और एक अन्य पंडित पूजा करा रहे थे। अरविंद की पत्नी बबिता धार्मिक अनुष्ठान करा रही थीं। बाजार से घर पहुंचे अरविंद ने यह सब देखकर पंडितों से सवाल किया। पंडितों ने पूजा कराए जाने की जानकारी दी। अरविंद ने उनसे आधार कार्ड मांगना शुरू कर दिया। इसके बाद अरविंद और पंडितों के बीच बहस शुरू हो गई। अरविंद ने पहले पत्नी फिर पंडितों को गोली मारी स्थानीय लोगों के मुताबिक, पंडितों से बहस बढ़ने पर आरोपी अरविंद कमरे से अपनी लाइसेंसी राइफल निकाल लाया। पहले उसने पत्नी बबीता को गोली मारी। इसके बाद दोनों पंडितों पर भी फायरिंग कर दी। गोली चलने की आवाज सुनकर आसपास के लोग दौड़ते हुए अरविंद के घर के बाहर पहुंचे। भीड़ को घर में आता देख आरोपी अरविंद ने खुद को तीन बच्चों के साथ कमरे में कैद कर लिया। पड़ोसियों ने तुरंत घटना की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने मकान को चारों तरफ से घेरा घटना की जानकारी मिलते ही एसपी डॉ. अनिल कुमार, एसपी ग्रामीण चिराग जैन 6 थानों की फोर्स से साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घर को चारों तरफ से घेर लिया। अफसर देर रात तक इस प्रयास में लगे हैं कि किसी तरह आरोपी को गिरफ्तार कर बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला जाए। पुलिस घटना के कारणों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद साफ होने की बात कह रही है। तीन लोगों की हत्या के बाद से घटनास्थल पर ग्रामीणों की भारी भीड़ मौके पर इकट्ठा हो गई। पत्नी ने विरोध किया तो बोला- तेरे चक्कर में भाई की हत्या हो गई पूजा करा रहे एक पंडित ने पुलिस को बताया कि 4 दिन की पूजा थी। कल पूर्णाहोति थी। अरविंद के बड़े भाई सुनील सिंह की आत्मा उन्हें परेशान कर रही। यह बताकर अरविंद की मां और बबिता ने पूजा पाठ के लिए बुलाया था। अरविंद ने हम लोगों को अगले दिन न आने की चेतावनी दी थी। आज शाम को जब अरविंद घर आया तो पूजा होते देखकर हम लोगों को अपशब्द कहने लगा। उसकी पत्नी बबिता ने इसका विरोध किया। इस पर अरविंद ने कहा कि तेरे चक्कर में मेरे भाई की हत्या हो गई। अब तू यहां ड्रामा कर रही। इसके बाद उसने दो पंडित और पत्नी को गोली मार दी। एसपी ग्रामीण चिराग जैन ने बताया- हत्यारोपी अरविंद सिंह को पंडितों से पूजा-पाठ कराने को लेकर दिक्कत थी। पत्नी से विवाद हुआ और आवेश में आकर उसने लाइसेंसी बंदूक से पत्नी और दो पंडितों की गोली मारकर हत्या कर दी। खुद को अपने बच्चों के संग लेकर एक कमरे में बंद कर लिया। मौके पर SP, फार्मेसिक टीम, DIG और मै खुद मौजूद हूं। —————————- यह खबर भी पढ़ें… पत्नी और सास की सोते वक्त हत्या की; एटा में 25 साल पहले शादी, फिर भी शक करता था यूपी के एटा में सोमवार रात पति ने अपने पिता के साथ मिलकर सोते वक्त पत्नी और सास की हत्या कर दी। आरोपी ने अपने बच्चों के सामने ही दोनों के सिर और चेहरे पर हथौड़े से ताबड़तोड़ वार किए। उनका सिर बुरी तरह कूच दिया। आंखें फोड़ डालीं। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी फरार हो गए। पूरी खबर पढ़ें