शाहजहांपुर में सात फेरों से पहले दूल्हे की मौत:दुल्हन के दरवाजे पर बिगड़ी तबीयत, एक दिन पहले एक्सीडेंट हुआ था

शाहजहांपुर में सात फेरों से पहले दूल्हे की मौत हो गई। दूल्हा एक दिन पहले हादसे में घायल हो गया था। इलाज के बाद हालत में सुधार आया तो वह बारात लेकर दुल्हन के घर पहुंच गया। बग्घी पर सवार होकर दूल्हा द्वारचार के लिए गया। वह चल नहीं पा रहा था। इसलिए वधू पक्ष की महिलाओं ने बग्घी पर ही दूल्हे को तिलक किया। किसी तरह द्वारचार की रस्में निभाई गईं। मंडप में जाने की तैयारी चल रही थी, तभी दूल्हे की हालत बिगड़ने लगी। परिजन उसे अस्पताल लेकर गए। बुधवार तड़के दूल्हे ने दम तोड़ दिया। दूल्हा सोमवार रात बरेली से बारात लेकर आया था। पुलिस ने पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया। दूल्हे का बरेली में अंतिम संस्कार होगा। 27 अप्रैल को शादी थी, 26 को ट्रैक्टर ने टक्कर मारी
बरेली में थाना फरीदपुर क्षेत्र के करनपुर शंकरपुर का रहने वाला संजू (25 साल) प्राइवेट नौकरी करता था। उसकी शादी शाहजहांपुर में तिलहर थाना क्षेत्र के रजपुरी गांव में तय हुई थी। 27 अप्रैल को शादी होनी थी। इसलिए दो दिन पहले से रिश्तेदारों का घर आना शुरू हो गया था। संजू 26 अप्रैल रात करीब आठ बजे बाइक से अपने एक रिश्तेदार लेने केशरपुर जा रहे थे। रास्ते में ट्रैक्टर ने टक्कर मार दी थी। जिससे उनके पेट में चोट लगी थी। परिजनों ने बरेली के अस्पताल में भर्ती कराया था। हालत में सुधार लगा तो शादी के लिए छुट्‌टी ली
परिजनों के अनुसार, इलाज के बाद संजू को हालत में सुधार लगा तो उसने अस्पताल से छुट्‌टी ले ली। वह बारात लेकर शाहजहांपुर के लिए निकल गया। उसने अस्पताल से दर्द की दवा भी ले रखी थी। लेकिन द्वारचार के बाद हालत बिगड़ने पर वह मंडप तक नहीं पहुंच पाया। अस्पताल में उसकी मौत हो गई। संजू की मौत के बाद उसके परिवार में मातम पसरा है। बरेली मेडिकल कॉलेज में चल रहा था इलाज
दूल्हे के चचेरे भाई यशपाल ने बताया, संजू शादी को लेकर बहुत खुश था। चोट की वजह से वो चल नहीं पा रहा था। उसे उठाकर बग्घी में बैठाया गया था। तभी से उसकी तबियत खराब हो रही थी। द्वारचार हो गया था, लेकिन उसके बाद हालत बिगड़ गई। हम लोग उसको शाहजहांपुर मेडिकल कॉलेज ले गए। जहां उसकी मौत हो गई। ———– यह खबर भी पढ़ें- महोबा भाजपा जिलाध्यक्ष पर आरोप लगाने वाली महिला का यू-टर्न: बोली- मतभेद मिट गए; पहले कहा था- हमबिस्तर होने का दबाव बनाया महोबा की महिला भाजपा नेता ने जिलाध्यक्ष पर जिला उपाध्यक्ष का पद दिलाने के बदले हमबिस्तर होने का आरोप लगाया था। इसके बाद 2 सदस्यीय प्रदेश स्तरीय टीम ने जांच शुरू की, तो उन्होंने अपने बयान से 3 बार यू-टर्न लिया। अब दोनों पक्षों में समझौता हो गया है। यहां पढ़ें पूरी खबर