20 लाख में झूठे रेप केस की डील:गैंग सरगना बोली- 16 साल की लड़की फिजिकल किसी और से होगी, फंसेगा कोई और

‘देखिए, 16-17 साल की लड़की है। पहले इसको किसी और से फिजिकल कराएंगे। इसके बाद आप जिसे बताओगे, फंसा देंगे। सीधा जेल जाएगा, जमानत भी नहीं मिलेगी। इसके 20 लाख लगेंगे। अगर बालिग लड़की से रेप में फंसवाएंगे तो 2-3 लाख कम हो जाएंगे।’ ये कहना है महिला सरगना का, जो यूपी में फर्जी FIR की गैंग चला रही है। गैंग में दर्जनों लड़कियां हैं। इनमें से कई पढ़ी-लिखी भी हैं। ये लड़कियां सरगना के एक इशारे पर किसी को भी रेप के आरोप में फंसा देती हैं। यूपी के सभी 75 जिलों में इनका नेटवर्क है। देश में रेप के फर्जी केसों से कई जिंदगियां तबाह हो गईं। कुछ दिन पहले गोंडा के युवा इंजीनियर अभिषेक श्रीवास्तव को शादीशुदा गर्लफ्रेंड ने झूठे रेप केस में फंसाकर लाखों रुपए वसूले। 10 दिन जेल में रहने के बाद उसने सुसाइड कर लिया और दीवारों पर चिपका गए अपनी बेगुनाही के सबूत। रेप के फर्जी केसों को लेकर हाईकोर्ट ने कहा था- “रेप का झूठा आरोप मानसिक पीड़ा, अपमान और प्रतिष्ठा को हानि पहुंचाता है, इस पर कंट्रोल जरूरी है।” पुलिस ने कुछ महीने पहले प्रयागराज में फर्जी रेप केस रैकेट पकड़ा। इसमें महिला और वकील रेप में फंसाकर लोगों से पैसा वसूलते थे। दैनिक भास्कर टीम ने यूपी में चल रहे ऐसे ही गिरोह तक पहुंचने के लिए 3 महीने नेटवर्क खंगाला। हम गिरोह के लोगों के संपर्क में आए। गिरोह की महिला सरगना, रेप में फंसाने वाली युवतियां और पॉक्सो केस लगाने वाली 18 साल से कम उम्र की लड़कियों को एक्सपोज किया। पढ़िए, पूरी इन्वेस्टिगेशन… महिला सरगना के पास 20 से ज्यादा लड़कियां
रेप के झूठे केस में फंसाने वाला गिरोह कौन चला रहा है? इस सवाल के जवाब के लिए हमने यूपी में पिछले एक साल के रेप और पॉक्सो मामलों की स्टडी की। हमें एक सोर्स मिला, जो फर्जी FIR कराने वाले गिरोह की युवती को जानता था। हम आम आदमी बनकर उससे मिले और किसी को फर्जी रेप केस में फंसाने के लिए पैसा खर्च करने की बात की। सोर्स ने युवती को कॉल करके हमारे बारे में बताया। लगातार 15 दिन फॉलोअप के बाद एक युवती हमसे मिली। उसने बताया कि ये गिरोह 10-12 साल से चल रहा है। सफलता पाठक नाम की महिला लखनऊ में रहकर गिरोह चला रही है। वह झांसी की रहने वाली है। गिरोह में 20-22 युवतियां हैं। कुछ नाबालिग भी हैं। फर्जी रेप केस लगाने और सबूत पक्के करने में माहिर जब गैंग को लगा कि हम मोटी पार्टी हैं और 20-25 लाख रुपए आसानी से खर्च कर सकते हैं तो पैसों के लालच में गिरोह की सरगना सफलता पाठक हमसे मिलने को तैयार हुई। लखनऊ के एक कैफे में मीटिंग हुई। सफलता ने हमें फर्जी केस करने, उसमें फंसाने से लेकर उसे सही साबित करने तक के तरीके बताए… सफलता पाठक: कम शब्दों में बताइए क्या दिक्कत है? रिपोर्टर: ठीक है, मैं आपको संक्षेप में पूरी बात बताता हूं। (हमने बताया कि एक ही परिवार के दो लोग, जिनकी उम्र 30 साल है, उन्हें रेप केस में फंसाना है। इसमें हमारी प्राथमिकता पॉक्सो है।) सफलता पाठक: ठीक है, हम उन्हें अंदर (जेल) भिजवा देंगे, पहले उनकी पूरी डिटेल दीजिए। रिपोर्टर: काम कितने दिन में होगा? सफलता पाठक: जब आप पूरी जानकारी देंगे, तब हम उसके बारे में पता करेंगे। आपके क्लाइंट क्या करते हैं, जिसे फंसाना है? आप मुझ पर भरोसा कर रहे हैं, मैं आप पर कर रही हूं। डॉक्टर से रेप की रिपोर्ट भी तैयार करा लेता है गिरोह जब हमने नाबालिग लड़की और रेप के सबूत कमजोर होने पर सवाल उठाया तो सरगना सफलता पाठक ने बेझिझक कहा- लड़की का इंतजाम हम कर देंगे, डॉक्टर से रेप की रिपोर्ट भी तैयार करवा देंगे। सरगना के अनुसार ऐसे किसी भी मामले में सबसे अहम कड़ी है- लड़की का बयान, मेडिकल रिपोर्ट और पुलिस की कार्रवाई। उसने भरोसा दिलाया कि ये तीनों पहलू कंट्रोल में हैं। हमारे लिए रेप में फंसाना नॉर्मल, सभी थानों में सेटिंग है- सरगना रिपोर्टर: क्या आपके पास नाबालिग लड़कियां हैं? सफलता पाठक: वो, आप हम पर छोड़ दीजिए। पहले डिटेल दीजिए, बाकी मैं यहां बैठकर सब पता कर सकती हूं। काम हो जाएगा, मुझे पूरा भरोसा है। रिपोर्टर: काम में समय कितना लगेगा? सफलता पाठक: डिटेल और क्लाइंट से मुलाकात के बाद बता दूंगी। रिपोर्टर: मोटा-मोटी खर्च कितना आएगा? सफलता पाठक: बता दूंगी। 376 (रेप केस) तो हमारे लिए नॉर्मल है। चाहे कुछ हुआ हो या नहीं, लगवा देंगे। रिपोर्टर: क्या पुलिस से सेटिंग है? सफलता पाठक: मैं किसी भी थाने में FIR लिखवा दूंगी। गिरोह के पास कई नाबालिग लड़कियां, दिखाने के लिए साथ लाई सरगना महिला सरगना सफलता पाठक अपने साथ एक लड़की लेकर आई, जो डील के दौरान उसके पास बैठी रही। वो लड़की 15-16 साल की लग रही थी। सफलता ने बताया- ये नाबालिग है, इसी से आरोप लगवा देंगे। इसके बाद सफलता ने हमें पैसों के लेनदेन और केस मजबूत करने वाले सबूतों के बारे में बताया। सरगना सफलता ने 3 ऑप्शन दिए- पॉक्सो, रेप और नारकोटिक्स सफलता पाठक: आपके क्लाइंट से कन्फर्म कर लीजिए, पॉक्सो हल्का मामला नहीं है, जमानत नहीं होगी। नाबालिग लड़की और उसके परिवार से बात करनी होगी। मैं किसी भी लेवल तक जा सकती हूं। रिपोर्टर: क्लाइंट ने इस काम का 8-10 लाख बताया है। सफलता पाठक: ठीक है, 10 लाख फाइनल है? रिपोर्टर: नाबालिग लड़की कहां की हैं? सफलता पाठक: लड़कियां बहुत हैं, आप हम पर छोड़ दीजिए। रिपोर्टर: और डॉक्टर की रिपोर्ट? सफलता पाठक: रिपोर्ट भी बन जाएगी, बाराबंकी अस्पताल में पहचान है। सब जगह पैसा चलता है, लगवा देंगे। रिपोर्टर: आपको 10 लाख रुपए में सब मैनेज करना होगा। पेमेंट 3 हिस्सों में देंगे। सफलता पाठक: आमतौर पर 50% एडवांस होता है, लेकिन ठीक है। रिपोर्टर: क्लाइंट का नाम नहीं आना चाहिए। सफलता पाठक: कहीं नहीं आएगा। नाबालिग लड़की बयान देगी और फिर आपको कुछ पता नहीं चलेगा। सारे नकली डॉक्यूमेंट बना देंगे। मैंने बिना लॉ पढ़े लॉ सीखा है। ऐसी कोई जगह नहीं जहां मेरी सेटिंग न हो। रिपोर्टर: ठीक है। सफलता पाठक: आपके पास 3 ऑप्शन हैं- पहला पॉक्सो, दूसरा- 376 यानी युवती से रेप और तीसरा- नारकोटिक्स। नारकोटिक्स में फंसाना सबसे आसान है। रिपोर्टर: कैसे? सफलता पाठक: आप जिसकी डिटेल देंगे उसकी गाड़ी में ड्रग्स रखवा देंगे। कुछ दूर चलने के बाद पकड़वा देंगे। इसमें भी जमानत मुश्किल। सरगना सफलता पाठक के साथ हुई पहली मीटिंग इस बात पर खत्म हुई कि हम क्लाइंट से उसकी मीटिंग कराएंगे। अब हम जानना चाहते थे कि झूठी FIR में फंसाने का रेट क्या है? इसके लिए दूसरे स्टिंग की तैयारी की। अब हमने साथी रिपोर्टर को शामिल किया। उसे बतौर क्लाइंट प्रजेंट किया। पैसे वाला दिखाने के लिए दूसरी मीटिंग गोमती नगर स्थित 4 स्टार होटल में रखी। कॉल करने के 3 घंटे बाद सरगना सफलता पाठक अपनी साथी युवती के साथ होटल पहुंची। अब फाइनल बातचीत हुई… नारकोटिक्स में आसानी से फंसा देंगे, 4-6 साल जेल से बाहर नहीं आ पाएगा- सरगना सफलता पाठक: हम आपसे एक बात कहना चाहते हैं। आपका हमारे सामने आना बहुत जरूरी था। जब आप हम पर भरोसा करेंगे और हम आप पर, तभी काम आगे बढ़ेगा। अब आप अपना मुद्दा खुलकर बताइए, क्या दिक्कत है? रिपोर्टर: हमारे पड़ोस में एक व्यक्ति रहता है, जिसे फंसवाना है। सफलता पाठक: आप उसकी डिटेल्स दीजिए। अगर आपका काम नहीं हुआ तो खर्च हुए पैसों को छोड़कर बाकी रुपए वापस कर दिए जाएंगे। रिपोर्टर: पैसे की कोई समस्या नहीं है। सफलता पाठक: आपने हमें दो ऑप्शन दिए थे, लेकिन हमने आपको एक ऑप्शन और बताया था। आपको भी पता है कि पॉक्सो एक्ट में भी जमानत मिल जाती है। इसके अलावा नारकोटिक्स और 376 (रेप) का भी विकल्प है। रिपोर्टर: हमारी पहली प्राथमिकता पॉक्सो है। सफलता पाठक: पॉक्सो में लड़की की उम्र 18 साल से कम होनी चाहिए। जिसे फंसाना है, वो कहां रहता है, कब निकलता है, पूरी जानकारी जरूरी है। रिपोर्टर: वो सब हम आपको दे देंगे। सफलता पाठक: आपको पता है- लड़की का बयान, डॉक्टर की रिपोर्ट और थाना सबसे अहम होता है, वो सब हम मैनेज कर लेंगे। लड़का जेल चला जाएगा। आप हमें थाना और लड़के की पूरी डिटेल दे दीजिए। रिपोर्टर: सर (साथी रिपोर्टर) सिर्फ यह जानना चाहते थे कि कहां-कहां कितना खर्च होगा? सफलता पाठक: देखिए, इस लाइन में पेमेंट एक साथ होती है। चलिए, आप 50% एडवांस दे दीजिए, बाकी काम होने के बाद। हमें एक दिन का समय चाहिए। मैं नाबालिग लड़की और उसके परिवार से बात कर लूंगी कि उनकी क्या डिमांड है। रिपोर्टर: 376 (रेप) के केस में पैसा कुछ कम खर्च होगा क्या? सफलता पाठक: देखिए, लड़की को कहीं और ले जाकर फिजिकल कराया जाएगा, फिर कहीं और मारपीट करवाई जाएगी, तब जाकर केस मजबूत बनेगा। इसके लिए मजबूत लड़की चाहिए, जो 2-4 थप्पड़ सहन कर लें, क्योंकि थाने में भी सबको पता होता है कि मामला सेट है तो उनकी डिमांड अलग होती है। रिपोर्टर: 376 (रेप) का क्या रेट लगेगा? सफलता पाठक: आपका मकसद है- जेल भेजना, आपको जो ऑप्शन दिया है- नारकोटिक्स, उसमें 4 से 6 साल तक बाहर नहीं आ पाएगा। अगर ज्यादा लंबा नहीं खींचना है तो ये ऑप्शन ठीक है। नारकोटिक्स में ज्यादा समय नहीं लगेगा। आज आपने बताया, परसों उसको जेल भेज देंगे, काम खत्म। इसमें सिर्फ थाना मैनेज करना है, नारकोटिक्स विभाग के लोग मैनेज हैं। रिपोर्टर: कैसे फंसाएंगे? सफलता पाठक: लड़की अचानक से उसकी कार के सामने आएगी, वो कार से उतरकर देखने जाएगा और इधर, भीड़ में उसकी कार में ड्रग्स रख देंगे। फिर आगे खड़े नारकोटिक्स वाले पकड़ लेंगे। ये शॉर्टकट तरीका है। ड्रग्स कई तरह के होते हैं। जैसे- गांजा, चरस, अफीम और भी बहुत कुछ। रिपोर्टर: पैसा कितना लगेगा? सफलता पाठक: पॉक्सो में 20 लाख के ऊपर जाएगा। इसके आसपास नारकोटिक्स में भी पड़ेगा, क्योंकि 4-5 लाख की तो ड्रग्स ही आएगी। 376 (रेप) में 2 या 3 लाख कम दे देना। थप्पड़ खाकर भी सच नहीं बोलतीं गिरोह की पढ़ी-लिखी युवतियां तभी सरगना सफलता पाठक एक युवती को बुलाती है। वो हमारे सामने बैठ जाती है। यंग, फेयर कलर और चेहरे पर बोल्डनेस। न कोई झिझक और न कोई शर्म। उम्र 25-26 साल। उसने अपना नाम मनप्रीत कौर बताया, बोली- चंडीगढ़ की रहने वाली हूं। युवती हर बात का जवाब फर्राटेदार इंग्लिश में दे रही थी। जो दीदी कहेंगी कर लूंगी, फिजिकल भी हो जाऊंगी- मनप्रीत कौर रिपोर्टर: 376 (रेप) की जो धारा है, आप उसको लगवाने में कम्फर्टेबल हो? मनप्रीत कौर: हां, जी। जो दीदी (सफलता पाठक) कहेंगी, वो मैं कर दूंगी। रिपोर्टर: बैकफुट पर तो नहीं आओगी? मनप्रीत कौर: नहीं। रिपोर्टर: रेप के लिए किसी और के साथ सेक्स करना होगा, कर लेंगी? मनप्रीत कौर: सेक्स मत बोलिए, फिजिकल हो जाऊंगी। यूपी के 75 जिलों में कहीं भी छिप नहीं पाएंगे, ढूंढ़कर मरवा देंगे गिरोह की सरगना सफलता पाठक कितनी खतरनाक है? इसे लेकर उसका दावा है कि यूपी के 75 जिलों के थानों में पुलिसवालों से उसके संबंध है। कई शूटर उसके लिए काम करते हैं। स्टिंग के दौरान उसने भास्कर रिपोर्टर को धमकी दी। कहा- अगर हमारे साथ धोखा किया तो आप यूपी के 75 जिलों में कहीं भी छिप नहीं पाएंगे। ढूंढ़कर मरवा देंगे। कई शूटर मेरे संपर्क में हैं। अकेले यूपी में एक साल में रेप के 300 से ज्यादा फर्जी केस नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की 2025 की रिपोर्ट के मुताबिक 2023 में देश में रेप के 40,393 केस दर्ज हुए। इनमें 3959 फर्जी निकले। इनमें पॉक्सो के 217 केस भी फर्जी मिले। इधर, यूपी में एक साल में रेप के 3800 केस में से 300 से ज्यादा फर्जी मिले। इनमें 21 पॉक्सो के हैं। जो भी तथ्य आएंगे, उसके आधार पर कार्रवाई करेंगे मामले में क्राइम एंड हेडक्वार्टर की जॉइंट सीपी (जॉइंट कमिश्नर ऑफ पुलिस) अपर्णा कुमार ने बताया- जो भी तथ्य स्टिंग ऑपरेशन में आएंगे, उसकी जांच करके कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ——————————————— ये खबर भी पढ़ें… पराए पुरुष के स्पर्म से बच्चा पैदा कर रहीं लड़कियां:कुंआरी और गोरी की कीमत ज्यादा, यूपी में खुफिया कैमरे पर कोख की सौदेबाजी किराए की कोख यानी सरोगेसी के कड़े कानून के बावजूद यूपी में गैर-कानूनी तरीके से चल रहे रैकेट को एक्सपोज करने के लिए दैनिक भास्कर की टीम ने इन्वेस्टिगेशन किया। पूरी खबर पढ़ें…