वाराणसी में 35 साल के टीचर ने जनसेवा केंद्र (CSC) में लूट की कोशिश की। उसने संचालक पर पिस्टल तान दी। धमकाते हुए बोला- रुपए दे दो, नहीं तो गोली मार दूंगा। जनसेवा केंद्र का संचालक रुपए लाने की बात कहकर पीछे गया और शोर मचाने लगा। पकड़े जाने के डर से टीचर भागने लगा, लेकिन CSC के बाहर लोगों ने उसे पकड़ लिया। उसकी जमकर पिटाई कर दी। पिस्टल छीन ली। फिर पुलिस के हवाले कर दिया। आरोपी की पहचान गौतम पटेल के रूप में हुई है। वो प्राइवेट स्कूल में पढ़ाता है। घटना का CCTV भी सामने आया है। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उस पर बहुत कर्ज है। हर महीने 25 हजार रुपए की किश्त देनी पड़ती है, लेकिन स्कूल से सैलरी सिर्फ 13 हजार रुपए मिलती है। इससे तंग आकर उसने लूट की वारदात को अंजाम देने का प्लान बनाया। घटना शनिवार रात 8 बजे की बड़ागांव थाना क्षेत्र की है। 3 तस्वीरें देखिए… सिलसिलेवार पूरा मामला समझिए… आरोपी बोला- कर्ज चुकाने के लिए लूट की योजना बनाई सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी को हिरासत में लिया। उसके पास से पिस्टल बरामद की। बाइक भी जब्त कर ली। बड़ागांव थाना प्रभारी निरीक्षक प्रवीण सिंह ने बताया कि आरोपी हिरासत में है। वह वाराणसी के परमानंदपुर, शिवपुर स्थित एक प्राइवेट विद्यालय में टीचर है। जनसेवा केंद्र की शिकायत पर केस दर्ज किया गया है। आरोपी ने पुलिस की पूछताछ में बताया- मैंने अच्छी नौकरी के लिए एक व्यक्ति को कर्ज लेकर काफी पैसा दिया था। उसकी हर महीने 25 हजार रुपए EMI जाती है। जिस स्कूल में पढ़ाता हूं, वहां सैलरी बहुत कम है। पढ़ लिखकर नौकरी न मिलने पर लूटपाट की योजना बनाई। पुलिस ने गौतम की क्राइम हिस्ट्री भी खंगाली, लेकिन उसका कोई अपराधिक इतिहास नहीं मिला। अब पुलिस यह पता करने की कोशिश कर रही है कि उसको असलहा कहां से मिला। —————————- ये खबर भी पढ़ें… सिपाही की सट्टेबाज गर्लफ्रेंड दरोगा बनना चाहती थी; एमटेक कर रही, झांसी में लिव-इन में रहती थी; 2 करोड़ की ज्वैलरी-कैश बरामद झांसी में IPL मैच में ऑनलाइन सट्टा खिलाने वाले सिपाही की गर्लफ्रेंड यशस्वी द्विवेदी (24) दरोगा बनना चाहता थी। पिछले महीने दरोगा भर्ती परीक्षा में शामिल हुई थी। पुलिस की अब तक की जांच में सामने आया है कि यशस्वी बीएड पास थी। टीचर एग्जाम भी दिया था। सफल नहीं हुई तो एमटेक में दाखिला ले लिया। पढ़िए पूरी खबर