लखनऊ में भीषण गर्मी के बीच घंटों बिजली कटौती हो रही है। परेशान लोगों ने गुरुवार रात में भी कई पावर हाउसों का घेराव किया। जगह-जगह प्रदर्शन हुए। बिजली विभाग के अफसर-कर्मचारियों से तीखी नोकझोंक हुई। गुस्साए लोगों ने जमकर नारेबाजी की। पुलिस ने लोगों को किसी तरह से शांत कराया। गोमतीनगर सेक्टर 5 स्थित पावर हाउस पर रात में 3 घंटे से अधिक समय तक प्रदर्शन हुआ। आधी रात में जानकीपुरम पावर हाउस का घेराव करके नारेबाजी हुई। मौके पर पहुंची पुलिस ने काफी देर तक समझाकर लोगों को शांत कराया। बनी पावर हाउस पर भी देर रात को पहुंचे लोगों ने हंगामा किया। फैजुल्लागंज और इंदिरा नगर सेक्टर 25 पावर हाउस पर भी रात में कई घंटे हंगामा हुआ। 3 दिन से हंगामा, पावर हाउस घेराव और रोड जाम इसके पहले गुरुवार दिन में लोगों ने रायबरेली रोड और मोहान रोड जाम करके प्रदर्शन किया था। बुधवार रात में उतरेठिया न्यू और ओल्ड पावर हाउस, बीबीएयू पावर हाउस, फैजुल्लागंज पावर हाउस का घेराव किया था। मंगलवार रात में भी कई पावर हाउस का घेराव हुआ था। लोगों का कहना है कि बिजली विभाग की लापरवाही की वजह से घंटों बत्ती गुल रहती है। इसी दिनचर्या पूरी तरह से बिगड़ गई है। गुरुवार रात में हुए हंगामे की 2 तस्वीरें… चिनहट इलाके में 9 घंटे गुल रही बत्ती भीषण गर्मी के बीच चिनहट इलाके के अशरफ विहार में गुरुवार शाम करीब साढ़े पांच बजे बत्ती गुल हो गई। रात में करीब 10:30 बजे 15 मिनट के लिए बिजली आई। इसके बाद फिर से आपूर्ति ठप हो गई। इसके बाद रात करीब ढाई बजे बिजली आई। इसके बाद भी कई बार बिजली आती-जाती रही। करीब 9 घंटे बिजली न रहने से लोगों के इनवर्टर भी बंद हो गए। इससे लोगों को बहुत परेशानी हुई। लोग घरों की छतों, बालकनियों, सड़कों और पार्कों में टहलकर रात गुजारते दिखे। बुजुर्गों, छोटे बच्चों और मरीजों को सबसे ज्यादा दिक्कत हुई। गुरुवार दिन में रोड जाम का हुआ था प्रदर्शन मोहान रोड पर बुद्धेश्वर चौराहे के पास गुरुवार सुबह करीब 2 घंटे प्रदर्शन हुआ था। आगरा एक्सप्रेस-वे को जाने वाले वाहनों को तिकुनिया रोड से डायवर्ट किया गया। उतरेठिया अंडरपास के पास रायबरेली रोड पर करीब 1 घंटे प्रदर्शन हुआ। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस के बैरियर से ही रोड जाम किया। इस दौरान उनकी पुलिस से तीखी नोकझोंक हुई। इसके पहले बुधवार और मंगलवार पूरी रात अलग-अलग पावर हाउसों पर बवाल हुआ। गुस्साए लोगों ने पावर हाउसों का घेराव कर जमकर नारेबाजी की। लोगों के गुस्से को देखते हुए कई पावर हाउसों से बिजली विभाग के अफसर-कर्मचारी भाग गए। आरोप है कि फैजुल्लागंज पावर हाउस पर पुलिस ने लोगों को लाठियां फटकार कर खदेड़ दिया। फैजुल्लागंज उपकेंद्र में संविदा पर कार्यरत लाइनमैन उदय राज की 11 हजार वोल्ट लाइन पर काम करते समय करंट लगने से मौत हो गई। मोहान रोड और रायबरेली रोड पर प्रदर्शन की 3 तस्वीरें… बुधवार आधी रात को हुए हंगामे की 3 तस्वीरें… बुधवार दिन में विधायक धरने पर बैठे थे मंगलवार को भी रात में कई पावर हाउस पर हंगामा हुआ था। बुधवार दिन में लखनऊ पश्चिम विधानसभा के विधायक अरमान खान तालकटोरा पावर हाउस पर धरने पर बैठ गए थे। मंगलवार रात में हुए हंगामे की 3 तस्वीरें… विधायक राजेश्वर सिंह ने ऊर्जा मंत्री को लिखा पत्र सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र में लगातार बिगड़ रही बिजली व्यवस्था को लेकर सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने उत्तर प्रदेश के ऊर्जा मंत्री को शिकायती पत्र भेजा। पत्र में विद्युत आपूर्ति व्यवस्था की व्यापक समीक्षा और स्थायी कार्ययोजना बनाने की मांग की है। पत्र में विधायक ने लिखा- लखनऊ सहित कई क्षेत्रों में इस समय बिजली आपूर्ति गंभीर चिंता का विषय बनी हुई है। बार-बार बिजली बाधित होने से आम जनता में असंतोष लगातार बढ़ रहा है। यह समस्या केवल वर्तमान सीजन तक सीमित नहीं है, बल्कि पिछले वर्षों में भी गर्मी के दौरान यही हालात सामने आते रहे हैं। एक-एक कॉलोनी का नाम गिनाया डॉ. राजेश्वर सिंह ने अपने पत्र में सरोजनीनगर क्षेत्र के कई पावरहाउसों और उनसे जुड़े मोहल्लों का विशेष उल्लेख किया है, जहां लगातार बिजली संकट बना हुआ है।उन्होंने उत्तरेठिया पावरहाउस क्षेत्र के देवी खेड़ा, पवनपुरी, अंबेडकर पुरम, सरपतगंज, कुबेर बगिया, गांधी नगर, रतनदीनगर, बलदेव विहार, शुभानी खेड़ा, ब्राह्मण टोला, राजीवनगर, नटकखेड़ा, सैनिक नगर, बंगाली टोला, नीलमथा, नई बस्ती बाजार, कटेरी बाग, विजय नगर, रेवतापुर, भगवंतनगर और दुर्गापुरी जैसे क्षेत्रों में लगातार लो वोल्टेज, ट्रिपिंग की समस्या का उल्लेख किया। इसके अलावा BBAU पावरहाउस क्षेत्र के बिजनौर, रॉयल सिटी, हिमालयन कॉलोनी और नटकुड़ा, नादरगंज पावरहाउस क्षेत्र के शांतिनगर, पंडित खेड़ा, अमौसी, गौरी और संतकबीरनगर, जबकि गहरू और बनी पावरहाउस क्षेत्रों के कई गांवों और कॉलोनियों की समस्याओं को भी ऊर्जा मंत्री के समक्ष रखा है। वहीं समस्या के निदान की मांग की है।