उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (यूपीईएसएससी) की ओर से UPTET-2026 की परीक्षा 2 से 4 जुलाई तक प्रदेश के 60 जिलों में 955 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित होगी। पांच पालियों में होने वाली इस परीक्षा में 19 लाख 94 हजार 661 अभ्यर्थी शामिल होंगे। परीक्षा की निगरानी पहली बार AI आधारित सीसीटीवी कैमरों और इंटीग्रेटेड कंट्रोल कमांड रूम से की जाएगी। परीक्षा केंद्रों के आसपास निषेधाज्ञा भी लागू रहेगी। लखनऊ में इतने अभ्यर्थी होंगे शामिल लखनऊ के 46 परीक्षा केंद्रों पर 96,454 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। 2 और 3 जुलाई को परीक्षा दो-दो पालियों में होगी, जबकि 4 जुलाई को केवल पहली पाली में परीक्षा आयोजित की जाएगी। परीक्षा शुरू होने से 45 मिनट पहले परीक्षा केंद्रों पर प्रवेश बंद कर दिया जाएगा। 2 और 3 जुलाई की दोनों पालियों में 19,734-19,734 अभ्यर्थी शामिल होंगे, जबकि 4 जुलाई की पहली पाली में 17,518 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। परीक्षा संचालन के लिए 46 सेक्टर मजिस्ट्रेट और 46 स्टैटिक मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं। अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए चारबाग रेलवे स्टेशन और प्रमुख बस अड्डों पर सहायता केंद्र बनाए गए हैं। यहां प्रवेश पत्र दिखाने पर परीक्षा केंद्र का स्थान और अन्य आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। CCTV की निगरानी में हुई परीक्षा जिला प्रशासन ने अभ्यर्थियों के लिए रेन बसेरा, पेयजल, शौचालय और अतिरिक्त बसों की व्यवस्था भी की है। सभी परीक्षा केंद्रों पर CCTV कैमरों से निगरानी होगी और प्रतिबंधित सामान रखने के लिए अलग व्यवस्था की जाएगी। संयुक्त पुलिस आयुक्त ने परीक्षा ड्यूटी में लगे कर्मचारियों को मोबाइल फोन साथ न रखने और परीक्षा सामग्री को कड़ी सुरक्षा के बीच पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। 3 दिन चलेगी परीक्षा आयोग के अध्यक्ष डॉ. प्रशांत कुमार ने बुधवार को बताया कि 2 जुलाई की दोनों पालियों और 3 जुलाई की पहली पाली में उच्च प्राथमिक (कक्षा 6 से 8) स्तर की परीक्षा होगी। वहीं 3 जुलाई की दूसरी पाली और 4 जुलाई की पहली पाली में प्राथमिक (कक्षा 1 से 5) स्तर के अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। उन्होंने बताया कि सभी 955 परीक्षा केंद्रों की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। प्रत्येक परीक्षा कक्ष और महत्वपूर्ण स्थानों पर AI सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। जिन्हें जिला कंट्रोल रूम और आयोग के अत्याधुनिक इंटीग्रेटेड कंट्रोल कमांड रूम से जोड़ा गया है। सभी केंद्रों की कनेक्टिविटी का परीक्षण भी पूरा कर लिया गया है। राउंड द क्लॉक होगी निगरानी आयोग ने प्रत्येक जिले के लिए एक-एक सदस्य, सेवानिवृत्त आईएएस और सेवानिवृत्त आईपीएस अधिकारियों को प्रेक्षक नियुक्त किया है। जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधिकारी परीक्षा केंद्रों की लगातार निगरानी करेंगे। सुरक्षा व्यवस्था के तहत पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहेगा और संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जाएगी। डॉ.प्रशांत कुमार ने कहा कि परीक्षा में नकल कराने या गोपनीयता भंग करने की किसी भी कोशिश पर उत्तर प्रदेश सार्वजनिक परीक्षा (अनुचित साधनों का निवारण) अधिनियम-2024 के तहत कड़ी कार्रवाई होगी। परीक्षा केंद्रों पर मोबाइल फोन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरण पूरी तरह प्रतिबंधित रहेंगे। अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए जिला प्रशासन ने आवागमन, ठहरने और चिकित्सा संबंधी आवश्यक व्यवस्थाएं भी सुनिश्चित की हैं। आयोग ने परीक्षार्थियों से समय से परीक्षा केंद्र पहुंचने, प्रवेश पत्र में दिए गए निर्देशों का पालन करने और किसी भी अफवाह पर ध्यान न देने की अपील की है। आयोग ने स्पष्ट किया कि परीक्षा को पूरी तरह पारदर्शी, निष्पक्ष और शुचितापूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए सभी आवश्यक इंतजाम किए गए हैं। पुलिस का रहेगा पहरा प्रत्येक केंद्र पर एक दारोगा की निगरानी में विशेष टीम तैनात की गई है। संयुक्त पुलिस आयुक्त कानून एवं व्यवस्था बबलू कुमार ने बताया कि दो और तीन जुलाई को दो पालियों में परीक्षा होगी जो सुबह 9:30 से 12 व दोपहर 2:30 से शाम पांच बजे तक होगी। चार जुलाई को सिर्फ पहली पाली में परीक्षा होगी। परीक्षा में कुल 96454 अभ्यर्थियों के शामिल होने का अनुमान है। निगरानी के लिए 46 दारोगा के साथ ही 92 मुख्य आरक्षी, 92 महिला आरक्षी और इतने ही सशस्त्र जवानों की ड्यूटी लगाई गई है। केंद्र के दो सौ मीटर के दायरे में साइबर कैफे और पीसीओ आदि बंद रहेंगे। अफवाहों से बचने के लिए इंटरनेट मीडिया की निगरानी भी विशेष सेल की तरफ से की जा रही है। केंद्रों से लेकर रेलवे स्टेशन, बस अड्डे तक यातायात पुलिस की भी विशेष ड्यूटी लगाई गई है। इस दौरान पिंक पेट्रोल, एंटी रोमियो स्क्वाड भी सक्रिय रहेगा।