प्रयागराज में मुंबई से आए शादीशुदा कपल को आधी रात रास्ते से किडनैप कर लिया गया। दोनों ऑटो से जा रहे थे। इसी दौरान कार सवार तीन युवकों ने उन्हें रोककर कार में खींच लिया। रास्ते भर लड़की से बैडटच किया। दो आईफोन भी लूट लिए। लड़के-लड़की के शोर मचाने पर राहगीरों ने पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने करीब 3.5 किमी तक पीछा करने के बाद बदमाशों को पकड़ लिया। उनकी गिरफ्त से कपल को छुड़ाया। घटना मंगलवार भोर में 2 बजकर 40 मिनट की है। तीनों बदमाशों को बुधवार दोपहर 4 बजे जेल भेज दिया गया। पुलिस ने इनके कब्जे से घटना में इस्तेमाल डिजायर कार बरामद की है। आरोपियों ने कार पर भारत सरकार लिखवा रखा था। अब पूरी घटना विस्तार से…
प्रयागराज के बक्शी बाजार खुल्दाबाद का रहने वाला युवक (21) मुंबई की आईटी कंपनी में जॉब करता है। उसने पुलिस को बताया, मैंने एक हफ्ते पहले मुंबई में ही रहकर जॉब करने वाली दोस्त से शादी की थी। 27 जुलाई को दोनों फ्लाइट से प्रयागराज आए। रात में प्रयाग स्टेशन के पास अर्बन रेजीडेंसी होटल में कमरा लेकर रुके। रात 1:30 बजे के करीब अचानक पत्नी को तेज खांसी आने लगी। मैं दवा लेने के लिए रेलवे स्टेशन के आसपास गया, लेकिन मेडिकल स्टोर बंद मिले। पत्नी को लेकर अपोलो फॉर्मेसी जा रहा था युवक ने पुलिस को बताया- एक ऑटो वाले ने उससे कहा कि अपोलो फार्मेसी पूरी रात खुली रहती है। इसके बाद मैं पत्नी को ऑटो में लेकर अपोलो फार्मेसी जाने लगा। तभी पीछे से एक स्विफ्ट डिजायर कार आई। उस पर आगे की ओर भारत सरकार लिखा हुआ था। कार सवार लोग हमारा पीछा करने लगे। उस समय रात 2:40 मिनट बज रहे थे हम करेली के जीटीबी नगर में पहलवान चौराहे से लेबर चौराहे के बीच पहुंचे थे कि तभी कार ने ओवरटेक कर ऑटो रोक लिया। हम कुछ समझ पाते, इससे पहले ही तीनों युवक गाड़ी से उतरे और हम दोनों को कार में खींच लिया। इसके बाद हम लोगों को लेकर भागने लगे। विरोध करने पर मुझे मारा पीटा। पत्नी से बैड टच भी किया। रास्तेभर ठिकाने लगाने की बात करते रहे आरोपी युवक ने बताया कि तीनो बदमाश रास्ते भर आपस में बात कर रहे थे कि इन्हें एक नंबर या दो नंबर में से किस अड्डे पर ले चला जाए। वहीं काम बनाकर इनको ठिकाने लगा दिया जाएगा। उन्होंने हम दोनों के आईफोन भी छिना लिए थे। हम लोगों के शोर मचाने पर किसी राहगीर ने पुलिस को सूचना दी। इसके बाद SHO करेली आशीष सिंह और उनकी टीम ने डायल 112 की टीम के साथ आरोपियों का पीछा किया। करीब 15 मिनट तक बदमाश कार इधर-उधर दौड़ाते रहे। करीब 3.5 किमी तक पीछा करने के बाद शाहगंज में पुलिस ने कार को रुकवाने के बाद हम लोगों को छुड़ाया। बदमाश प्रतापगढ़, कौशाम्बी और प्रयागराज के रहने वाले तीनों बदमाशों ने पूछताछ में करेली पुलिस को अपने नाम सूरज सिंह,आशीष सिंह और सुनील बताए। सूरज मूल रूप से होलागढ़ का रहने वाला है। उसका पंचशील कॉलोनी सिविल लाइंस में रहता था। आशीष कुंडा प्रतापगढ़ जबकि सूरज विगहरा, कौशांबी का रहने वाला है। पूछताछ में तीनों ने बताया कि वह कार लेकर रात में जंक्शन के पास टहलते थे। सवारियों से लूटपाट करते थे। रास्ते में जब भी कोई अकेला जाता दिखा तो मारपीट कर उन्हें लूट लेते थे। DCP मनीष कुमार शांडिल्य ने बताया- तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। उनके पास से कपल के मोबाइल फोन और कार भी बरामद की गई है। ———————– ये खबर भी पढ़ें… कारोबारी के पोते की हत्या करके एक करोड़ फिरौती मांगी: 36 लाख का कर्ज चुकाना था, गोरखपुर वैभव हत्याकांड के आरोपी का कबूलनामा ‘मुझ पर 36 लाख रुपए का कर्ज था। किस्त जमा न करने पर पिता ताने मारते थे। नालायक कहते थे। इससे परेशान होकर सराफा कारोबारी के बेटे के अपहरण की योजना बनाई। AI की मदद से लॉरेंस बिश्नोई गैंग के बारे में जानकारी जुटाई। गैंग कैसे काम करता है? पढ़ें पूरी खबर…
प्रयागराज के बक्शी बाजार खुल्दाबाद का रहने वाला युवक (21) मुंबई की आईटी कंपनी में जॉब करता है। उसने पुलिस को बताया, मैंने एक हफ्ते पहले मुंबई में ही रहकर जॉब करने वाली दोस्त से शादी की थी। 27 जुलाई को दोनों फ्लाइट से प्रयागराज आए। रात में प्रयाग स्टेशन के पास अर्बन रेजीडेंसी होटल में कमरा लेकर रुके। रात 1:30 बजे के करीब अचानक पत्नी को तेज खांसी आने लगी। मैं दवा लेने के लिए रेलवे स्टेशन के आसपास गया, लेकिन मेडिकल स्टोर बंद मिले। पत्नी को लेकर अपोलो फॉर्मेसी जा रहा था युवक ने पुलिस को बताया- एक ऑटो वाले ने उससे कहा कि अपोलो फार्मेसी पूरी रात खुली रहती है। इसके बाद मैं पत्नी को ऑटो में लेकर अपोलो फार्मेसी जाने लगा। तभी पीछे से एक स्विफ्ट डिजायर कार आई। उस पर आगे की ओर भारत सरकार लिखा हुआ था। कार सवार लोग हमारा पीछा करने लगे। उस समय रात 2:40 मिनट बज रहे थे हम करेली के जीटीबी नगर में पहलवान चौराहे से लेबर चौराहे के बीच पहुंचे थे कि तभी कार ने ओवरटेक कर ऑटो रोक लिया। हम कुछ समझ पाते, इससे पहले ही तीनों युवक गाड़ी से उतरे और हम दोनों को कार में खींच लिया। इसके बाद हम लोगों को लेकर भागने लगे। विरोध करने पर मुझे मारा पीटा। पत्नी से बैड टच भी किया। रास्तेभर ठिकाने लगाने की बात करते रहे आरोपी युवक ने बताया कि तीनो बदमाश रास्ते भर आपस में बात कर रहे थे कि इन्हें एक नंबर या दो नंबर में से किस अड्डे पर ले चला जाए। वहीं काम बनाकर इनको ठिकाने लगा दिया जाएगा। उन्होंने हम दोनों के आईफोन भी छिना लिए थे। हम लोगों के शोर मचाने पर किसी राहगीर ने पुलिस को सूचना दी। इसके बाद SHO करेली आशीष सिंह और उनकी टीम ने डायल 112 की टीम के साथ आरोपियों का पीछा किया। करीब 15 मिनट तक बदमाश कार इधर-उधर दौड़ाते रहे। करीब 3.5 किमी तक पीछा करने के बाद शाहगंज में पुलिस ने कार को रुकवाने के बाद हम लोगों को छुड़ाया। बदमाश प्रतापगढ़, कौशाम्बी और प्रयागराज के रहने वाले तीनों बदमाशों ने पूछताछ में करेली पुलिस को अपने नाम सूरज सिंह,आशीष सिंह और सुनील बताए। सूरज मूल रूप से होलागढ़ का रहने वाला है। उसका पंचशील कॉलोनी सिविल लाइंस में रहता था। आशीष कुंडा प्रतापगढ़ जबकि सूरज विगहरा, कौशांबी का रहने वाला है। पूछताछ में तीनों ने बताया कि वह कार लेकर रात में जंक्शन के पास टहलते थे। सवारियों से लूटपाट करते थे। रास्ते में जब भी कोई अकेला जाता दिखा तो मारपीट कर उन्हें लूट लेते थे। DCP मनीष कुमार शांडिल्य ने बताया- तीनों आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। उनके पास से कपल के मोबाइल फोन और कार भी बरामद की गई है। ———————– ये खबर भी पढ़ें… कारोबारी के पोते की हत्या करके एक करोड़ फिरौती मांगी: 36 लाख का कर्ज चुकाना था, गोरखपुर वैभव हत्याकांड के आरोपी का कबूलनामा ‘मुझ पर 36 लाख रुपए का कर्ज था। किस्त जमा न करने पर पिता ताने मारते थे। नालायक कहते थे। इससे परेशान होकर सराफा कारोबारी के बेटे के अपहरण की योजना बनाई। AI की मदद से लॉरेंस बिश्नोई गैंग के बारे में जानकारी जुटाई। गैंग कैसे काम करता है? पढ़ें पूरी खबर…