अयोध्या में शनिवार को 10वां दीपोत्सव मनाया गया। सरयू नदी के किनारे 56 घाटों पर करीब 36 लाख दीये जलाए गए। राम की पैड़ी और सरयू घाट पर लेजर शो से रामायण दिखाई गई। 2100 ड्रोन से विशेष शो किया गया। सरयू तट पर 2147 अर्चकों ने सरयू की महाआरती की। इसके बाद आतिशबाजी की गई। इसके पहले अयोध्या में करीब 3 घंटे तक शोभा यात्रा निकाली गई। इसमें 21 झांकियां शामिल रहीं। इनमें रामायण के सात कांडों को दिखाया गया था। दीपोत्सव देखने के लिए मुंबई, गुजरात और बिहार सहित देशभर से लोग पहुंचे। विदेशी पर्यटकों ने भी सरयू आरती की। उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और सीएम योगी समेत कई मंत्री भी मौजूद रहे। 2 तस्वीरें देखिए- 2100 ड्रोन शो में रामायण के प्रसंग दिखाए गए आसमान में 2100 ड्रोन से रामायण के प्रसंग दिखाए गए। भगवान श्रीराम और रावण के युद्ध का दृश्य बनाया गया। भगवान रामलला की भव्य छवि देख भक्तों ने जयकारा लगाया। पुष्पक विमान पर सवार प्रभु श्रीराम के अयोध्या की ओर प्रस्थान का दृश्य आकर्षक रहा। इस प्रसंग के जरिए लंका विजय के बाद भगवान राम की अयोध्या वापसी को दिखाया गया। आतिशबाजी से आसमान जगमगाया आतिशबाजी ने उत्सव का उल्लास और बढ़ा दिया। आसमान में छूटती रंग-बिरंगी रोशनी के बीच सरयू तट और राम की पैड़ी का नजारा देखने लायक रहा। बड़ी संख्या में मौजूद लोग आतिशबाजी का फोटो-वीडियो शूट करते दिखे। आसमान रंग-बिरंगी आतिशबाजी से जगमगा उठा। राम की पैड़ी पर लाइट एंड साउंड शो हुआ। रंग-बिरंगी रोशनी से पूरा परिसर जगमगा उठा। 56 घाटों पर जले करीब 36 लाख दीये रामनगरी अयोध्या के घर-घर, मठ-मंदिर, आश्रम, चौराहों, भवनों समेत हर जगह दीप प्रज्वलित किए गए। राम की पैड़ी समेत 56 घाटों पर 36 लाख से अधिक दीये जलाए गए। इसके लिए डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध विश्विद्यालय, महाविद्यालयों, इंटर कॉलेजों, स्वयंसेवी संस्थाओं से जुड़े 35 हजार से अधिक स्वयंसेवकों ने दीये बिछाए। उनमें तेल-बाती डालकर दीये जलाने में भूमिका निभाई। वहीं देश-विदेश से आए पर्यटक भी काफी खुश दिखे। 2147 अर्चकों ने सरयू की महाआरती की उप राष्ट्रपति, सीएम योगी और 2147 अर्चकों, साधु संतों और श्रद्धालुओं ने सरयू तट पर सरयू की महाआरती की। उपराष्ट्रपति ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, प्रशासन, कलाकारों और स्वयंसेवकों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि लाखों दीपों का प्रकाश केवल अयोध्या को आलोकित नहीं कर रहा, बल्कि उत्तर प्रदेश की बदलती तस्वीर भी दिखा रहा है। आज उत्तर प्रदेश सही मायनों में ‘उत्तम प्रदेश’ बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। हेलिकॉप्टर से हुई पुष्प वर्षा, CM योगी ने खींचा रथ अवधपुरी में पुष्पक विमान से ‘राम-लक्ष्मण और मां सीता’ उतरीं तो हेलिकॉप्टर से पुष्पवर्षा भी की गई। मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री समेत अनेक मंत्रियों और जनप्रतिनिधियों ने उनका रथ भी खींचा। अयोध्या में अपने राजा के प्रति श्रद्धा का यह नजारा देख श्रद्धालुओं की आंखों से खुशी की आंसू बह गए। उपराष्ट्रपति, मुख्यमंत्री और सभी मंत्रियों ने भगवान श्रीराम का राजतिलक किया और उनकी आरती उतारी। सभी ने भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण जी और हनुमान जी को तिलक लगाकर और उपहार देकर श्रद्धा व्यक्त की। इस दौरान पूरा परिसर ‘जय श्रीराम’ के जयकारों से गूंज उठा। 2500 कलाकारों ने लोकनृत्य किया, 21 झांकियां निकाली गईं सुबह शोभायात्रा में 21 झांकियां निकलीं। देश-विदेश और प्रदेश के 2500 से अधिक कलाकारों की प्रतिभा को रामनगरी में मंच मिला। कलाकारों ने लोकनृत्य की प्रस्तुति दी। गाजीपुर की 12 सदस्यीय टीम धोबिया, मथुरा की 15 सदस्यीय टीम मोर नृत्य, तेलंगाना की टीम गुसाड़ी और झारखंड के कलाकारों ने झाउर नृत्य पेश किया। पारंपरिक वेशभूषा और नगाड़ों की थाप पर कलाकार झांकियों के साथ आगे बढ़े। श्रद्धालु और पर्यटक फूल बरसाकर उनका स्वागत करते रहे। योगी ने क्या कहा, आगे जानिए कोपभवन में बैठे मंथरा-मारीच रच रहे अराजकता की साजिश योगी ने दीपोत्सव के मंच से विरोधियों पर हमला किया। कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में नया भारत आतंकवाद और नक्सलवाद को नेस्तनाबूद कर रहा है, लेकिन कोपभवन में बैठे मंथरा और मारीच फिर से आतंकवाद, नक्सलवाद और अराजकता पैदा कर देश को अस्त-व्यस्त करने की साजिश रच रहे हैं। जाति, संप्रदाय, क्षेत्र और भाषा के नाम पर समाज को बांटने वाली ताकतों को एकजुट होकर मुंहतोड़ जवाब देना होगा। रामभक्तों पर गोलियां चलवाने वाले पहले माफी मांगें योगी ने कहा कि 36 साल पहले इसी सरयू का जल रामभक्तों के रक्त से लाल हुआ था। अयोध्या की गलियों को रक्तरंजित करने और राम मंदिर निर्माण में बाधाएं खड़ी करने वाले आज फिर सिर उठाने का प्रयास कर रहे हैं। जो कभी कहते थे कि अयोध्या में परिंदा भी पर नहीं मार सकता, वे आज राम मंदिर में दर्शन करने का सपना देख रहे हैं। ऐसे लोगों को पहले रामभक्तों, कारसेवकों और संतों से सार्वजनिक माफी मांगनी चाहिए। अपने किए पर पश्चाताप करना चाहिए। प्रभु श्रीराम करुणानिधान और भक्तवत्सल हैं। उनकी कृपा सभी पर समान रूप से होती है, लेकिन रामभक्ति के लिए सहज और सरल होना भी जरूरी है। पिछली सरकारों के सिंडिकेट ने खजाने पर डाली डकैती योगी ने पिछली सरकारों पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए कहा कि वर्ष 2017 में उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था जर्जर थी। कर्मचारियों को वेतन देने के लिए भी पैसा नहीं था। पिछली सरकारों के सिंडिकेट ने प्रदेश के खजाने पर डकैती डालकर विदेशों में अपने लिए संपत्तियां खरीद ली थीं। उन्होंने कहा कि पहले दीपोत्सव में महज 25 हजार दीप जलाए गए थे। जैसे-जैसे दीपों की संख्या बढ़ी, प्रदेश की समृद्धि भी बढ़ती गई। उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था 12 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर 36 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। इस बार अयोध्या में 36 लाख दीप प्रज्वलित हो रहे हैं। यह प्रदेश की आर्थिक समृद्धि का भी प्रतीक है। ——————————– ये खबर भी पढ़िए- योगी बोले- रामभक्तों पर गोली चलवाने वाले अयोध्या जरूर आएं, लेकिन माफी मांगकर जाएं सपा प्रमुख अखिलेश यादव के 12 दिसंबर को अयोध्या में रामलला के दर्शन करने को लेकर सीएम योगी ने पलटवार किया है। योगी ने कहा- रामभक्तों पर गोली चलवाने वाले अयोध्या जरूर आएं। लेकिन जब वह यहां आएं, तो एक बार माफी मांगकर जाएं। प्रभु श्रीराम उन्हें माफ कर देंगे। पढ़ें पूरी खबर…