BJP-विधायक पर गंदे आरोप लगाने वाली महिला ने सबूत दिखाए:कहा- मेरी कार पर ‘पास’ क्यों लगवाया; फीस आधी करने की सिफारिश की

सुल्तानपुर सदर से भाजपा विधायक विनोद सिंह पर रेप की कोशिश का आरोप लगा है। विधायक ने सफाई दी कि मैं तो महिला को जानता तक नहीं हूं, रेप तो दूर की बात है। महिला ने दावा किया कि विधायक झूठ बोल रहे हैं। उन्होंने दैनिक भास्कर से बात करते हुए ऐसे सबूत दिखाए, जिनसे पता चलता है कि विधायक महिला को जानते थे। भाजपा विधायक के खिलाफ दिल्ली में केस दर्ज हो चुका है। इससे पहले विधायक ने लखनऊ में महिला और उनके पति के खिलाफ जालसाजी की कोशिश का केस दर्ज कराया था। विधायक आरोप है कि महिला के पति ने अपने भाई को IAS बताकर मिलवाया था। इस हाईप्रोफाइल मामले को समझने के लिए हमने महिला से बात की। बोलीं- मैं 7वें फ्लोर पर, विधायक चौथे फ्लोर पर रहते थे हमने महिला से पूछा- विधायक से आपका संपर्क कैसे हुआ? क्या इससे पहले भी विधायक ने कभी इस तरह की हरकत की थी? वह कहती हैं- विधायक हमारे ही क्षेत्र के हैं। उनके घर से करीब 2 किमी दूर मेरा घर है। मेरी ससुराल भी पास में ही है। मैं उन्हें लंबे समय से जानती हूं, लेकिन पिछले 2 साल से हमारी जान-पहचान ज्यादा बढ़ गई थी। उन्होंने अपनी बेटी की शादी की, तो हमें विशेष तौर पर बुलाया था। इसके बाद जब भी घर पर कुछ होता, तो मिठाई भिजवाते थे। 2-3 बार हम उनके लखनऊ वाले फ्लैट पर भी गए, लेकिन तब मेरे पति साथ होते थे। पिछले करीब 1 साल से मैं परिवार के साथ लखनऊ के हजरतगंज स्थित एक अपार्टमेंट में किराए पर रहती थी। मैं 7वें फ्लोर पर रहती थी, जबकि विधायक विनोद सिंह चौथे फ्लोर पर रहते हैं। कभी-कभी लिफ्ट में मुलाकात हो जाती थी। तब वह कहते थे कि तुम बहुत डेयरिंग हो, तुम्हारे जैसी लड़की मुझे पसंद है। महिला ने हमारी टीम को 2 कागज भी दिखाए। उनका कहना है कि अगर मैं विधायक के लिए अजनबी हूं, तो उन्होंने पिछले साल मेरी PhD की फीस आधी करवाने के लिए अपने लेटर पैड पर सिफारिश क्यों की? वह आरोप लगाती हैं- विधायक ने मुझे प्रभावित करने के लिए यह सब किया। उस वक्त मुझे समझ नहीं आ रहा था कि वह ऐसा क्यों कर रहे? लेकिन, जब उन्होंने मेरे साथ यह सब किया, तब मुझे समझ आया कि वह क्या चाहते थे? अब मैं चाहती हूं कि उनके खिलाफ कार्रवाई हो। 3 जून- जब रेप की कोशिश हुई नशे में बैड टच किया, विरोध पर धमकाया महिला कहती हैं- 3 जून, 2026 को मैं अपनी बेटी के साथ अपने फ्लैट पर थी। रात करीब साढ़े 10 बजे विधायक के गनर धनंजय यादव हमारे फ्लैट पर आए। उन्होंने कहा कि विधायकजी आपको बुला रहे हैं। एक मामले पर बात करनी है। कल उनकी दिल्ली में मीटिंग है। मैंने जवाब दिया- मेरे हसबैंड नहीं हैं, मैं नहीं जा पाऊंगी। उन्होंने कहा कि कोई दिक्कत नहीं है, आप चलिए। फिर मैं उनके साथ विधायक के फ्लैट पर चली गई। धनंजय गेट के बाहर ही रुक गए, मैं अंदर पहुंची। विधायक कमरे में बैठे शराब पी रहे थे। उस वक्त वो नशे में थे। उन्होंने कहा कि तुम्हें देखने के बाद मुझे समझ नहीं आ रहा कि क्या करूं? तुम मेरी भावनाओं को समझ नहीं पा रही हो। इसके बाद वह उठे और मुझे गले लगाने की कोशिश करने लगे। उन्होंने गलत जगह टच किया, तो मैंने तुरंत उन्हें धक्का दिया। मैंने कहा कि ये सब आपको शोभा नहीं देता, आप पिता जैसे हैं। लेकिन, वह नशे में उल्टा-सीधा बोलते रहे। मैं रोते हुए वहां से निकली और अपने फ्लैट में चली गई। पुलिस से इतनी लेट शिकायत क्यों की पति ने समझाया- वो ताकतवर, फिर भी मैं थाने गई हमने पूछा- आप उस वक्त पुलिस के पास क्यों नहीं गईं? महिला ने कहा- पति ने मुझे समझाया कि ये भाजपा के विधायक हैं। अभी सरकार में हैं। पुलिस वगैरह सब इनके हाथ में है। अच्छा है कि इस मामले को आगे मत बढ़ाओ। उस वक्त मैंने उनकी बात मान ली। अगले दिन मैं हजरतगंज थाने गई और थाना प्रभारी विक्रम सिंह को शिकायत दी। उन्होंने कहा कि आप जाइए, हम देख लेते हैं। लेकिन, कोई मामला दर्ज नहीं किया। महिला बताती हैं- उसी दिन मैंने वो फ्लैट छोड़ दिया। 2-3 दिन बाद ही विधायक की तरफ से फोन आने लगे। उनके गनर धनंजय ने मुझे फोन कर धमकी भी दी। धनंजय ने कहा कि साहब जो चाहते हैं, वह करना पड़ता है। नहीं तो बेटी पर एसिड पड़ सकता है और भी कुछ हो सकता है। यह सुनकर मैं डर गई। मेरी 10 साल की बेटी भी मानसिक तनाव से गुजर रही है। उसने स्कूल जाना बंद कर दिया है। वह पूछती है कि मम्मी, क्या ये लोग एसिड डाल देंगे? तब मैंने सोच लिया कि कार्रवाई तो करवानी पड़ेगी। महिला आयोग में शिकायत के बाद विधायक ने केस कराया यूपी में हम लोगों को खोजा जा रहा था। इनके रिश्तेदार SOG में हैं। वह हमारी लोकेशन इनके लोगों को दे रहे थे। ये लोग हमारा पीछा करते थे। 10 जुलाई को हमने दिल्ली में महिला आयोग में शिकायत की। महिला आयोग की तरफ से यूपी पुलिस से जवाब मांगा गया। उसी दिन रात करीब साढ़े 11 बजे विधायक विनोद सिंह ने मेरे और मेरे पति के खिलाफ हजरतगंज थाने में केस दर्ज करा दिया। उस वक्त हमें इस केस की जानकारी भी नहीं थी, क्योंकि पुलिसवालों ने इसे ऑनलाइन तक नहीं किया था। केस की कॉपी लेने के लिए हमें CGM कोर्ट जाना पड़ा। हमने महिला से कहा कि विधायक का आरोप है कि उनके पति ने अपने भाई को IAS बताकर उनके साथ ठगी करने की कोशिश की थी। इसी वजह से उन्होंने केस दर्ज कराया। इस पर वह कहती हैं- हमारे पति इकलौते हैं। उनका कोई भाई नहीं है। विधायक हमारे परिवार को बहुत पहले से जानते हैं। उनके पास इतनी पावर है, फिर वे किसी आम व्यक्ति से काम क्यों करवाएंगे? FCI का गोदाम दिलवाने के लिए उन्हें किसी से संपर्क करने की क्या जरूरत थी? उनकी तो खुद अमित शाह तक पहुंच है। जो चाहे, करवा सकते हैं। विधायक का जवाब- धोखाधड़ी के केस से बचने के लिए लगाए आरोप इन आरोपों को लेकर विधायक विनोद सिंह ने 4 अगस्त को कहा था कि महिला के पति ने उनके साथ ठगी की थी। इसी के चलते उन्होंने महिला और उनके पति के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। विधायक का कहना है कि इसी केस से बचने के लिए उनके खिलाफ इस तरह के आरोप लगाए जा रहे हैं। पीड़िता से बात करने के बाद हम विधायक विनोद सिंह से 2 सवाल पूछने की कोशिश की- पहला- अगर आपके साथ ठगी पहले हुई थी, तो आपने 10 जुलाई को केस क्यों दर्ज कराया? क्या महिला आयोग में शिकायत के बाद केस दर्ज कराने का फैसला लिया गया? दूसरा- आपने महिला की फीस माफ कराने के लिए सिफारिश क्यों की? उन्हें गाड़ी पर लगाने के लिए विधायक पास देने की क्या वजह थी? कई बार कॉल करने के बाद भी विधायक विनोद सिंह से संपर्क नहीं हो सका। ———————— ये खबर भी पढ़ें- यौन उत्पीड़न आरोपों से घिरे BJP विधायक का नया AUDIO, यूपी के बाहुबली भाइयों के नाम लिए, कहा- वे मुझे मारें, उससे पहले मर्डर करा दूंगा यौन उत्पीड़न के आरोपों से घिरे सुल्तानपुर के भाजपा विधायक विनोद सिंह का शुक्रवार को नया ऑडियो सामने आया है। विधायक आरोप लगाने वाली महिला से बात कर रहे हैं। महिला से विधायक ने कहा- सुल्तानपुर के दो बाहुबली सोनू सिंह-मोनू सिंह मेरी हत्या की साजिश रच रहे हैं। लेकिन बता दूं कि मैं भी इन दोनों का मर्डर करा सकता हूं। पढ़िए पूरी खबर…