अखिलेश ने बताया कब बृजभूषण सिंह सपा में आएंगे:बोले- बहुत लोग BJP छोड़ना चाहते हैं; हरदोई में पीड़ित परिवार को 5 लाख दिए

पूर्व भाजपा सांसद बृजभूषण शरण सिंह के सपा में जाने की अटकलों पर अखिलेश यादव ने पहली बार जवाब दिया। सपा प्रमुख ने उन्हें ‘अपना नेता’ और ‘गोंडा का नेता’ कहकर संबोधित किया। अखिलेश गुरुवार को हरदोई में थे। पत्रकारों ने सवाल किया कि क्या बृजभूषण सिंह सपा में आ रहे हैं? इसका जवाब सपा प्रमुख ने बहुत ही सधे अंदाज में दिया। अखिलेश ने कहा, बीजेपी में पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) के लोग पार्टी छोड़ना चाहते हैं। पीड़ित हैं, दुखी हैं, अपमानित महसूस कर रहे हैं। वहां से निकलना चाहते हैं। जहां तक पूर्व सांसद और हमारे साथ रहे गोंडा के नेता का सवाल है तो राजनीति में क्या मोड़ आता है, यह वही बेहतर बता सकेंगे। अखिलेश बोले- ‘लंगड़ा ऑपरेशन’ से क्यों डर रही सरकार: हरदोई में बुलडोजर कब चलवाएंगे
हरदोई में हुए शिल्पी हत्याकांड में अखिलेश यादव ने परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने परिवार वालों को 5 लाख रुपए का चेक देकर सीबीआई जांच की मांग की। अखिलेश ने कहा कि हर घटना में सरकार पुलिस प्रशासन के जरिए बुलडोजर और ‘लंगड़ा ऑपरेशन’ करती हैं। मगर यहां क्यों पीछे हट रही है? मीडिया से बातचीत में सपा प्रमुख ने कहा कि भाजपा महिला विरोधी है। ये खुद महिला आरक्षण बिल नहीं पास करवाना चाहते। हमने एक्सप्रेस-वे पर 2016 में प्लेन उतरवा दिए थे, वो अब उतरवा रहे हैं। आगरा एक्सप्रेस-वे जो हमने बनवाया था, वो गंगा एक्सप्रेस वे से बेहतर है। दरअसल, बीते 13 अप्रैल को शिल्पी कुशवाहा की हत्या कर दी गई थी। अखिलेश यादव गुरुवार करीब 12 बजे मल्लावां कोतवाली क्षेत्र के गढ़ी रसूलपुर गांव पहुंचे। उनके पहुंचने से पहले पुलिस ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे। शिल्पी के घर वालों से मुलाकात के बाद अखिलेश लखनऊ रवाना हो गए। अखिलेश यादव की 3 बड़ी बातें पढ़िए… 1. कन्नौज में 10 मिनट में गैंगस्टर लगाते हैं फतेहपुर में मौर्या बेटी के साथ क्या किया वर्चस्ववादी लोगों ने? इसी तरह प्रतापगढ़ में एक बेटी की जान चली गई। गाजीपुर में क्या हुआ बेटी के साथ? और अगर गाजीपुर में पुलिस कार्रवाई करती, तो उस बेटी की जान नहीं जाती। वहां तो जब हमारे लोग बेटी के परिवार से मिलने जा रहे थे तो ये वर्चस्ववादी लोग पत्थर लेकर खड़े हो गए। आरोपी पर गैंगस्टर की कार्रवाई भी प्रचलित है, पिता-पुत्र जेल चले गए हैं, क्या जातीय एंगल देने की कोशिश की जा रही है। इस सवाल पर अखिलेश ने तंज कसते हुए कहा कि हमारे कन्नौज में पता करो, 10 मिनट में गैंगस्टर लगा देते हैं। 10 मिनट में बुलडोजर से घर तोड़ देते हैं। कन्नौज यहां से कितनी दूर है? अखिलेश ने कहा कि प्रधानमंत्री को तो इस बारे में पता नहीं होगा? इसमें जाति का क्या एंगल है, अगर आपके साथ कोई घटना हो जाए, तो क्या हम आपके साथ नहीं हैं? 2. अब तक बुलडोजर कार्रवाई क्यों नहीं हुई अगर किसी के साथ अन्याय हुआ है, तो क्या हम उसके साथ खड़े नहीं होंगे? इस मामले में पिता-पुत्र जेल जा चुके हैं। पुलिस लगातार कार्रवाई की बात कर रही है। लेकिन सवाल यह है कि सरकार बाकी जगहों पर तो बुलडोजर चलाती है, यहां मदद क्यों नहीं कर रही? आपने करोड़ों रुपये अन्य जगहों पर दिए, तो इस परिवार की मदद क्यों नहीं की जा रही? शिल्पी के भाई धीरेंद्र ने कहा- बाबूजी, हमें इंसाफ चाहिए। हमारी लैट्रिन और बाउंड्री तोड़ दी गई। वे लोग हमें डराना चाहते हैं। न तो अपराधियों को पकड़ा जा रहा और न ही उन पर कोई सख्त कार्रवाई हो रही है। हमें CBI जांच चाहिए और अपराधियों को फांसी होनी चाहिए। इस पर अखिलेश ने कहा कि मैं आपकी सभी मांगों के पक्ष में हूं। हम हर संभव कानूनी मदद करेंगे।
3. भाजपा सरकार हमसे सीख रही है वहीं, गंगा एक्सप्रेस-वे को लेकर कहा कि मैं अभी इनके बनवाए हुए एक्प्रेस-वे से चलकर आया हूं। मैंने सोचा देख लूंगा कैसा बनवाया। अभी भी हमारा बनवाया एक्सप्रेस-वे ही बेहतर है। भाजपा सरकार हमसे सीख रही है। हमने 2016 में सड़क पर प्लेन उतरवा दिए थे, ये अब प्रैक्टिस कर रहे हैं। अब शिल्पी के मां और भाई की बात… भाई बोला- सीएम से मदद मांगी, कार्रवाई नहीं हुई शिल्पी के भाई ने कहा कि हमने मुख्यमंत्री जी को भी ज्ञापन दिया था, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। हम सालों से न्याय के लिए भटक रहे हैं। बिटिया को बचाने के लिए हाथ-पांव जोड़ते रहे, लेकिन किसी ने नहीं सुनी। न एसपी साहब ने, न थानेदार ने, न सीओ या डीएम साहब ने। इस पर अखिलेश ने कहा कि इसीलिए मैंने 1090 (महिला हेल्पलाइन) बनाई थी। ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए, जिससे महिलाओं और बेटियों की तुरंत मदद हो सके। दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी ही चाहिए। मां बोली- आरोपियों के यहां बुलडोजर चले शिल्पी की मां ने कहा कि उन अपराधियों को फांसी हो, उनके मकान पर बुलडोजर चले और जो उनकी जमीन है वो नीलाम हो। और CBI जांच होनी चाहिए, जो उसमें सम्मिलित हों उनको भी सजा बराबर मिलनी चाहिए। 13 अप्रैल को हुई थी शिल्पी की हत्या 13 अप्रैल की शाम शिल्पी कुशवाहा (26) अपने घर से कूड़ा डालने जा रही थीं, तभी गांव के ही ऋषभ द्विवेदी ने फावड़े से हमला कर उनकी हत्या कर दी थी। शिल्पी के पिता राम रहीस की शिकायत पर आरोपी ऋषभ और उसके पिता प्रमोद के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस ने 15 अप्रैल को आरोपी ऋषभ को गिरफ्तार किया था। इसके बाद 19 अप्रैल को उसके पिता प्रमोद को भी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। ऋषभ ने पुलिस को बताया था कि उसका शिल्पी के साथ अफेयर था। इसके चलते शिल्पी के पति ने उसे छोड़ दिया था। ऋषभ को शक था कि शिल्पी किसी और से बात करने लगी है, जिसकी वजह से उसने हत्या कर दी। इस हत्याकांड से संबंधित कुछ भड़काऊ टिप्पणियां सोशल मीडिया पर सामने आई थीं, जिस पर सब इंस्पेक्टर श्याम बहादुर की शिकायत पर 12 नामजद और 10 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। इससे पहले, 23 अप्रैल को सपा का एक प्रतिनिधिमंडल शिल्पी के परिजनों से मिलने जा रहा था, जिसे संडीला के पास रोक दिया गया था। 22 अप्रैल की रात जिले के कई सपा कार्यकर्ताओं को हाउस अरेस्ट भी किया गया था। इस मामले में एसपी अशोक कुमार मीणा ने 28 अप्रैल को मल्लावां कोतवाल शिवाकांत पांडेय को निलंबित कर दिया था। —————– यह खबर भी पढ़ें… मिस्टर-यूपी एनकाउंटर में ढेर, 3 दोस्तों की हत्या की थी:जिनका मर्डर किया, उनकी पत्नी-बहन बोलीं- अब तसल्ली मिली

बुलंदशहर में 3 दोस्तों की हत्या के मुख्य आरोपी बर्थडे बॉय जीतू सैनी (30) को पुलिस ने एनकाउंटर में मार गिराया। गुरुवार सुबह 5 बजे पुलिस ने स्कूटी सवार जीतू को रोका, तो उसने फायरिंग कर दी। जवाबी फायरिंग में उसे तीन गोलियां लग गईं। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान जीतू की मौत हो गई। पढ़ें पूरी खबर…