दीपावली से पहले मिलावटी मिठाइयों पर खाद्य सुरक्षा विभाग (FSDA) ने शिकंजा कसा है। अभियान के तहत FSDA ने लखनऊ सहित प्रदेशभर में एक साथ छापेमारी की। इस दौरान गंभीर गड़बड़ियां मिलने पर 9 मिठाई के दुकानों के लाइसेंस सस्पेंड कर दिए गए। एक दुकान बिना लाइसेंस चल रही थी, उसे भी बंद करा दिया गया। अभियान में करीब 50 क्विंटल मिठाइयां नष्ट कराई गईं, जबकि 49 क्विंटल खाने की चीजें जब्त की गईं। इनकी कुल कीमत करीब 22.50 लाख रुपए आंकी गई है। लखनऊ में गंदगी के बीच बन रही थीं मिठाइयां लखनऊ के पारा स्थित नरपतखेड़ा के जय श्री दुर्गा गृह उद्योग में गंदगी और कीटों के बीच खाद्य पदार्थों का निर्माण किया जा रहा था। टीम ने इकाई का कारोबार बंद करा दिया। काकोरी के पटोली, बनियाखेड़ा स्थित आकृति गृह उद्योग बिना लाइसेंस चलता मिला। इसे भी बंद करा दिया गया। संचालक के खिलाफ कोर्ट में मुकदमा दर्ज कराने की कार्रवाई शुरू की गई है। 379 दुकानों की जांच, 373 सैंपल लिए विभाग की टीमों ने प्रदेशभर में 379 खाने की दुकानों का निरीक्षण किया। इस दौरान 373 नमूने लिए गए और 211 दुकानों को नोटिस जारी किए गए। जांच में मिठाइयों की क्वालिटी के साथ निर्माण स्थल की सफाई, कच्चे माल का रखरखाव, खाद्य रंग, तेल, पेयजल और पैकेजिंग की भी जांच की गई। दूसरे जिलों के अधिकारियों ने की जांच अभियान में निष्पक्षता बनाए रखने के लिए सभी मंडलों में अंतर-जनपदीय टीमें लगाई गईं। एक जिले के अधिकारियों को दूसरे जिले में भेजकर जांच कराई गई। इससे स्थानीय स्तर पर होने वाली गड़बड़ियों पर भी नजर रखी जा सके। संभल में पांच इकाइयों के लाइसेंस निलंबित संभल में पांच रसगुल्ला निर्माण इकाइयों में सफाई और भंडारण की गंभीर खामियां मिलीं। इनमें सत्तार रसगुल्ला निर्माण शाला, जोगेंद्र रसगुल्ला कारखाना, इरफान रसगुल्ला, तहजीब रसगुल्ला और साने आलम रसगुल्ला निर्माण इकाई शामिल हैं। सभी के लाइसेंस निलंबित कर कारोबार बंद करा दिया गया। शामली और बुलंदशहर में भी कार्रवाई शामली के जखीरा बत्तीसा निर्माण कारखाने में खाद्य पदार्थों में इस्तेमाल के लिए प्रतिबंधित सेफोलाइट रसायन मिला। परिसर में गंदगी भी पाई गई। वहीं, बुलंदशहर में बंधन स्वीट्स और रामा स्वीट्स में सफाई और भंडारण संबंधी गंभीर खामियां मिलने पर दोनों के लाइसेंस निलंबित कर दिए गए। छोटे दुकानदारों को परेशान न करने के निर्देश FSDA आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जांच के नाम पर छोटे और खुदरा कारोबारियों का अनावश्यक उत्पीड़न न किया जाए। कार्रवाई उन्हीं प्रतिष्ठानों पर हो, जहां खाद्य सुरक्षा मानकों का उल्लंघन मिल रहा है। विभाग ने स्पष्ट किया कि त्योहार पर लोगों की सेहत से खिलवाड़ करने वालों को छूट नहीं मिलेगी।