‘दिव्यांश गुरुकुल की परंपरा के मुताबिक ढल नहीं पा रहा था, दिनभर शैतानी करता था। 3-4 दिनों से उसकी शैतानियां बढ़ गई थीं। मुझे चिढ़ होने लगी थी। तंग आकर मैंने उसे नंगे पांव घंटों धूप में खड़ा रखा। रातभर थप्पड़, चप्पल, लात-घूसों से पिटाई की। कपड़े उतरवाकर पीठ पर डंडे मारे। उसकी पीठ पर लात मार दी, जिससे वह दूर जाकर गिरा। दीवार से सिर टकरा गया। फिर उसका मुंह दबाया, कई घूसें उसकी पीठ पर जड़ दिए। वह बेसुध हो गया। देखा तो दिव्यांश मर चुका था। फिर कार से शव कानपुर में महाराजपुर के गौरिया गांव स्थित उसके घर के बाहर छोड़कर भाग आया।’ ये कबूलनामा है लखनऊ के रामानुज भागवत वेद विद्या पीठ के संचालक और महंत सौरभ मिश्रा उर्फ कन्हैया का। उसने 21 अप्रैल को 11 साल के बच्चे दिव्यांश की गुरुकुल में पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। आरोपी रिश्ते में बच्चे का मामा लगता है। 15 अप्रैल को ही पिता नरेंद्र कुमार द्विवेदी ने दिव्यांश का गुरुकुल में दाखिला कराया था। गुरुवार को दिव्यांश के अंतिम संस्कार के बाद पुलिस ने पिता की तहरीर पर आरोपी मूल निवासी छतरपुर सौरभ मिश्रा (27) और छतरपुर की ही गर्लफ्रेंड हर्षिता सोनी (23) को गिरफ्तार कर लिया। ये दोनों वर्तमान में लखनऊ के पारा इलाके में किराये पर रहते थे। पूछताछ में आरोपियों ने चौंकाने वाले खुलासे किए। आरोपी महंत ने पुलिस के सामने क्या कबूला, उसकी गर्लफ्रेंड क्यों अरेस्ट हुई? पढ़िए- ‘दिव्यांश गुरुकुल में डांस करता, सब बच्चे उसके जैसा हो रहे थे’ पुलिस ने आरोपी मामा और उसकी गर्लफ्रेंड से पूछताछ की। दोनों ने जो बयान दिए, उसे सुन अफसर भी सन्न रह गए। मामा ने पुलिस को बताया- दिव्यांश गुरुकुल के नियमों का पालन नहीं कर रहा था। वह कक्षा में शोर मचाता था। बच्चों से बातें करता था। गाना गाता, डांस करता। उसकी शरारत देख अन्य बच्चे भी कुछ ही दिनों में उसके रंग में रंगने लगे थे। जिसे देख मुझे उससे चिढ़ आने लगी थी। इस वजह से तीन दिनों से दिव्यांश की बेरहमी से पिटाई कर रहा था। ‘नंगे पांव धूप में खड़ा कर डंडों से पीटते थे’ सौरभ ने कबूला कि तेज धूप में दिव्यांश के कपड़े उतार कर उसे नंगे पैर छत पर खड़ा कर देता था। छाया की ओर भागने पर उसे पीटता। दिव्यांश को छोड़ सभी बच्चों को खाना दिया जाता था। वह भूख से रोता तो डंडों से उसकी पिटाई की जाती थी। ‘मंगलवार रात पिटाई की, सुबह देखा तो मौत हो चुकी थी’ आरोपी मामा ने बताया कि मंगलवार रात करीब 9 बजे सभी बच्चे कमरे में सोने चले गए। मैं दिव्यांश से इतना चिढ़ गया था कि मैंने उसे रात भर पीटने की ठान ली थी। उसे एकांत जगह पर लेकर आने लगा तो वह चिल्लाने लगा, जिस पर मेरा पारा और चढ़ गया। मैंने थप्पड़, लात–घूंसे, डंडा, बेल्ट जो कुछ मिला उससे पिटाई की। रोने पर उसे घसीट कर दीवार पर पटक दिया, जिससे उसके सिर पर चोट लग गई। उस दिन पता नहीं मुझे क्या हो गया था कि पिटाई के दौरान उसकी हालत का ख्याल ही नहीं रहा। मार खाकर वह बेहोश गया। मैं उसे छोड़ कर चला गया। सुबह देखा तो उसकी मौत हो चुकी थी। ‘गर्लफ्रेंड ने साथ दिया, तोड़े सीसीटीवी कैमरे’ सौरभ ने बताया- दिव्यांश की मौत की खबर फैलते ही गुरुकुल के सारे बच्चे जमा हो गए। मैंने गुरुकुल के पास ही किराए पर रहने वाली गर्लफ्रेंड हर्षिता सोनी को बुलाया। उसने सभी बच्चों को अपने-अपने घर भेज दिया। परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरे तोड़ दिए। मेरे लिए कार बुक की। मैं कार से दिव्यांश की लाश उसके घर के पास फेंक कर फरार हो गया। पुलिस ने डीवीआर खंगाली तो उसमें दिव्यांश के साथ हुई बर्बरता की ऐसी फुटेज मिली, जिससे पुलिस अधिकारी सन्न रह गए। मेस की फुटेज में दिखा- सब बच्चे खाना खा रहे, दिव्यांश कोने में रो रहा एडीसीपी अंजली विश्वकर्मा ने बताया कि बीते तीन दिनों की फुटेज चौंकाने वाली थी। फुटेज में सामने आया कि आरोपी सौरभ तीन दिनों से उसकी बेरहमी से पिटाई कर रहा था। सौरभ, दिव्यांश को भरी धूप में हाथ ऊपर करवा कर घंटों तक सजा देता। मेस में सभी बच्चों को खाना दिया जा रहा है, लेकिन दिव्यांश को भूखा रहने की सजा मिली थी। मेस की फुटेज में साफ दिख रहा है कि बच्चे खाना खा रहे, जबकि दिव्यांश कोने में रोता बिलखता दिख रहा है। खाना खाने पर बाल पकड़ कर घसीटा एसीपी चकेरी अभिषेक पांडेय ने बताया- एक फुटेज में सामने आया, जिसमें दिव्यांश चोरी-छिपे अपने साथियों का खाना खाता दिख रहा है। इसकी भनक लगने पर सौरभ गुस्से में मेस पहुंचा। दिव्यांश के बाल पकड़ कर घसीटते हुए बाहर लाया। इसके बाद एक के बाद एक थप्पड़, घूसे मारे। डीसीपी पूर्वी सत्यजीत गुप्ता ने बताया- बच्चे के किसी बात को न मानने पर संचालक सौरभ मिश्रा उर्फ कन्हैया ने उसे पीटा था। पूछताछ में उसने यह बात स्वीकार की है। उसकी गर्लफ्रेंड ने गुरुकुल से साक्ष्य मिटाने का प्रयास किया। दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया। पिता महंत थे, गलती पर इसी तरह पीटते थे गुरुकुल के संचालक और आरोपी सौरभ मिश्रा उर्फ कन्हैया ने पुलिस को बताया कि वह दो भाई हैं। दोनों महंत हैं। उनके पिता सुरेश चंद्र मिश्रा भी महंत थे। गलती पर पिता दोनों भाइयों को बहुत मारते थे। ऐसे में जब बच्चे गलती करते हैं या बात नहीं सुनते तो उससे भी बर्दाश्त नहीं होता है। मंगलवार की रात दिव्यांश की गलती पर उसे पीटा था। उसने पुलिस को बताया कि गुरुकुल के दूसरे बच्चों को भी वह इसी तरह से पीटता था। सपा का प्रतिनिधिमंडल पीड़ित परिवार से मिला शुक्रवार को सपा का प्रतिनिधिमंडल पीड़ित परिवार से मिलने उनके घर पहुंचा, जिसमें विधायक अभिताभ बाजपेई, नसीम सोलंकी, हसन रूमी, पूर्व सांसद राजाराम पाल समेत कई नेता शामिल रहे। प्रतिनिधिमंडल ने परिजनों से घटना की पूरी जानकारी जुटाई और भरोसा दिलाया कि इसकी विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को सौंपी जाएगी। सपा नेताओं ने परिवार को हर संभव मदद का आश्वासन देते हुए घटना को बेहद दुखद बताया। नसीम सोलंकी ने कहा कि सरकार ‘जीरो टॉलरेंस’ की बात करती है, ऐसे में इस घटना के दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या आरोपियों की संपत्तियों पर बुलडोजर कार्रवाई की जाएगी। ————————— ये खबर भी पढ़िए- जिम में बीवी बहक न जाए, इसलिए मार डाला, जिम ट्रेनर्स के रोमांस के किस्से परेशान करते थे; मुरादाबाद में कारोबारी का कबूलनामा “आए दिन जिम ट्रेनरों के किस्से सामने आ रहे हैं। कहीं जिम ट्रेनर के साथ अफेयर में पड़ी महिला ने पति को मरवा दिया, तो कहीं जिम ट्रेनर के इश्क में महिला घर-परिवार छोड़कर चली गई। ऐसी कहानियों से मैं अपनी पत्नी को लेकर इनसिक्योर फील करने लगा था।” यह कहना है मुरादाबाद के स्क्रैप कारोबारी शोभित गुप्ता का। पढ़ें पूरी खबर…