लखनऊ- लोकबंधु अस्पताल में मरीज की मौत पर हंगामा:परिजनों ने डॉक्टर पर लगाए लापरवाही के आरोप, FIR के लिए दी तहरीर

लखनऊ के लोकबंधु राजनारायण संयुक्त अस्पताल में एक मरीज की मौत के बाद हंगामा हो गया। मृतक के परिजनों ने इमरजेंसी मेडिकल ऑफिसर (EMO) पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया। घटना से जुड़ा वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में परिजन इलाज न मिलने से मरीज की मौत होने का आरोप लगा रहे है औए मौके पर डॉक्टर को बुलाने की आवाज भी लगा रहे है। वीडियो शुक्रवार देर रात का बताया जा रहा है। इस बीच घटना से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हुआ है। वहीं, पीड़ित पक्ष ने एफआईआर दर्ज कराने के लिए पुलिस को तहरीर भी दी है। बुजुर्ग की तबीयत बिगड़ने पर परिजन लेकर पहुंचे थे अस्पताल आलमबाग के अलीनगर सुनहरा निवासी 65 वर्षीय जगजीवन को शुक्रवार रात करीब साढ़े सात बजे सांस लेने में तकलीफ होने पर लोकबंधु अस्पताल की इमरजेंसी में भर्ती कराया गया था। परिजनों के मुताबिक, कुछ देर बाद मरीज की सांस उखड़ने लगी। ईएमओ ने पर्चे पर इंजेक्शन लिखकर ऑक्सीजन लगा दी, लेकिन मरीज की हालत में सुधार नहीं हुआ। मरीज को देखने नहीं गए डॉक्टर मृतक के बेटे दीपक का आरोप है कि उन्होंने कई बार डॉक्टर से मरीज को देखने का अनुरोध किया, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। करीब एक घंटे बाद डॉक्टर मरीज को देखने पहुंचे। रात करीब साढ़े नौ बजे जगजीवन की मौत हो गई। इसके बाद परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। बाद में पुलिस ने मौके पर पहुंचकर परिजनों को शांत कराया। निदेशक ने दिए जांच के आदेश लोकबंधु अस्पताल के निदेशक डॉ. राजेश कुमार ने मामले में जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जांच में यदि लापरवाही के आरोप सही पाए जाते हैं तो कार्रवाई की संस्तुति की जाएगी। पहले भी हो चुकी है नवजात की मौत लोकबंधु अस्पताल में इलाज में लापरवाही का यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले प्रसव पीड़ा से जूझ रही एक महिला को समय पर भर्ती नहीं किए जाने के आरोप लगे थे। परिजनों का आरोप था कि वार्ड में जिम्मेदार नर्सों की अनुपस्थिति में महिला ने वहीं बच्चे को जन्म दिया। नवजात फर्श पर गिर गया और सिर में गंभीर चोट लगने से उसकी मौत हो गई थी। मामले में दो संविदा नर्सों को बर्खास्त किया गया था, जबकि वरिष्ठ महिला डॉक्टर को नोटिस जारी किया गया था। बिजली गुल होने से मोबाइल की रोशनी में इलाज अस्पताल में व्यवस्थाओं को लेकर भी सवाल उठते रहे हैं। 10 जुलाई को बिजली आपूर्ति बाधित होने के दौरान जनरेटर और इन्वर्टर बैकअप भी जवाब दे गए थे। इसके चलते डॉक्टरों को मोबाइल की टॉर्च की रोशनी में गंभीर मरीजों का इलाज करना पड़ा था। इससे मरीजों और तीमारदारों को भीषण गर्मी और उमस में परेशानी का सामना करना पड़ा। लावारिस वार्ड में फर्श पर मिला मरीज लोकबंधु अस्पताल के लावारिस वार्ड का एक वीडियो भी हाल ही में वायरल हुआ था। वीडियो में एक मरीज फर्श पर पड़ा दिखाई दे रहा था। आरोप था कि मरीज को देखने वाला कोई नहीं था और वार्ड में उसकी हालत बिगड़ती रही। अस्पताल प्रशासन के अनुसार मामले की जांच कराई जाएगी