मथुरा में महिला बैंककर्मी से ‘CM कोटे से IAS बनवाऊंगा’ कहने वाला सपा नेता राजन अहमद रिजवी गिरफ्तार हो गया है। वह 12 दिनों से फरार था। अलीगढ़ में रिश्तेदार के घर छिपा था। मुखबिर की सूचना पर मथुरा पुलिस ने रविवार को छापा मारकर उसे पकड़ा। सपा नेता डॉ. राजन रिजवी (38) महिला बैंक कर्मी को लगातार परेशान कर रहा था। पीछा करता था। घर की रेकी कर रहा था। बैंककर्मी का प्राइवेट नंबर किसी तरह लेकर आपत्तिजनक मैसेज भेज रहा था। परेशान होकर बैंककर्मी ने 16 सितंबर को मथुरा कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया था। इसके बाद सपा ने आनन-फानन में डॉ. राजन रिजवी को अल्पसंख्यक सभा का प्रदेश महासचिव के पद से हटा दिया था। ASP बोलीं- कोर्ट ने सपा नेता को जमानत मिली
ASP आशना चौधरी ने बताया- रविवार को कोतवाली पुलिस और स्वाट टीम ने अलीगढ़ के थाना क्वारसी के गांव धर्रामाफी में दबिश दी। वहां अहमद रिजवी छिपा मिला। वहां से उसे मथुरा लाया गया। यहां कोर्ट में पेश किया है। जहां से उसे जमानत मिल गई। सपा नेता का वॉट्सऐप मैसेज पढ़िए, जो उसने बैंककर्मी को भेजा था मेरे शब्दों से आपका दिल हर्ट हुआ हो तो मैं माफी मांगता हूं। मैंने आपसे ऐसी कोई बात नहीं की, जो मर्यादा के खिलाफ हो। मैं आपकी बहुत इज्जत करता हूं। आप एक एक्सट्रा औरा वाली महिला हैं। खूबसूरत होने के साथ आपकी सीरत बहुत अच्छी है। यानी आप कंप्लीट वुमन हैं। मुझे आपकी पर्सनैलिटी पर आपकी यह जॉब अच्छी नहीं लगती। सपा की सरकार बनती है तो में आपको चीफ मिनिस्टर कोटे से डेपुटेशन के आधार पर IAS बनवाने की कोशिश करूंगा। मॉर्निग वॉक के दौरान हुई मुलाकात पीड़ित महिला मथुरा के एक सरकारी बैंक में कस्टमर सर्विस एसोसिएट है। पति मथुरा में ही वन विभाग में अफसर हैं। आरोपी सपा नेता डॉ. राजन रिजवी (45) का आवास वन विभाग ऑफिस के ठीक पास में है। वह पीएचडी डिग्री होल्डर है। फैज-ए-आम डिग्री कॉलेज में प्रोफेसर है। लंबे समय से सपा में सक्रिय है। पहले नगर अध्यक्ष भी रह चुका है। पत्नी और एक बेटी है। महिला ने बताया- मॉर्निंग वॉक के दौरान उनकी मुलाकात सपा नेता से हुई थी। इसके बाद वह आए दिन बैंक आकर घूरने लगा था। उसने प्राइवेट मोबाइल नंबर भी हासिल कर लिया। बार-बार उसमें आपत्तिजनक मैसेज भेजने लगा। परेशान होकर मना किया तो वह IAS बनवाने का ऑफर देने लगा। नंबर ब्लॉक किया तो मेरी और मेरे पति की निजी जानकारी हासिल करने लगा। महिला ने FIR में जो आरोप लगाए, वो पढ़िए… ———————— ये भी पढ़िए…. सपा-कांग्रेस में पेंच कहां फंस रहा:गठबंधन फाइनल तो सीट बंटवारा क्यों नहीं; ‘सब ठीक है’ कहकर अखिलेश क्या छुपा रहे करीब एक हफ्ते तक सपा और कांग्रेस नेताओं में गठबंधन को लेकर तीखी बयानबाजी होती रही। कयास लगाए जाने लगे कि गठबंधन टूटने वाला है। फिर रविवार (27 सितंबर) को सपा प्रमुख अखिलेश यादव का बयान आया। बोले- हम ऊपर-ऊपर से लड़ रहे हैं, अंदर से एक हैं। ये हमारी रणनीति का हिस्सा है। अब सवाल उठ रहे हैं कि जब गठबंधन तय है, तो इस बयानबाजी से क्या हासिल होगा? सीटों की बात फाइनल क्यों नहीं हो पा रही? आखिर अखिलेश क्या छुपा रहे? पढ़िए यूपी एक्सप्लेनर में… पढ़ें पूरी खबर
ASP आशना चौधरी ने बताया- रविवार को कोतवाली पुलिस और स्वाट टीम ने अलीगढ़ के थाना क्वारसी के गांव धर्रामाफी में दबिश दी। वहां अहमद रिजवी छिपा मिला। वहां से उसे मथुरा लाया गया। यहां कोर्ट में पेश किया है। जहां से उसे जमानत मिल गई। सपा नेता का वॉट्सऐप मैसेज पढ़िए, जो उसने बैंककर्मी को भेजा था मेरे शब्दों से आपका दिल हर्ट हुआ हो तो मैं माफी मांगता हूं। मैंने आपसे ऐसी कोई बात नहीं की, जो मर्यादा के खिलाफ हो। मैं आपकी बहुत इज्जत करता हूं। आप एक एक्सट्रा औरा वाली महिला हैं। खूबसूरत होने के साथ आपकी सीरत बहुत अच्छी है। यानी आप कंप्लीट वुमन हैं। मुझे आपकी पर्सनैलिटी पर आपकी यह जॉब अच्छी नहीं लगती। सपा की सरकार बनती है तो में आपको चीफ मिनिस्टर कोटे से डेपुटेशन के आधार पर IAS बनवाने की कोशिश करूंगा। मॉर्निग वॉक के दौरान हुई मुलाकात पीड़ित महिला मथुरा के एक सरकारी बैंक में कस्टमर सर्विस एसोसिएट है। पति मथुरा में ही वन विभाग में अफसर हैं। आरोपी सपा नेता डॉ. राजन रिजवी (45) का आवास वन विभाग ऑफिस के ठीक पास में है। वह पीएचडी डिग्री होल्डर है। फैज-ए-आम डिग्री कॉलेज में प्रोफेसर है। लंबे समय से सपा में सक्रिय है। पहले नगर अध्यक्ष भी रह चुका है। पत्नी और एक बेटी है। महिला ने बताया- मॉर्निंग वॉक के दौरान उनकी मुलाकात सपा नेता से हुई थी। इसके बाद वह आए दिन बैंक आकर घूरने लगा था। उसने प्राइवेट मोबाइल नंबर भी हासिल कर लिया। बार-बार उसमें आपत्तिजनक मैसेज भेजने लगा। परेशान होकर मना किया तो वह IAS बनवाने का ऑफर देने लगा। नंबर ब्लॉक किया तो मेरी और मेरे पति की निजी जानकारी हासिल करने लगा। महिला ने FIR में जो आरोप लगाए, वो पढ़िए… ———————— ये भी पढ़िए…. सपा-कांग्रेस में पेंच कहां फंस रहा:गठबंधन फाइनल तो सीट बंटवारा क्यों नहीं; ‘सब ठीक है’ कहकर अखिलेश क्या छुपा रहे करीब एक हफ्ते तक सपा और कांग्रेस नेताओं में गठबंधन को लेकर तीखी बयानबाजी होती रही। कयास लगाए जाने लगे कि गठबंधन टूटने वाला है। फिर रविवार (27 सितंबर) को सपा प्रमुख अखिलेश यादव का बयान आया। बोले- हम ऊपर-ऊपर से लड़ रहे हैं, अंदर से एक हैं। ये हमारी रणनीति का हिस्सा है। अब सवाल उठ रहे हैं कि जब गठबंधन तय है, तो इस बयानबाजी से क्या हासिल होगा? सीटों की बात फाइनल क्यों नहीं हो पा रही? आखिर अखिलेश क्या छुपा रहे? पढ़िए यूपी एक्सप्लेनर में… पढ़ें पूरी खबर