समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव की पूर्व पत्नी मोनिका यादव ने गुरुवार को शादी कर ली। उन्होंने मेरठ के जिला पंचायत अध्यक्ष भाजपा नेता गौरव चौधरी के साथ हिमाचल में सात फेरे लिए। शादी में दोनों का परिवार मौजूद रहा। मोनिका यादव इस समय भाजपा में हैं और फर्रुखाबाद की जिला पंचायत अध्यक्ष हैं। मोनिका यादव का आजमगढ़ सांसद धर्मेंद्र यादव से 2016 में तलाक हो चुका है। गौरव चौधरी भी अपनी पूर्व पत्नी को तलाक दे चुके हैं। दोनों की ये दूसरी शादी है। एक साल से दोनों में बातचीत चल रही थी। दोनों की पहली मुलाकात मुख्यमंत्री आवास में हुई थी, इसके बाद दोनों एक-दूसरे के नजदीक आ गए। 2 तस्वीरें देखिए… मोनिका के पिता मुलायम सिंह के खास रहे मोनिका यादव पूर्व मंत्री नरेंद्र सिंह यादव की बेटी हैं। नरेंद्र सिंह यादव 6 बार विधायक रहे। वे मुलायम सिंह यादव और अखिलेश यादव सरकार में मंत्री रह चुके हैं। नरेंद्र सिंह यादव ने 1985 में कांग्रेस के टिकट पर पहला चुनाव जीता था। बाद में समाजवादी पार्टी के गठन के दौरान वे मुलायम सिंह यादव के साथ चले गए। नरेंद्र सिंह यादव के पिता राजेंद्र सिंह यादव भी बड़े राजनेता रहे हैं। वह प्रजा समाजवादी पार्टी के संस्थापक सदस्यों में एक थे। उन्होंने यूपी सरकार में मंत्री के तौर पर भी काम किया। वे फर्रुखाबाद के शमशाबाद और मोहम्मदाबाद सीट से सात बार विधायक चुने गए थे। मोनिका यादव परिवार की तीसरी पीढ़ी की सदस्य हैं। 2021 में मोनिका यादव ने छोड़ी थी सपा मुलायम सिंह यादव से नजदीकी संबंधों की वजह से नरेंद्र सिंह यादव ने बेटी मोनिका की शादी अखिलेश यादव के चचेरे भाई धर्मेंद्र यादव के साथ की थी। हालांकि शादी के कुछ ही दिनों बाद दोनों के बीच रिश्ता खराब हो गया। धर्मेंद्र से रिश्तों में तल्खी के बीच 2016 के पंचायत चुनाव में मोनिका उम्मीदवार बनाई गईं। लेकिन पार्टी की अंदरूनी राजनीति का शिकार हो गईं। उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इसी बीच धर्मेंद्र ने मोनिका को तलाक दे दिया और दूसरी शादी कर ली। 2021 के पंचायत चुनाव में उन्होंने समाजवादी पार्टी छोड़कर भाजपा का दामन थामा। उन्हें भाजपा का समर्थन मिला तो जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर कब्जा जमाने में कामयाब हो गईं। जर्मनी का बड़ा बिजनेस छोड़ मेरठ लौटे गौरव चौधरी
मेरठ के कुसेड़ी गांव के रहने वाले गौरव चौधरी की कहानी बेहद दिलचस्प है। साल 2006 में वह ‘बैचलर ऑफ इंटरनेशनल बिजनेस’ की पढ़ाई करने जर्मनी गए थे। पढ़ाई पूरी करने के बाद वह वहीं सेटल हो गए और कड़ी मेहनत से वहां होटल्स, रियल एस्टेट और होलसेल स्टोर्स का एक बहुत बड़ा बिजनेस खड़ा किया। बिजनेस शिखर पर था, लेकिन साल 2021 में अचानक मेरठ की माटी की खुशबू उन्हें भारत खींच लाई। भारत लौटने के महज 4 महीने बाद ही उन्होंने जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ा और अपनी लोकप्रियता के दम पर निर्विरोध मेरठ के जिला पंचायत अध्यक्ष चुन लिए गए। मुख्यमंत्री आवास पर ‘विकास मॉडल’ की प्रेजेंटेशन के दौरान हुई थी पहली मुलाकात
इस जोड़े की प्रेम कहानी की शुरुआत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की वजह से हुई थी। दरअसल, सीएम योगी ने 2021 में जिलों के विकास मॉडल को लेकर एक विशेष प्रेजेंटेशन कार्यक्रम रखा था। चूंकि गौरव चौधरी जर्मनी से इंटरनेशनल बिजनेस का बड़ा अनुभव लेकर आए थे। मोनिका यादव के पास मल्टीनेशनल कंपनी का कॉर्पोरेट अनुभव था, इसलिए मुख्यमंत्री ने दोनों को उनकी इसी काबिलियत और विजन की वजह से विशेष रूप से बुलाया था। यूपी के पंचायती राज विभाग के कार्यालय में इस मीटिंग के दौरान दोनों की पहली मुलाकात हुई। विकास के मुद्दों पर शुरू हुई यह बातचीत धीरे-धीरे आगे बढ़ी। ——————- यह खबर भी पढ़िए:- पूर्व सपा नेता नवाब सिंह को 8 साल की सजा:गैंगस्टर मामले में कन्नौज कोर्ट का फैसला, नाबालिग से रेप का आरोपी भी है नाबालिग से रेप के आरोपी और पूर्व सपा नेता नवाब सिंह यादव और उसके भाई नीलू को गैंगस्टर मामले में 8-8 साल की सजा हुई है। कन्नौज कोर्ट ने शुक्रवार को इसी मामले में सहआरोपी पूजा तोमर को भी 6 साल की सजा सुनाई। कोर्ट ने नवाब और नीलू पर 10-10 लाख रुपए और पूजा तोमर पर 5 लाख का जुर्माना लगाया है। पढ़ें पूरी खबर…
मेरठ के कुसेड़ी गांव के रहने वाले गौरव चौधरी की कहानी बेहद दिलचस्प है। साल 2006 में वह ‘बैचलर ऑफ इंटरनेशनल बिजनेस’ की पढ़ाई करने जर्मनी गए थे। पढ़ाई पूरी करने के बाद वह वहीं सेटल हो गए और कड़ी मेहनत से वहां होटल्स, रियल एस्टेट और होलसेल स्टोर्स का एक बहुत बड़ा बिजनेस खड़ा किया। बिजनेस शिखर पर था, लेकिन साल 2021 में अचानक मेरठ की माटी की खुशबू उन्हें भारत खींच लाई। भारत लौटने के महज 4 महीने बाद ही उन्होंने जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ा और अपनी लोकप्रियता के दम पर निर्विरोध मेरठ के जिला पंचायत अध्यक्ष चुन लिए गए। मुख्यमंत्री आवास पर ‘विकास मॉडल’ की प्रेजेंटेशन के दौरान हुई थी पहली मुलाकात
इस जोड़े की प्रेम कहानी की शुरुआत मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की वजह से हुई थी। दरअसल, सीएम योगी ने 2021 में जिलों के विकास मॉडल को लेकर एक विशेष प्रेजेंटेशन कार्यक्रम रखा था। चूंकि गौरव चौधरी जर्मनी से इंटरनेशनल बिजनेस का बड़ा अनुभव लेकर आए थे। मोनिका यादव के पास मल्टीनेशनल कंपनी का कॉर्पोरेट अनुभव था, इसलिए मुख्यमंत्री ने दोनों को उनकी इसी काबिलियत और विजन की वजह से विशेष रूप से बुलाया था। यूपी के पंचायती राज विभाग के कार्यालय में इस मीटिंग के दौरान दोनों की पहली मुलाकात हुई। विकास के मुद्दों पर शुरू हुई यह बातचीत धीरे-धीरे आगे बढ़ी। ——————- यह खबर भी पढ़िए:- पूर्व सपा नेता नवाब सिंह को 8 साल की सजा:गैंगस्टर मामले में कन्नौज कोर्ट का फैसला, नाबालिग से रेप का आरोपी भी है नाबालिग से रेप के आरोपी और पूर्व सपा नेता नवाब सिंह यादव और उसके भाई नीलू को गैंगस्टर मामले में 8-8 साल की सजा हुई है। कन्नौज कोर्ट ने शुक्रवार को इसी मामले में सहआरोपी पूजा तोमर को भी 6 साल की सजा सुनाई। कोर्ट ने नवाब और नीलू पर 10-10 लाख रुपए और पूजा तोमर पर 5 लाख का जुर्माना लगाया है। पढ़ें पूरी खबर…